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प्रबंध समिति की बैठक में नहीं सुलझा विवाद
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सिकंदरपुर। भारतीय शिक्षा सदन इंटर कालेज में प्रबंध समिति व प्रवक्ता अतुल दुबे के बीच दो साल से चल रहा विवाद डीआईओएस के प्रतिनिधि की मौजूदगी में तीन घंटे चली बैठक के बाद भी सुलझ नहीं सका।
डीआईओएस के प्रतिनिधि जीआईसी प्रधानाचार्य शिव मोहन सिंह कुशवाहा की मौजूदगी में रविवार को हुई बैठक में प्रबंध समिति के अध्यक्ष अर्जुन सिंह ने कहा कि एक माह प्रवक्ता पद पर ज्वाइन करने के बाद आचरण अच्छा होने पर ही अतुल दुबे को प्रधानाचार्य बनाया जाएगा।
शिव मोहन सिंह ने प्रबंध समिति के अध्यक्ष के निर्णय का समर्थन करते हुए कहा कि शिक्षक को अपना आचरण अनुकरणीय करना चाहिए। बताते चलें कि साल 2018 में प्रवक्ता अतुल दुबे को कार्यवाहक प्रधानाचार्य बनाया गया था।
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सात माह बाद कई आरोप लगाकर प्रबंध समिति ने उन्हें निलंबित कर दिया था, जिसके बाद यह प्रकरण डीआईओएस, जेडी के बाद उच्च न्यायालय तक पहुंचा। वहां आज भी मामला विचाराधीन है।
प्रबंधक सुरेंद्र दीक्षित ने बताया कि विद्यालय की गरिमा के साथ खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में दिनेश सिंह, राजेश मिश्रा, ठा. हरिहर सिंह, आदित्य सिंह, कौशलेंद्र सिंह यादव, प्रधानाचार्य सुरेंद्र नाथ कुरील, राजेश त्रिपाठी व सर्वेश मिश्रा सहित कई लोग मौजूद रहे।
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डीआईओएस के प्रतिनिधि जीआईसी प्रधानाचार्य शिव मोहन सिंह कुशवाहा की मौजूदगी में रविवार को हुई बैठक में प्रबंध समिति के अध्यक्ष अर्जुन सिंह ने कहा कि एक माह प्रवक्ता पद पर ज्वाइन करने के बाद आचरण अच्छा होने पर ही अतुल दुबे को प्रधानाचार्य बनाया जाएगा।
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शिव मोहन सिंह ने प्रबंध समिति के अध्यक्ष के निर्णय का समर्थन करते हुए कहा कि शिक्षक को अपना आचरण अनुकरणीय करना चाहिए। बताते चलें कि साल 2018 में प्रवक्ता अतुल दुबे को कार्यवाहक प्रधानाचार्य बनाया गया था।
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सात माह बाद कई आरोप लगाकर प्रबंध समिति ने उन्हें निलंबित कर दिया था, जिसके बाद यह प्रकरण डीआईओएस, जेडी के बाद उच्च न्यायालय तक पहुंचा। वहां आज भी मामला विचाराधीन है।
प्रबंधक सुरेंद्र दीक्षित ने बताया कि विद्यालय की गरिमा के साथ खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। बैठक में दिनेश सिंह, राजेश मिश्रा, ठा. हरिहर सिंह, आदित्य सिंह, कौशलेंद्र सिंह यादव, प्रधानाचार्य सुरेंद्र नाथ कुरील, राजेश त्रिपाठी व सर्वेश मिश्रा सहित कई लोग मौजूद रहे।