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गुजैनी गांव में बुखार से 24 बीमार
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Updated Wed, 04 Nov 2015 02:14 AM IST
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बर्रा केे गुजैनी गांव में भी 24 से ज्यादा लोग बुखार से बीमार हैं। क्षेत्र के प्रिंस (11) को चार दिन से बुखार आ रहा है। रविवार देररात हालत बिगड़ने पर परिवार वालों ने उसे पास के नर्सिंगहोम में भर्ती कराया।
मेडिकल कॉलेज में हुई जांच में प्रिंस को डेंगू होने की पुष्टि हुई है। इस तरह क्षेत्र की निशा, नितेश साहू, अमित साहू, राजा गुप्ता, पुष्पा, सरिता, सेजल, रोशनी, कृष्ण गोपाल, अर्जुन, सुभाष, शिवम गुप्ता, सत्यम, लक्ष्मी, गयाश्री, पप्पी देवी समेत 24 से ज्यादा लोग दो-तीन दिनों से बुखार से बीमार हैं। कई लोग तो घरों में ही इलाज करा रहे हैं।
व्यापारी नेता की मौत, 78 नए मरीज मिले
डेंगू से मंगलवार को कानपुर कपड़ा कमेटी के पूर्व अध्यक्ष उमेश रस्तोगी की मौत हो गई। डेंगू के 78 नए रोगी मिलने के स्थिति भयावह होती जा रही है। हैलट, उर्सला के डेंगू वार्ड फुल हैं। निजी अस्पतालों में भी डेंगू के सैकड़ों मरीजों का इलाज चल रहा है।
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विष्णुपुरी निवासी उमेश रस्तोगी (60) को 27 अक्तूबर को डेंगू की वजह से जीटी रोड स्थित एक नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया। वहां एक दिन में ही उनकी हालत बिगड़ गई। परिजन इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए 30 अक्तूबर को उमेश को एसजीपीजीआई, लखनऊ ले गए और वहां भर्ती कराकर इलाज शुरू कराया, जहां मंगलवार को सुबह उनकी मौत हो गई। वह चार बार कानपुर कपड़ा कमेटी के प्रधान सचिव भी रह चुके हैं।
उधर, जीएसवीएम मेडिकल कालेज के माइक्रोबायोलॉजी विभाग में बुखार के 122 मरीजों की जांच की गई। जांच में 78 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई। 41 मरीज सिर्फ हैलट और इससे संबद्ध अस्पतालों के हैं। इनमें से भी 14 मरीज ओपीडी में आए। उर्सला से जांच कराने आए 10 मरीजों में भी डेंगू पाया गया। इन सभी मरीजों और उनके तीमारदारों को मच्छरों से बचाव के समुचित इंतजाम करने की सलाह दी गई।
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मेडिकल कॉलेज में हुई जांच में प्रिंस को डेंगू होने की पुष्टि हुई है। इस तरह क्षेत्र की निशा, नितेश साहू, अमित साहू, राजा गुप्ता, पुष्पा, सरिता, सेजल, रोशनी, कृष्ण गोपाल, अर्जुन, सुभाष, शिवम गुप्ता, सत्यम, लक्ष्मी, गयाश्री, पप्पी देवी समेत 24 से ज्यादा लोग दो-तीन दिनों से बुखार से बीमार हैं। कई लोग तो घरों में ही इलाज करा रहे हैं।
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व्यापारी नेता की मौत, 78 नए मरीज मिले
डेंगू से मंगलवार को कानपुर कपड़ा कमेटी के पूर्व अध्यक्ष उमेश रस्तोगी की मौत हो गई। डेंगू के 78 नए रोगी मिलने के स्थिति भयावह होती जा रही है। हैलट, उर्सला के डेंगू वार्ड फुल हैं। निजी अस्पतालों में भी डेंगू के सैकड़ों मरीजों का इलाज चल रहा है।
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विष्णुपुरी निवासी उमेश रस्तोगी (60) को 27 अक्तूबर को डेंगू की वजह से जीटी रोड स्थित एक नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया। वहां एक दिन में ही उनकी हालत बिगड़ गई। परिजन इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए 30 अक्तूबर को उमेश को एसजीपीजीआई, लखनऊ ले गए और वहां भर्ती कराकर इलाज शुरू कराया, जहां मंगलवार को सुबह उनकी मौत हो गई। वह चार बार कानपुर कपड़ा कमेटी के प्रधान सचिव भी रह चुके हैं।
उधर, जीएसवीएम मेडिकल कालेज के माइक्रोबायोलॉजी विभाग में बुखार के 122 मरीजों की जांच की गई। जांच में 78 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई। 41 मरीज सिर्फ हैलट और इससे संबद्ध अस्पतालों के हैं। इनमें से भी 14 मरीज ओपीडी में आए। उर्सला से जांच कराने आए 10 मरीजों में भी डेंगू पाया गया। इन सभी मरीजों और उनके तीमारदारों को मच्छरों से बचाव के समुचित इंतजाम करने की सलाह दी गई।