फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   More than three dengu paisent find

तीन और डेंगू के मरीज मिले, संख्या पहुंची आठ

Wed, 21 Oct 2020 01:57 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Wed, 21 Oct 2020 01:57 AM IST
विज्ञापन
More than three dengu paisent find
झांसी। कोरोना वायरस के बीच अब जिले में डेंगू का ग्राफ भी धीरे-धीरे बढ़ने लगा है। पिछले दो दिनों में तीन और मरीज सामने आए हैं। ऐसे में डेंगू के मामलों की संख्या बढ़कर आठ पहुंच गई है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने 20 कर्मचारियों को आउटसोर्सिंग पर रखकर घर-घर निगरानी शुरू कर दी है। टीम लार्वा मिलने पर उसे नष्ट करने की कार्रवाई करती है।
विज्ञापन

झांसी में सितंबर तक डेंगू बिल्कुल थमा हुआ था। सरकारी आंकड़ों में एक भी डेंगू का मरीज नहीं था। मगर पिछले बीस दिनों में सरकारी रिकॉर्ड में डेंगू के मरीजों की संख्या आठ हो गई है। डेंगू का सीजन नवंबर तक होता है। ऐसे में लोगों को बेहद सावधान रहने की जरूरत है, क्योंकि ब्लड बैंकों में रक्त का अकाल होने के चलते मरीजों को प्लेटलेट्स मिलने में भी दिक्कतें आ रही हैं। हालांकि, यह मामले कम होने के पीछे का एक बड़ा कारण मरीजों का सरकारी के बजाए निजी अस्पतालों में भर्ती होना भी है।
विज्ञापन

कोविड के डर से मरीज नर्सिंगहोमों में इलाज कराना ज्यादा पसंद कर रहे हैं। वहीं, निजी अस्पताल एंटीजन किट से डेंगू पॉजिटिव आने के बावजूद एलाइजा जांच के लिए मेडिकल कॉलेज की माइक्रोबायोलॉजी विभाग की लैब में सैंपल नहीं भेज रहे हैं। चूंकि, स्वास्थ्य विभाग बिना एलाइजा जांच के डेंगू पॉजिटिव मानता नहीं है। इसी वजह से आठ पॉजिटिव केस रिकॉर्ड में आए हैं। वहीं, जिला मलेरिया अधिकारी आरके गुप्ता ने बताया कि घर-घर जांच के लिए 20 आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को अलग से लगाया गया है, जो लार्वा मिलने पर नष्ट कर देते हैं। इस बार फॉगिंग और सैनिटाइजेशन के कारण डेंगू पूरी तरह नियंत्रण में है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ये हैं लक्षण
- इसके लक्षण तीन से 14 दिन बाद दिखते हैं।
- तेज बुखार के साथ शरीर के उभरे चकत्तों से खून रिसता है।
- पेट खराब, कमजोरी, दस्त, चक्कर, भूख न लगने की समस्या होती है।
- जब रोगी का तापक्रम सामान्य नहीं होता, तब रक्त में प्लेटलेट्स कम हो जाती हैं।
ऐसे करें बचाव
..................
- मच्छरों और लार्वा को खत्म कर दें।
- मच्छरों से बचें। वहां सोएं जहां मच्छर न हों या कपड़े ओढ़कर सोएं।
- घर के आसपास गड्ढों और पानी के एकत्र होने वाले स्थानों को पाट दें।
- छत की टंकी, टैंक, कूलर आदि का पानी सप्ताह में एक बार जरूर बदलें।
- मच्छर पैदा होने वाले स्थानों पर कीटनाशक का छिड़काव करें।
खानपान पर दें ध्यान
.........................
- सादा भोजन का सेवन करें, जिसमें नमक स्वाद से अधिक न हो।
- अनार, ज्वार, गेहूं की घास का रस पीएं।
- ताजे मौसमी फलों का सेवन करें।
- नारियल पानी और साफ पानी पीएं।
- विटामिन सी से युक्त फलों का सेवन करें।
- पपीते के पत्तों का रस बनाकर दो-तीन बार पीएं।
ये हैं संवेदनशील क्षेत्र
..........................
- नगरा, हंसारी, नई बस्ती, तालपुरा, खुशीपुरा व शिवाजी नगर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed