फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   Train no more than ten hours run driver

दस घंटे से अधिक ट्रेन नहीं चलाएंगे चालक

Fri, 04 Dec 2015 01:49 AM IST
ब्यूरो
ब्यूरो Updated Fri, 04 Dec 2015 01:49 AM IST
विज्ञापन
Train no more than ten hours run driver
झांसी। सर्दी के मौसम में पड़ने वाले कोहरा को देखते हुए रेलवे ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इस बार कोहरे में दस घंटे से अधिक समय तक चालकों से ट्रेन नहीं चलवाई जाएगी। मजबूरन रेल प्रशासन बीस प्रतिशत ट्रेनों को निरस्त करने की तैयारी कर रहा है।
विज्ञापन


रेल प्रशासन के लिए कोहरे में (पंद्रह दिसंबर से इकतीस जनवरी तक) ट्रेनों का संचालन चुनौती बन जाता है। कोहरे में अधिकांश ट्रेन दुर्घटनाएं रनिंग स्टाफ से अधिक  काम लेने से होती हैं। रेल मंडल में कोहरे की सबसे अधिक मार झांसी-दिल्ली सेक्शन में पड़ती है।
विज्ञापन


आम दिनों में रनिंग स्टाफ को झांसी से नई दिल्ली सवारी गाड़ी ले जाने में छह से आठ घंटे का समय लगता है। जबकि, कोहरे में यही दूरी तय करने में पंद्रह से अठारह घंटे लग जाते हैं। दस घंटे बाद चालक दल को एक-एक मिनट गुजारना भारी पड़ता है। ऐसे में वह सेक्शन खाली देख ट्रेन को दौड़ाना शुरू कर देते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


यही गलती अक्सर रेल दुर्घटना का कारण बन जाती है। झांसी से गुजरने वाले रेल ट्रैकों का संचालन मॉडीफाइड सेमी आटोमैटिक सिगनलिंग सिस्टम से जुड़ा हुआ है।

रेलवे बोर्ड ने इस बार साफ निर्देश दिए हैं कि ड्राइवर कोहरे में दस घंटे से अधिक ट्रेन नहीं चलाएगा। पंद्रह दिसंबर के पहले रनिंग स्टाफ के मेडिकल ड्यूज व अन्य प्रशिक्षण भी पूरे कराने के निर्देश दिए गए हैं। मालूम हो कि रेल मंडल में रोजाना एक सौ पच्चीस सवारी व सौ के लगभग मालगाड़ियों का संचालन होता है।

चालक व गार्डों को यह दिए गए निर्देश
लोको पायलट ऑटोमेटिक सिगनल को लाल होने की दशा में दिन में एक मिनट तथा रात में एवं कोहरे में दो मिनट रुकने के बाद अधिकतम 10 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से अगले सिगनल तक गाड़ी ले जाएंगे। गार्ड को ध्यान रखना होगा कि लोको पायलट निर्धारित गति से अधिक न चलें।


इसके साथ ही निर्धारित से अधिक गति पकड़ने या अन्य स्थितियों में लोको पायलट का ध्यान आकर्षित करने के लिए यथा शक्ति प्रयास करेंगे। आवश्यकता पड़ने पर गार्ड धीरे-धीरे ब्रेक लगाएंगे। जब गाड़ी किसी ऑटोमेटिक सिगनल के लाल होने पर नियमानुसार रुकेगी, तब गार्ड पीछे की ओर लाल सिगनल दिखाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed