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बढ़े तापमान से गेहूं की फसल पर संकट

Thu, 25 Feb 2021 11:20 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 25 Feb 2021 11:20 PM IST
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badhe taapamaan se gehoon kee phasal par sankat
गुलाटी रोड के एक खेत में खड़ी गेहूं की फसल। - फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। बढ़े तापमान ने गेहूं की फसल पर संकट खड़ा कर दिया है। फूलती बाली को अनुकूल तापमान न मिलने से पैदावार गिरने की आशंका है। कृषि वैज्ञानिकों ने तापमान स्थिर रखने के लिए हल्की सिंचाई की सलाह दी है। इन दिनों अधिकतम तापमान 32 से 33 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है।
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जिले को इस बार 78 हजार हेक्टेयर में गेहूं की बुवाई का लक्ष्य मिला था। किसानों ने पिछले साल आलू में अधिक कीमत मिलती देख इस बार गेहूं को कम तवज्जो दी। इसके बाद भी रकबा करीब 52 हजार हेक्टेयर है। इस समय अधिकतम तापमान 32 से 33 डिग्री सेल्सियस पहुंच रहा है। यह सामान्य से चार डिग्री ज्यादा है। न्यूनतम तापमान 18 डिग्री के आसपास है। यह सामान्य से छह डिग्री ज्यादा है। मौसम का यह मिजाज गेहूं की फसल के लिए खासा नुकसानदायक है। गेहूं की बाली फूलने लगी हैं। बढ़ते तापमान से दाना पतला हो जाएगा। पैदावार भी गिरेगी। जिला कृषि अधिकारी राममिलन सिंह ने बताया कि बढ़ते तापमान में गेहूं की फ सल ज्यादा प्रभावित होती है। तापमान स्थिर रखने के लिए किसान हल्की सिंचाई करें। सिंचाई करने सेे फायदा मिलेगा।
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12 से 14 डिग्री रहे न्यूनतम तापमान
कृषि विज्ञान केंद्र अनौगी के मौसम वैज्ञानिक अमरेंद्र यादव ने बताया कि एक डिग्री तापमान बढ़ने से फ सलों में 10 फ ीसदी पानी की जरूरत बढ़ जाती है। लगातार सात दिन तक तापमान में बढ़ोतरी का असर फ सलों के लिए काफ ी होता है। दिन और रात के तापमान का फ सलों पर अलग-अलग प्रभाव होता है। गेहूं की फसल के लिए 12 से 14 डिग्री न्यूनतम तापमान रहना चाहिए। यह 18 पहुंच रहा है। किसान गेहूं की पैदावार बढ़ाने के लिए समय-समय पर हल्की सिंचाई करें। इससे गेहूं की बाली को बढ़ने में मदद मिलेगी।
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फसल में कीड़े लगने से भी होता है नुकसान
कृषि वैज्ञानिक डॉ. अमर सिंह ने बताया कि सामान्य से ज्यादा तापमान होने से सरसों व गेहूं की फ सल में रसचूसक कीड़े का प्रकोप हो जाता है। यह सरसों के फू ल से रस चूसते हैं। इससे फू ल नीचे गिर जाते। फ लियां नहीं आने से पैदावार प्रभावित होती है। यह कीड़ा गेहूं की फ सल में भी लगता है। बालियों का रस चूस लेता है। इसके चलते पौधा कमजोर हो जाता। इससे पैदावार गिरती है।
यूं रहा अधिकतम और न्यूनतम तापमान
तारीख अधिकतम न्यूनतम
20 फरवरी 26 11
21 फरवरी 27 12
22 फरवरी 28 14
23 फरवरी 31 15
24 फरवरी 32 16
25 फरवरी 33 18
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