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वोटों के तराजू पर ‘साइकिल-हाथी’ की तौल
amarujala
Updated Wed, 13 Jun 2018 01:23 AM IST
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- फोटो : demo
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लोकसभा और विधानसभा के उप चुनावों में एक के बाद एक मिली जीत से समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी उत्साहित हैं। आगामी लोकसभा चुनाव दोनों पार्टियां साथ मिलकर लड़ने जा रही हैं। सीटों के बंटवारे की बिसात बिछ चुकी है। माना जा रहा है कि बसपा प्रदेश की 40 और सपा 35 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। इनमें बुंदेलखंड की लोकसभा की चार सीटों में से दोनों पार्टियों के खाते में दो-दो सीटें आएंगी।
पिछले आम चुनाव में सपा, बसपा में से जिस पार्टी को जिस सीट पर ज्यादा वोट मिले थे, आगामी चुनाव में वहां से उस पार्टी का उम्मीदवार उतारा जाएगा। गठबंधन के इस फार्मूले के आधार पर झांसी-ललितपुर तथा हमीरपुर सीट से सपा और जालौन-गरौठा तथा बांदा सीट पर बसपा के चुनाव लड़ने की संभावना जताई जा रही है।
उल्लेखनीय है कि 2014 के लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड की चारों लोकसभा सीटों पर भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवारों ने जीत का परचम फहराया था। इनमें से दो सीटों पर समाजवादी पार्टी ने दूसरा स्थान हासिल किया था। झांसी-ललितपुर लोकसभा क्षेत्र से भाजपा की उमा भारती ने जीत दर्ज की थी। दूसरे स्थान पर समाजवादी पार्टी के डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव और तीसरे स्थान पर बसपा की अनुराधा शर्मा रही थीं। हमीरपुर सीट से भाजपा के कुं. पुष्पेंद्र सिंह चंदेल ने जीत हासिल की थी। यहां दूसरे स्थान पर सपा के विशंभर प्रसाद निषाद तीसरे पर बसपा के राकेश कुमार गोस्वामी रहे थे।
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वहीं, जालौन-गरौठा और बांदा संसदीय सीट पर बसपा दूसरे स्थान पर रही थी। जालौन-गरौठा सीट पर भाजपा के भानुप्रताप वर्मा जीते थे। बसपा के बृजलाल खाबरी दूसरे और सपा प्रत्याशी घनश्याम अनुरागी तीसरे स्थान पर रहे थे। इसी प्रकार बांदा सीट पर भाजपा के भैरो प्रसाद मिश्रा ने जीत दर्ज की थी। दूसरे नंबर पर बसपा के आरके सिंह पटेल तीसरे नंबर पर सपा के बाल कुमार पटेल रहे थे।
जानकारों का कहना है कि वोटों का यही गणित दोनों पार्टियों के बीच सीटों के बंटवारे का आधार बना है। हालांकि, इस पर अभी मुहर नहीं लगी है। लेकिन, अंदरखाने में दोनों पार्टियों ने इसी फार्मूले के आधार पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
तय है बंटवारे का फार्मूला
दोनों पार्टियों के बीच बंटवारे का फार्मूला तय है। पिछले चुनाव में जो जहां आगे रहा था, इस बार उसी पार्टी का प्रत्याशी उस सीट पर उतारा जाएगा। इस लिहाज से झांसी-ललितपुर और हमीरपुर सीट पर सपा तथा बांदा और जालौन-गरौठा सीट पर बसपा चुनाव लड़ेगी। हालांकि, अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व को ही लेना है, जो दोनों पार्टियों के बीच सर्वसम्मति से लिया जाएगा।
- डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव, सपा सांसद
जिसका जहां प्रभाव, वो लड़ेगा चुनाव
आगामी लोकसभा चुनाव समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी साथ में लड़ेंगी, यह तय है। लेकिन, सीटों के बंटवारे को लेकर अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। जिस पार्टी का जिस क्षेत्र में ज्यादा प्रभाव होगा, वहां से उसी पार्टी के उम्मीदवार को चुनाव लड़ाया जाएगा। पिछले चुनाव के वोटों के रिकॉर्ड को ध्यान में तो रखा जाएगा, परंतु फैसला वोटों के आधार पर नहीं लिया जाएगा।
- भूपेंद्र आर्या, बुंदेलखंड प्रभारी - बसपा
दो सीटों पर भारी पड़ सकता गठबंधन
पिछले लोकसभा चुनाव में मिले वोटों के गणित के आधार पर आगामी चुनाव में सपा और बसपा का गठबंधन बुंदेलखंड में भाजपा पर दो सीटों पर भारी पड़ सकता है। झांसी-ललितपुर संसदीय सीट पर भाजपा को 5,75,889 वोट मिले थे, जबकि बसपा और सपा के वोटों का जोड़ 5,99,214 रहा था। इसी तरह बांदा सीट पर भाजपा को 3,42,066 वोट मिले थे, जबकि सपा और बसपा के खाते में 4,16,008 वोट गए थे।
वहीं, जालौन-गरौठा सीट पर बसपा और सपा को मिले वोटों का कुल योग 4,42,350 रहा था, जबकि यहां से भाजपा को 5,48,631 वोट हासिल हुए थे। हमीरपुर में भी सपा और बसपा के वोटों के योग से भाजपा आगे रही थी। यहां सपा-बसपा को 3,63,452 वोट मिले थे, जबकि भाजपा के खाते में 4,53,884 वोट गए थे।
चारों खाने चित हुई थी कांग्रेस
