{"_id":"6ab198aab2845cc84c0bd927","slug":"political-uproar-again-over-controversial-hoardings-put-up-by-sp-leaders-jhansi-news-c-11-jhs1004-881915-2026-09-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jhansi News: सपा नेताओं के विवादित होर्डिंग लगाने पर फिर सियासी घमासान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jhansi News: सपा नेताओं के विवादित होर्डिंग लगाने पर फिर सियासी घमासान
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। सपा नेताओं के विवादित होर्डिंग लगाने पर फिर सियासी घमासान हो गया। सपा और माफिया का गठजोड़ दर्शाते हुए झांसी में कई जगहों पर रातों रात ऐसी विवादित होर्डिंग लग गए, जिनकी जानकारी होने पर सपाइयों ने उतरवाईं। इस तरह के होर्डिंग लगने के पीछे सपा अब सत्ताधारी पार्टी भाजपा को जिम्मेदार बता रही है। वहीं, भाजपा ने इस मामले में पल्ला झाड़ लिया है।
झांसी में इस तरह के होर्डिंग रविवार-सोमवार की दरम्यानी रात करीब दो बजे के आसपास लगाए गए। इनमें चार-चार होर्डिंग कचहरी चौराहा और जेल चौराहा पर लगे थे। इलाइट से पुलिस लाइन जाने वाले मार्ग पर भी दो होर्डिंग लगे थे। होर्डिंगों में सपा नेता आजम खां के अलावा मुख्तार अंसारी और अतीक अहमद के भी फोटो लगे हुए थे। इनमें लिखा था कि आजम, अतीक और मुख्तार, यही चलाते थे सरकार। होर्डिंगों में सपा और माफिया का गठजोड़ दर्शाते हुए स्लोगन भी लिखे थे। इसके अलावा झांसी के भी दो कद्दावर सपा नेताओं की फोटो के साथ भी होर्डिंग लगाए गए।
इसकी जानकारी होने पर सोमवार को सुबह तड़के पौने चार बजे आकाश यादव समेत कई सपा कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। उन्होंने एक-एक कर होर्डिंगों को उतरवाना शुरू कर दिया। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर सपाइयों ने वायरल किया। इस घटनाक्रम से जहां एक बार फिर झांसी का सियासी पारा गरमा गया। वहीं, सपा और भाजपा एक-दूसरे पर ही आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन
अगस्त में भाजपा पार्षद ने भी लगवाए थे होर्डिंग
13 अगस्त को झांसी में भाजपा पार्षद अमित राय की तरफ से भी होर्डिंग लगाए गए थे। इनमें झारखंड में पेपर लीक को लेकर सपा प्रमुख अखिलेश यादव और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा गया था। इस पर सपाइयों ने विरोध जताते हुए कई जगह होर्डिंग फाड़ दिए थे। फिर पार्षद की तहरीर पर सपा जिलाध्यक्ष बृजेंद्र यादव, युवजन सभा के जिलाध्यक्ष विश्व प्रताप सिंह समेत 10 लोगों पर नवाबाद थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई थी।
आमने-सामने
.................
यूपी ही नहीं पूरा देश जानता है कि सपा का हाथ माफिया के साथ है। भाजपा ने ऐसी कोई होर्डिंग नहीं लगवाई हैं। बल्कि, सपाइयों ने ही पहले ऐसी होर्डिंग लगाई फिर कुछ देर बाद उतारने पहुंच गए ताकि इसे राजनीतिक घटनाक्रम दिखाया जा सके।
- प्रदीप पटेल, जिलाध्यक्ष, भाजपा।
इस तरह के होर्डिंग लगाने के पीछे भाजपा है। चुनाव से पहले जनता को गुमराह करने के लिए बीजेपी इस तरह के होर्डिंग लगा रही है। ताकि, जरूरी मुद्दों से जनता का ध्यान भटके। सपा कार्यकर्ताओं ने ऐसी सभी होर्डिंग को लगते ही उतार दिया।
- बृजेंद्र यादव, जिलाध्यक्ष, सपा।
विज्ञापन
झांसी। सपा नेताओं के विवादित होर्डिंग लगाने पर फिर सियासी घमासान हो गया। सपा और माफिया का गठजोड़ दर्शाते हुए झांसी में कई जगहों पर रातों रात ऐसी विवादित होर्डिंग लग गए, जिनकी जानकारी होने पर सपाइयों ने उतरवाईं। इस तरह के होर्डिंग लगने के पीछे सपा अब सत्ताधारी पार्टी भाजपा को जिम्मेदार बता रही है। वहीं, भाजपा ने इस मामले में पल्ला झाड़ लिया है।
झांसी में इस तरह के होर्डिंग रविवार-सोमवार की दरम्यानी रात करीब दो बजे के आसपास लगाए गए। इनमें चार-चार होर्डिंग कचहरी चौराहा और जेल चौराहा पर लगे थे। इलाइट से पुलिस लाइन जाने वाले मार्ग पर भी दो होर्डिंग लगे थे। होर्डिंगों में सपा नेता आजम खां के अलावा मुख्तार अंसारी और अतीक अहमद के भी फोटो लगे हुए थे। इनमें लिखा था कि आजम, अतीक और मुख्तार, यही चलाते थे सरकार। होर्डिंगों में सपा और माफिया का गठजोड़ दर्शाते हुए स्लोगन भी लिखे थे। इसके अलावा झांसी के भी दो कद्दावर सपा नेताओं की फोटो के साथ भी होर्डिंग लगाए गए।
विज्ञापन
इसकी जानकारी होने पर सोमवार को सुबह तड़के पौने चार बजे आकाश यादव समेत कई सपा कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। उन्होंने एक-एक कर होर्डिंगों को उतरवाना शुरू कर दिया। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर सपाइयों ने वायरल किया। इस घटनाक्रम से जहां एक बार फिर झांसी का सियासी पारा गरमा गया। वहीं, सपा और भाजपा एक-दूसरे पर ही आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन
अगस्त में भाजपा पार्षद ने भी लगवाए थे होर्डिंग
13 अगस्त को झांसी में भाजपा पार्षद अमित राय की तरफ से भी होर्डिंग लगाए गए थे। इनमें झारखंड में पेपर लीक को लेकर सपा प्रमुख अखिलेश यादव और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा गया था। इस पर सपाइयों ने विरोध जताते हुए कई जगह होर्डिंग फाड़ दिए थे। फिर पार्षद की तहरीर पर सपा जिलाध्यक्ष बृजेंद्र यादव, युवजन सभा के जिलाध्यक्ष विश्व प्रताप सिंह समेत 10 लोगों पर नवाबाद थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई थी।
आमने-सामने
.................
यूपी ही नहीं पूरा देश जानता है कि सपा का हाथ माफिया के साथ है। भाजपा ने ऐसी कोई होर्डिंग नहीं लगवाई हैं। बल्कि, सपाइयों ने ही पहले ऐसी होर्डिंग लगाई फिर कुछ देर बाद उतारने पहुंच गए ताकि इसे राजनीतिक घटनाक्रम दिखाया जा सके।
- प्रदीप पटेल, जिलाध्यक्ष, भाजपा।
इस तरह के होर्डिंग लगाने के पीछे भाजपा है। चुनाव से पहले जनता को गुमराह करने के लिए बीजेपी इस तरह के होर्डिंग लगा रही है। ताकि, जरूरी मुद्दों से जनता का ध्यान भटके। सपा कार्यकर्ताओं ने ऐसी सभी होर्डिंग को लगते ही उतार दिया।
- बृजेंद्र यादव, जिलाध्यक्ष, सपा।