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Kannauj News: खिला बाजार, आज सजेगा बहना का प्यार
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संवाद न्यूज एजेंसी
कन्नौज। रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर बुधवार को इत्रनगरी का बाजार खरीदारी से खिलखिला उठा। बहनों ने भाइयों की कलाई सजाने के लिए तरह-तरह की राखियां खरीदीं। शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों के बाजारों में भी सुबह से रात तक गहमागहमी का नजारा देखने को मिला। गुरुवार को लंबी उम्र की कामना के साथ भाइयों की कलाई पर बहना का प्यार सजेगा। खासकर त्योहार को लेकर नन्हे-मुन्ने बच्चों का उत्साह देखते ही बना रहा है।
इस बार पूर्णिमा तिथि के साथ भद्र लगने से रक्षाबंधन को लेकर असमंजस के हालत बन गए थे। पर आचार्यों के ऐलान के बाद गुरुवार को धूमधाम के साथ मनाया जाएगा। त्योहार की पूर्व संध्या पर घरों से लेकर बाजारों तक में रौनक देखते ही बनी। सुबह से रात तक बहनों ने अपनी पसंद की राखियों की खरीदारी की। हालांकि आधुनिकता के दौर में भले ही फैशन और चमक-दमक वाली राखियां हर वर्ग को अपनी ओर मोहित कर रही हैं, मगर पर्व का प्रतीक रेशमी डोरी अभी भी बाजार में खूब बिक रही है। रेशम के धागों वाली राखी को हिंदू संस्कृति के अनुसार सबसे पवित्र माना जाता है, जिस कारण जरकन वाली राखी बिकने के साथ रेशम की राखी है। बच्चों ने भी छोटा भीम, डोरेमोन, स्पाइडरमैन के अलावा लाइटों वाली राखी जमकर खरीदी हैं। रक्षाबंधन के पर्व को देखते हुए कुछ दिन पहले ही दुकानदारों की ज्यादा से ज्यादा राखियां बिक चुकी हैं। इन सभी राखियों में जरकन वाली राखी सबसे अधिक बिकी ,जो 10 रुपये से लेकर 400 रुपये तक की रहीं। चमकती-दमकती राखियां युवाओं के लिए भी आकर्षण का केंद्र रही। साथ ही ज्वेलरी शॉप पर भी विभिन्न नक्काशी वाली राखियां पसंद की गई।
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पकवान का भी महत्व
रक्षाबंधन के पर्व पर अन्य त्योहारों की तरह खाने-पीने के विशेष पकवानों का महत्व होता है। राखी बंधाने तक बहनें व्रत रखती हैं। पुरोहित व आचार्य सुबह-सुबह यजमानों के घर पहुंचकर राखी बांधते हैं। यजमान से बदले में धन, वस्त्र और भोजन आदि प्राप्त करते हैं। यह पर्व भारतीय समाज में इतनी व्यापकता और गहराई से समाया हुआ है।
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चॉकलेट व ड्राई फ्रूट पैक की रही मांग
मिठाइयों के साथ-साथ बहनों ने चॉकलेट एवं ड्राई फ्रूट पैक को भी खूब पसंद किया। ब्रांडेड कंपनियों ने भी राखी के पर्व को भुनाने के लिए अलग-अलग चॉकलेट पैक बाजार में उतारे। जिनकी कीमत 60 से 600 रुपये तक है। ड्राई फूट के आकर्षक रूप से सजे पैक बाजार में अधिक बिक रहे हैं। सुबह से रात तक दुकानों पर खरीदारी चलती रही।
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कपड़ों की दुकानों पर रही रौनक
रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर साड़ियां, सूट की दुकानों पर भी खासी रौनक रही। कपड़ों की दुकानों पर भी खरीदारों का तांता लगा रहा। मार्केट में कई दुकानों पर सेल लगी है। इसके अलावा फेरी लगाने वालों की भी अच्छी सेल हो रही है।
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कन्नौज। रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर बुधवार को इत्रनगरी का बाजार खरीदारी से खिलखिला उठा। बहनों ने भाइयों की कलाई सजाने के लिए तरह-तरह की राखियां खरीदीं। शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों के बाजारों में भी सुबह से रात तक गहमागहमी का नजारा देखने को मिला। गुरुवार को लंबी उम्र की कामना के साथ भाइयों की कलाई पर बहना का प्यार सजेगा। खासकर त्योहार को लेकर नन्हे-मुन्ने बच्चों का उत्साह देखते ही बना रहा है।
इस बार पूर्णिमा तिथि के साथ भद्र लगने से रक्षाबंधन को लेकर असमंजस के हालत बन गए थे। पर आचार्यों के ऐलान के बाद गुरुवार को धूमधाम के साथ मनाया जाएगा। त्योहार की पूर्व संध्या पर घरों से लेकर बाजारों तक में रौनक देखते ही बनी। सुबह से रात तक बहनों ने अपनी पसंद की राखियों की खरीदारी की। हालांकि आधुनिकता के दौर में भले ही फैशन और चमक-दमक वाली राखियां हर वर्ग को अपनी ओर मोहित कर रही हैं, मगर पर्व का प्रतीक रेशमी डोरी अभी भी बाजार में खूब बिक रही है। रेशम के धागों वाली राखी को हिंदू संस्कृति के अनुसार सबसे पवित्र माना जाता है, जिस कारण जरकन वाली राखी बिकने के साथ रेशम की राखी है। बच्चों ने भी छोटा भीम, डोरेमोन, स्पाइडरमैन के अलावा लाइटों वाली राखी जमकर खरीदी हैं। रक्षाबंधन के पर्व को देखते हुए कुछ दिन पहले ही दुकानदारों की ज्यादा से ज्यादा राखियां बिक चुकी हैं। इन सभी राखियों में जरकन वाली राखी सबसे अधिक बिकी ,जो 10 रुपये से लेकर 400 रुपये तक की रहीं। चमकती-दमकती राखियां युवाओं के लिए भी आकर्षण का केंद्र रही। साथ ही ज्वेलरी शॉप पर भी विभिन्न नक्काशी वाली राखियां पसंद की गई।
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पकवान का भी महत्व
रक्षाबंधन के पर्व पर अन्य त्योहारों की तरह खाने-पीने के विशेष पकवानों का महत्व होता है। राखी बंधाने तक बहनें व्रत रखती हैं। पुरोहित व आचार्य सुबह-सुबह यजमानों के घर पहुंचकर राखी बांधते हैं। यजमान से बदले में धन, वस्त्र और भोजन आदि प्राप्त करते हैं। यह पर्व भारतीय समाज में इतनी व्यापकता और गहराई से समाया हुआ है।
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चॉकलेट व ड्राई फ्रूट पैक की रही मांग
मिठाइयों के साथ-साथ बहनों ने चॉकलेट एवं ड्राई फ्रूट पैक को भी खूब पसंद किया। ब्रांडेड कंपनियों ने भी राखी के पर्व को भुनाने के लिए अलग-अलग चॉकलेट पैक बाजार में उतारे। जिनकी कीमत 60 से 600 रुपये तक है। ड्राई फूट के आकर्षक रूप से सजे पैक बाजार में अधिक बिक रहे हैं। सुबह से रात तक दुकानों पर खरीदारी चलती रही।
कपड़ों की दुकानों पर रही रौनक
रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर साड़ियां, सूट की दुकानों पर भी खासी रौनक रही। कपड़ों की दुकानों पर भी खरीदारों का तांता लगा रहा। मार्केट में कई दुकानों पर सेल लगी है। इसके अलावा फेरी लगाने वालों की भी अच्छी सेल हो रही है।