2014 के लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड की चारों लोकसभा सीटों पर कांग्रेस चौथे स्थान पर रही थी। झांसी - ललितपुर संसदीय सीट पर कांग्रेस के प्रदीप जैन को 84,089, जालौन-गरौठा में विजय चौधरी को 82,903, बांदा में विवेक कुमार सिंह को 36,650 और हमीरपुर लोकसभा सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी को 78,229 वोटों से संतोष करना पड़ा था।
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पिछले आम चुनाव में सपा, बसपा में से जिस पार्टी को जिस सीट पर ज्यादा वोट मिले थे, आगामी चुनाव में वहां से उस पार्टी का उम्मीदवार उतारा जाएगा। गठबंधन के इस फार्मूले के आधार पर झांसी-ललितपुर तथा हमीरपुर सीट से सपा और जालौन-गरौठा तथा बांदा सीट पर बसपा के चुनाव लड़ने की संभावना जताई जा रही है।
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उल्लेखनीय है कि 2014 के लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड की चारों लोकसभा सीटों पर भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवारों ने जीत का परचम फहराया था। इनमें से दो सीटों पर समाजवादी पार्टी ने दूसरा स्थान हासिल किया था। झांसी-ललितपुर लोकसभा क्षेत्र से भाजपा की उमा भारती ने जीत दर्ज की थी। दूसरे स्थान पर समाजवादी पार्टी के डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव और तीसरे स्थान पर बसपा की अनुराधा शर्मा रही थीं। हमीरपुर सीट से भाजपा के कुं. पुष्पेंद्र सिंह चंदेल ने जीत हासिल की थी। यहां दूसरे स्थान पर सपा के विशंभर प्रसाद निषाद तीसरे पर बसपा के राकेश कुमार गोस्वामी रहे थे।
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वहीं, जालौन-गरौठा और बांदा संसदीय सीट पर बसपा दूसरे स्थान पर रही थी। जालौन-गरौठा सीट पर भाजपा के भानुप्रताप वर्मा जीते थे। बसपा के बृजलाल खाबरी दूसरे और सपा प्रत्याशी घनश्याम अनुरागी तीसरे स्थान पर रहे थे। इसी प्रकार बांदा सीट पर भाजपा के भैरो प्रसाद मिश्रा ने जीत दर्ज की थी। दूसरे नंबर पर बसपा के आरके सिंह पटेल तीसरे नंबर पर सपा के बाल कुमार पटेल रहे थे।
जानकारों का कहना है कि वोटों का यही गणित दोनों पार्टियों के बीच सीटों के बंटवारे का आधार बना है। हालांकि, इस पर अभी मुहर नहीं लगी है। लेकिन, अंदरखाने में दोनों पार्टियों ने इसी फार्मूले के आधार पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
तय है बंटवारे का फार्मूला
दोनों पार्टियों के बीच बंटवारे का फार्मूला तय है। पिछले चुनाव में जो जहां आगे रहा था, इस बार उसी पार्टी का प्रत्याशी उस सीट पर उतारा जाएगा। इस लिहाज से झांसी-ललितपुर और हमीरपुर सीट पर सपा तथा बांदा और जालौन-गरौठा सीट पर बसपा चुनाव लड़ेगी। हालांकि, अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व को ही लेना है, जो दोनों पार्टियों के बीच सर्वसम्मति से लिया जाएगा।
- डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव, सपा सांसद
जिसका जहां प्रभाव, वो लड़ेगा चुनाव
आगामी लोकसभा चुनाव समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी साथ में लड़ेंगी, यह तय है। लेकिन, सीटों के बंटवारे को लेकर अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। जिस पार्टी का जिस क्षेत्र में ज्यादा प्रभाव होगा, वहां से उसी पार्टी के उम्मीदवार को चुनाव लड़ाया जाएगा। पिछले चुनाव के वोटों के रिकॉर्ड को ध्यान में तो रखा जाएगा, परंतु फैसला वोटों के आधार पर नहीं लिया जाएगा।
- भूपेंद्र आर्या, बुंदेलखंड प्रभारी - बसपा
दो सीटों पर भारी पड़ सकता गठबंधन
पिछले लोकसभा चुनाव में मिले वोटों के गणित के आधार पर आगामी चुनाव में सपा और बसपा का गठबंधन बुंदेलखंड में भाजपा पर दो सीटों पर भारी पड़ सकता है। झांसी-ललितपुर संसदीय सीट पर भाजपा को 5,75,889 वोट मिले थे, जबकि बसपा और सपा के वोटों का जोड़ 5,99,214 रहा था। इसी तरह बांदा सीट पर भाजपा को 3,42,066 वोट मिले थे, जबकि सपा और बसपा के खाते में 4,16,008 वोट गए थे।
वहीं, जालौन-गरौठा सीट पर बसपा और सपा को मिले वोटों का कुल योग 4,42,350 रहा था, जबकि यहां से भाजपा को 5,48,631 वोट हासिल हुए थे। हमीरपुर में भी सपा और बसपा के वोटों के योग से भाजपा आगे रही थी। यहां सपा-बसपा को 3,63,452 वोट मिले थे, जबकि भाजपा के खाते में 4,53,884 वोट गए थे।
चारों खाने चित हुई थी कांग्रेस
2014 के लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड की चारों लोकसभा सीटों पर कांग्रेस चौथे स्थान पर रही थी। झांसी - ललितपुर संसदीय सीट पर कांग्रेस के प्रदीप जैन को 84,089, जालौन-गरौठा में विजय चौधरी को 82,903, बांदा में विवेक कुमार सिंह को 36,650 और हमीरपुर लोकसभा सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी को 78,229 वोटों से संतोष करना पड़ा था।