{"_id":"60c64e3b8ebc3eb5fd3588f0","slug":"painful-accident-death-of-three-people-of-the-same-family","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"कन्नौज : सड़क हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, खबर मिलने पर गांव में मातम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कन्नौज : सड़क हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, खबर मिलने पर गांव में मातम
Mon, 14 Jun 2021 12:00 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 14 Jun 2021 12:00 AM IST
सार
नोएडा में हुए सड़क हादसे में कन्नौज के एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई। इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
विज्ञापन
बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कन्नौज जिले के रनवां गांव में एक ही परिवार के तीन लोगों की सड़क हादसे में मौत की नोएडा से खबर आते ही कोहराम मच गया। जिस परिवार में सुबह तक जहां हंसी-खुशी का माहौल था, वहां अब मातम है। परिजनों ने बताया कि रनवां गांव निवासी प्रताप सिंह वर्ष 1990 में दिल्ली चले गए थे।
वहां फैक्टरी में काम करने लगे। इसके बाद उन्होंने अपनी पत्नी ऊषा और पुत्र सोनू को भी बुला लिया। दस साल पहले भतीजा सत्यपाल भी उसी फैक्टरी में काम करने लगा। ये लोग हर साल गांव घूमने आते थे। दो दिन पहले साली की मौत पर प्रताप सिंह परिवार के साथ हसेरन आए थे।
शनिवार की दोपहर साले संतोष के साथ रनवां गांव आ गए। शाम को कार से दिल्ली के लिए रवाना हुए। रविवार को प्रताप सिंह, उनकी पत्नी ऊषा, भतीजे सत्यपाल की सड़क हादसे में नोएडा के परी चौक के पास मौत की खबर गांव आई। सोनू और साला संतोष घायल हैं। मौत की खबर सुनते ही पूरा परिवार अवाक रह गया। थोड़ी देर बाद चीत्कार से पूरे गांव में मातम का माहौल छा गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
वहां फैक्टरी में काम करने लगे। इसके बाद उन्होंने अपनी पत्नी ऊषा और पुत्र सोनू को भी बुला लिया। दस साल पहले भतीजा सत्यपाल भी उसी फैक्टरी में काम करने लगा। ये लोग हर साल गांव घूमने आते थे। दो दिन पहले साली की मौत पर प्रताप सिंह परिवार के साथ हसेरन आए थे।
विज्ञापन
शनिवार की दोपहर साले संतोष के साथ रनवां गांव आ गए। शाम को कार से दिल्ली के लिए रवाना हुए। रविवार को प्रताप सिंह, उनकी पत्नी ऊषा, भतीजे सत्यपाल की सड़क हादसे में नोएडा के परी चौक के पास मौत की खबर गांव आई। सोनू और साला संतोष घायल हैं। मौत की खबर सुनते ही पूरा परिवार अवाक रह गया। थोड़ी देर बाद चीत्कार से पूरे गांव में मातम का माहौल छा गया।
विज्ञापन
परिवार पर दुखों का पहाड़
सत्यपाल की मौत से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। पत्नी मीरा देवी का रोरो का हाल बेहाल है। कक्षा चार में पढ़ने वाली पुत्र वंदना (9), कक्षा दो में पढ़ने वाला पुत्र रुचित (7), छोटे बेटे तन्नू (3) को यह पता नहीं कि पापा के साथ अचानक क्या हो गया। वृद्ध पिता मुन्नालाल, मां, एक भाई प्रमोद है।
बात मान लेते तो बच जाती जान
बड़े भाई मुन्नालाल ने बताया कि एक दिन रुक कर चले जाने को कहा था, लेकिन बात नहीं मानी। तुरंत आए और कुछ घंटे बाद दिल्ली के लिए चले गए। शायद रुक जाते तो अनहोनी टल जाती। मोहल्ले में चूल्हे नहीं जले। तीन लोगों की मौत की खबर आते ही ज्यादातर लोग वाहन की व्यवस्था कर दिल्ली के लिए रवाना हो गए। पूरे मोहल्ले में मातम पसरा रहा।
सत्यपाल की मौत से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। पत्नी मीरा देवी का रोरो का हाल बेहाल है। कक्षा चार में पढ़ने वाली पुत्र वंदना (9), कक्षा दो में पढ़ने वाला पुत्र रुचित (7), छोटे बेटे तन्नू (3) को यह पता नहीं कि पापा के साथ अचानक क्या हो गया। वृद्ध पिता मुन्नालाल, मां, एक भाई प्रमोद है।
बात मान लेते तो बच जाती जान
बड़े भाई मुन्नालाल ने बताया कि एक दिन रुक कर चले जाने को कहा था, लेकिन बात नहीं मानी। तुरंत आए और कुछ घंटे बाद दिल्ली के लिए चले गए। शायद रुक जाते तो अनहोनी टल जाती। मोहल्ले में चूल्हे नहीं जले। तीन लोगों की मौत की खबर आते ही ज्यादातर लोग वाहन की व्यवस्था कर दिल्ली के लिए रवाना हो गए। पूरे मोहल्ले में मातम पसरा रहा।