{"_id":"5d4ddebe1f1fb86d2a557a8ce14293b1","slug":"two-wards-boy-suspended-nurse-sought-clarification-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो वार्ड ब्वाय निलंबित, नर्स से मांगा स्पष्टीकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दो वार्ड ब्वाय निलंबित, नर्स से मांगा स्पष्टीकरण
ब्यूरो/ अमर उजाला
Updated Sun, 24 May 2015 12:46 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
झांसी। डायरेक्टर जनरल मेडिकल एजूकेशन डा. बी एन त्रिपाठी ने शनिवार को महारानी लक्ष्मी बाई मेडिकल कालेज के वार्डों का निरीक्षण किया। गंदगी पाए जाने पर उन्होंने दो वार्ड ब्वाय को निलंबित कर दिया, जबकि एक स्टाफ नर्स से स्पष्टीकरण तलब किया। उन्होंने आला अधिकारियों को व्यवस्थाओं को सुधारने के निर्देश दिए।
डायरेक्टर जनरल मेडिकल एजूकेशन डा. बी एन त्रिपाठी शनिवार को महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कालेज में चल रही पीजी पीडियाट्रिक्स की परीक्षा के परीक्षक बन कर आए थे। परीक्षा के पूर्व उन्होंने अस्पताल के वार्डों का निरीक्षण किया। इस दौरान वार्ड नंबर तीन के नर्स रूम में गंदगी पाए जाने पर उन्होंने मरीजों से जानकारी की। मरीज ने बताया कि नर्स सफाई का ध्यान नहीं रखती हैं, जिस कारण चारों ओर गंदगी रहती है। डीजीएमई ने वार्ड में तैनात स्टाफ नर्स से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश सीएमएस को दिए। यहां से वह वार्ड नंबर चार में गए। इस वार्ड में भी मरीजों के टेबल गंदे थे। एक टेबल पर गंदगी देख उन्होंने पास में खड़े दो वार्ड ब्वाय से सफाई करने को कहा, तो वार्ड ब्वाय टालमटोल करने लगे।
नाराज डीजीएमई ने दोनों वार्ड ब्वाय को निलंबित करने के निर्देश दिए।
वार्ड का निरीक्षण करने के बाद उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. हरीश आर्या से लेक्चरर पद पर तैनात नए डाक्टरों को वार्ड का संयोजक बनाने का सुझाव दिया, जिससे वार्ड की अव्यवस्थाओं को सुधारा जा सके। साथ ही नए लेक्चरर को सीएमएस के अधीन मेडिकल सुप्रिटेंडेंट बनाने के सुझाव दिए।
विज्ञापन
तत्पश्चात उन्होंने मेडिकल कालेज के प्रशासनिक भवन का निरीक्षण कर सीनियर डाक्टरों एवं प्राचार्य डा. ए के मल्होत्रा के साथ बैठक की, जिसमें कालेज व अस्पताल के संचालन में आने वाली समस्याओं को दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने मेडिकल कालेज की ओपीडी, इमरजेंसी, पांच सौ बेड का अस्पताल एवं पैरा मेडिकल कालेज का भी निरीक्षण किया।
विज्ञापन
डायरेक्टर जनरल मेडिकल एजूकेशन डा. बी एन त्रिपाठी शनिवार को महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कालेज में चल रही पीजी पीडियाट्रिक्स की परीक्षा के परीक्षक बन कर आए थे। परीक्षा के पूर्व उन्होंने अस्पताल के वार्डों का निरीक्षण किया। इस दौरान वार्ड नंबर तीन के नर्स रूम में गंदगी पाए जाने पर उन्होंने मरीजों से जानकारी की। मरीज ने बताया कि नर्स सफाई का ध्यान नहीं रखती हैं, जिस कारण चारों ओर गंदगी रहती है। डीजीएमई ने वार्ड में तैनात स्टाफ नर्स से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश सीएमएस को दिए। यहां से वह वार्ड नंबर चार में गए। इस वार्ड में भी मरीजों के टेबल गंदे थे। एक टेबल पर गंदगी देख उन्होंने पास में खड़े दो वार्ड ब्वाय से सफाई करने को कहा, तो वार्ड ब्वाय टालमटोल करने लगे।
विज्ञापन
नाराज डीजीएमई ने दोनों वार्ड ब्वाय को निलंबित करने के निर्देश दिए।
वार्ड का निरीक्षण करने के बाद उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. हरीश आर्या से लेक्चरर पद पर तैनात नए डाक्टरों को वार्ड का संयोजक बनाने का सुझाव दिया, जिससे वार्ड की अव्यवस्थाओं को सुधारा जा सके। साथ ही नए लेक्चरर को सीएमएस के अधीन मेडिकल सुप्रिटेंडेंट बनाने के सुझाव दिए।
विज्ञापन
तत्पश्चात उन्होंने मेडिकल कालेज के प्रशासनिक भवन का निरीक्षण कर सीनियर डाक्टरों एवं प्राचार्य डा. ए के मल्होत्रा के साथ बैठक की, जिसमें कालेज व अस्पताल के संचालन में आने वाली समस्याओं को दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने मेडिकल कालेज की ओपीडी, इमरजेंसी, पांच सौ बेड का अस्पताल एवं पैरा मेडिकल कालेज का भी निरीक्षण किया।