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Jhansi News: कच्चे बिल के सहारे स्टील कंपनियां लगा रही थीं सरकारी खजाने को चपत
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अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। झांसी में कच्चे बिल के सहारे टैक्स चोरी के खेल का भी पर्दाफाश हुआ था। यह खेल करीब तीन साल से चल रहा था। नवंबर में वस्तु एवं सेवाकर महानिदेशालय (डीजीजीआई) एवं राज्य कर विभाग की एसआईबी की छानबीन में झांसी, दतिया में कच्चे बिल के नाम पर जीएसटी चोरी के खेल का खुलासा हुआ था। छानबीन में मालूम चला कि आईटीसी क्लेम करने के बाद कच्चे बिल फाड़कर फेंक दिए जाते थे। यह खेल झांसी, दतिया, सागर समेत झांसी के आसपास मध्य प्रदेश के कई जिलों में चल रहा था। सितंबर 2019 से जून 2023 के बीच कामधेनु और के-2 ब्रांड सरिया समेत मीनाक्षी मेटल इंडस्ट्रीज, मीना काशी मेटल इंडस्ट्रीज एलएलपी (झांसी व सागर यूनिट), मीना काशी री-रोलर्स प्राइवेट लिमिटेड (दतिया) को यह गड़बड़ी करते पकड़ा गया। जीएसटी अफसरों का कहना है कि सभी फर्मों से मिलाकर करीब सौ करोड़ रुपये की टैक्स चोरी उजागर हुई। उस दौरान यहां काम करने वाली जगदंबा स्टील, जय दुर्गा स्टील्स, समैया स्टील्स, वर्धमान स्टील्स, नेहा स्टील्स, ओएस स्टील्स, आर्यन स्टील्स समेत डेढ़ दर्जन स्टील कंपनियां जांच दायरे में आ गईं थी। इनकी जांच भी सेंट्रल जीएसटी टीम कर रही थी।
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झांसी। झांसी में कच्चे बिल के सहारे टैक्स चोरी के खेल का भी पर्दाफाश हुआ था। यह खेल करीब तीन साल से चल रहा था। नवंबर में वस्तु एवं सेवाकर महानिदेशालय (डीजीजीआई) एवं राज्य कर विभाग की एसआईबी की छानबीन में झांसी, दतिया में कच्चे बिल के नाम पर जीएसटी चोरी के खेल का खुलासा हुआ था। छानबीन में मालूम चला कि आईटीसी क्लेम करने के बाद कच्चे बिल फाड़कर फेंक दिए जाते थे। यह खेल झांसी, दतिया, सागर समेत झांसी के आसपास मध्य प्रदेश के कई जिलों में चल रहा था। सितंबर 2019 से जून 2023 के बीच कामधेनु और के-2 ब्रांड सरिया समेत मीनाक्षी मेटल इंडस्ट्रीज, मीना काशी मेटल इंडस्ट्रीज एलएलपी (झांसी व सागर यूनिट), मीना काशी री-रोलर्स प्राइवेट लिमिटेड (दतिया) को यह गड़बड़ी करते पकड़ा गया। जीएसटी अफसरों का कहना है कि सभी फर्मों से मिलाकर करीब सौ करोड़ रुपये की टैक्स चोरी उजागर हुई। उस दौरान यहां काम करने वाली जगदंबा स्टील, जय दुर्गा स्टील्स, समैया स्टील्स, वर्धमान स्टील्स, नेहा स्टील्स, ओएस स्टील्स, आर्यन स्टील्स समेत डेढ़ दर्जन स्टील कंपनियां जांच दायरे में आ गईं थी। इनकी जांच भी सेंट्रल जीएसटी टीम कर रही थी।