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ठंड बढ़ने के साथ ही सर्दी-खांसी, त्वचा रोगी बढ़े
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तिर्वा। ठंड बढ़ने के साथ ही मेडिकल कालेज में खांसी-जुकाम के मरीज बढ़ गए हैं। इसके साथ ही रोजाना सर्दी-जुकाम, खांसी और त्वचा रोग के मरीज इलाज के लिए आ रहे हैं। ओपीडी में भीड़ लग रही है। रोजाना 700 से 800 मरीज इलाज कराने आ रहे हैं।
चार दिन से सुबह शाम ठंडक में तेजी आ गई है। ऐसे में मौसम के उतार-चढ़ाव के चलते और लापरवाही के कारण लोग बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कालेज में प्रतिदिन, खांसी और सर्दी से पीड़ित मरीज आ रहे हैं। कई मरीजों को सर्दी की चपेट मेें आने पर अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है। त्वचा रोग के 50 से बढ़कर रोगियों की संख्या करीब 100 के पार पहुंच गई है। वहीं शुक्रवार को कुल 918 मरीज ओपीडी में आए।
सीएमएस डॉ. दिलीप सिंह ने बताया कि मौसम के अनुसार मरीजों की संख्या बढ़ी है। बच्चों के बुखार को लेकर सतर्कता बरतने की जरूरत है। इधर-उधर न भटकें, सीधे सरकारी अस्पताल य फिर मेडिकल कालेज में आए और इलाज कराए। किसी मेडिकल स्टोर से दवा लेकर खाने से बीमारी बढ़ सकती है। ठंड में बच्चों को पूरी तरह से गर्म स्वेटर में बाहर निकालें। उन्होंने बताया कि आवश्यकतानुसार मरीजों को भर्ती किया जाता है। पूर्ण रूप से स्वस्थ होने के बाद ही मरीज को छुट्टी दी जाती है। बेड की कोई कमी नहीं है।
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चार दिन से सुबह शाम ठंडक में तेजी आ गई है। ऐसे में मौसम के उतार-चढ़ाव के चलते और लापरवाही के कारण लोग बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कालेज में प्रतिदिन, खांसी और सर्दी से पीड़ित मरीज आ रहे हैं। कई मरीजों को सर्दी की चपेट मेें आने पर अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है। त्वचा रोग के 50 से बढ़कर रोगियों की संख्या करीब 100 के पार पहुंच गई है। वहीं शुक्रवार को कुल 918 मरीज ओपीडी में आए।
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सीएमएस डॉ. दिलीप सिंह ने बताया कि मौसम के अनुसार मरीजों की संख्या बढ़ी है। बच्चों के बुखार को लेकर सतर्कता बरतने की जरूरत है। इधर-उधर न भटकें, सीधे सरकारी अस्पताल य फिर मेडिकल कालेज में आए और इलाज कराए। किसी मेडिकल स्टोर से दवा लेकर खाने से बीमारी बढ़ सकती है। ठंड में बच्चों को पूरी तरह से गर्म स्वेटर में बाहर निकालें। उन्होंने बताया कि आवश्यकतानुसार मरीजों को भर्ती किया जाता है। पूर्ण रूप से स्वस्थ होने के बाद ही मरीज को छुट्टी दी जाती है। बेड की कोई कमी नहीं है।
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