{"_id":"61156f018ebc3e0d5a701888","slug":"action-kannauj-news-knp645916935","type":"story","status":"publish","title_hn":"चौदह सचिवों को सौंपी गई कन्या सुमंगला की जांच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चौदह सचिवों को सौंपी गई कन्या सुमंगला की जांच
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छिबरामऊ। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के 135 ऑनलाइन आवेदनों में पात्रता की जांच की जिम्मेदारी 14 सचिवों को सौंपी गई है। सचिवों को 24 घंटे के अंदर जांच पूरी कर रिपोर्ट समाज कल्याण कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
एडीओ समाज कल्याण सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जल्द ही मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना की वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए समीक्षा करेंगे। विकास खंड की 96 ग्राम पंचायतों से मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना में 135 आवेदन किए गए हैं। इनकी पात्रता की जांच करने के लिए सचिवों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
उन्होंने बताया कि पंचायत सचिव देवेंद्र पाल को 18, अनुज मिश्रा को सात, शिवांगी को 12, कौशलेंद्र यादव को 15, मुनीश बाबू को सात, शिवम पाठक को 23, प्रदीप यादव को आठ, रत्नांजलि को तीन, रामनरेश को छह, दीपक यादव को आठ, अजय मिश्रा को तीन, दिव्या व पवन यादव को नौ-नौ व विनय यादव को सात आवेदन सौंपे गए हैं। सचिवों को 24 घंटे के अंदर इनकी जांच पूरी कर रिपोर्ट समाज कल्याण विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
एडीओ समाज कल्याण सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जल्द ही मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना की वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए समीक्षा करेंगे। विकास खंड की 96 ग्राम पंचायतों से मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना में 135 आवेदन किए गए हैं। इनकी पात्रता की जांच करने के लिए सचिवों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि पंचायत सचिव देवेंद्र पाल को 18, अनुज मिश्रा को सात, शिवांगी को 12, कौशलेंद्र यादव को 15, मुनीश बाबू को सात, शिवम पाठक को 23, प्रदीप यादव को आठ, रत्नांजलि को तीन, रामनरेश को छह, दीपक यादव को आठ, अजय मिश्रा को तीन, दिव्या व पवन यादव को नौ-नौ व विनय यादव को सात आवेदन सौंपे गए हैं। सचिवों को 24 घंटे के अंदर इनकी जांच पूरी कर रिपोर्ट समाज कल्याण विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन