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देविन टोला में जल भरव की समस्या
Kannauj
Updated Thu, 10 May 2012 12:00 PM IST
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कन्नौज। देविनटोला के बाशिंदों को करीब एक साल से जलभराव की समस्या से जूझना पड़ रहा है। जलनिकासी की व्यवस्था न होने से तालाब का पानी घरों में घुस जाता है। गलियों के अभाव में लोगों को अपने घर पहुंचने के लिए जलभराव से गुजरना पड़ता है। कई बार पालिका प्रशासन की मासिक बैठक में इसका मुद्दा उठाया गया। लेकिन पालिका प्रशासन एक साल में भी तालाब के अतिरिक्त पानी की निकासी का कोई स्थायी समाधान नहीं खोज पाया है।
जलनिकासी की व्यवस्था न होने से बरसात ही नहीं बल्कि गर्मियों में भी जलभराव की समस्या बनी हुई है। मोहल्ले में समर्सिबल पंपों से हजारों लीटर पानी रोजाना नालियों में बहाया जाता है। इसके परिणामस्वरूप जलभराव से जूझना पड़ता है। कई बार पालिका प्रशासन द्वारा लाखों खर्च कर पंपिंग सेटों से तालाब का पानी निकाला गया। लेकिन नाला निर्माण न होने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। अब तो पालिका प्रशासन जलभराव की शिकायत करने वाले लोगों को अपना घर ऊंचा करने की सलाह दे रहा है।
देविनटोला में तालाब के पानी की निकासी की समस्या नई नहीं है। इसके लिए कई बार पालिका परिषद में बैठक के दौरान काफी गहमागहमी हो चुकी है। इसके अलावा मोहल्ले वासियों ने प्रशासन से लेकर शासन स्तर तक लिखापढ़ी की। लेकिन समस्या जस की तस रही। मुन्नीदेवी पत्नी सूरज प्रसाद दुबे ने पालिका के ईओ/एसडीएम सदर महेशचंद्र शर्मा कोे अवगत कराते हुए बताया कि शासन के निर्देश पर कागजों में तो इस मोहल्ले में जलभराव की समस्या दूर कर दी गयी लेकिन हकीकत में अभी भी मोहल्लेवासियों को नारकीय जीवन व्यतीत करना पड़ रहा है। पालिका प्रशासन ने 17 अक्तूबर 2011 को पत्र द्वारा उन्हें सूचित किया था कि इस समस्या से निजात दिलाने के लिए एक लाख सत्ताइस हजार की लागत से रोड व नाली का निर्माण कराया जाएगा। लेकिन 6 माह बीतने के बावजूद अभी तक काम शुरू नहीं हो सका है। बुधवार को उन्होंने दोबारा पत्र सौंपा।
जलनिकासी की व्यवस्था न होने से बरसात ही नहीं बल्कि गर्मियों में भी जलभराव की समस्या बनी हुई है। मोहल्ले में समर्सिबल पंपों से हजारों लीटर पानी रोजाना नालियों में बहाया जाता है। इसके परिणामस्वरूप जलभराव से जूझना पड़ता है। कई बार पालिका प्रशासन द्वारा लाखों खर्च कर पंपिंग सेटों से तालाब का पानी निकाला गया। लेकिन नाला निर्माण न होने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। अब तो पालिका प्रशासन जलभराव की शिकायत करने वाले लोगों को अपना घर ऊंचा करने की सलाह दे रहा है।
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देविनटोला में तालाब के पानी की निकासी की समस्या नई नहीं है। इसके लिए कई बार पालिका परिषद में बैठक के दौरान काफी गहमागहमी हो चुकी है। इसके अलावा मोहल्ले वासियों ने प्रशासन से लेकर शासन स्तर तक लिखापढ़ी की। लेकिन समस्या जस की तस रही। मुन्नीदेवी पत्नी सूरज प्रसाद दुबे ने पालिका के ईओ/एसडीएम सदर महेशचंद्र शर्मा कोे अवगत कराते हुए बताया कि शासन के निर्देश पर कागजों में तो इस मोहल्ले में जलभराव की समस्या दूर कर दी गयी लेकिन हकीकत में अभी भी मोहल्लेवासियों को नारकीय जीवन व्यतीत करना पड़ रहा है। पालिका प्रशासन ने 17 अक्तूबर 2011 को पत्र द्वारा उन्हें सूचित किया था कि इस समस्या से निजात दिलाने के लिए एक लाख सत्ताइस हजार की लागत से रोड व नाली का निर्माण कराया जाएगा। लेकिन 6 माह बीतने के बावजूद अभी तक काम शुरू नहीं हो सका है। बुधवार को उन्होंने दोबारा पत्र सौंपा।
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