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Jhansi News: नाबालिग के अपहरण के आरोप में दरोगा नामजद
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अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। कोतवाली में दरोगा रमाकांत यादव के खिलाफ नाबालिग के अपहरण समेत अन्य गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। यह रिपोर्ट कोर्ट के आदेश के बाद दर्ज की गई।
गुरसराय निवासी एक महिला ने अपनी नाबालिग पुत्री के साथ छेड़खानी के आरोप में पॉक्सो एक्ट के तहत गुरसराय थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़िता की मां का कहना है कि 10 अप्रैल 2024 को उसे और पीड़िता को दरोगा रमाकांत यादव बयान दर्ज कराने के लिए झांसी लेकर आए। शाम चार बजे मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज कराने के बाद दरोगा ने उनको गांव वापस जाने नहीं दिया। शाम करीब 6:45 बजे रमाकांत यादव वापस आए और पुत्री को वन स्टॉप सेंटर भेज दिया। दो दिन तक पीड़िता वन स्टाॅप सेंटर में रही। 12 अप्रैल को पीड़िता को जाने दिया गया।
दरोगा की वजह से पीड़िता को जानबूझकर वन स्टॉप सेंटर पर रखा गया। दरोगा रमाकांत की भूमिका पर कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि दरोगा को पाॅक्सो एक्ट की जानकारी नहीं थी। कोर्ट ने एसएसपी को दरोगा रमाकांत को पॉक्सो एक्ट की ट्रेनिंग दिलाने के भी निर्देश दिए। पीड़िता को दरोगा के वेतन से पांच हजार रुपये की कटौती करके देने का भी आदेश दिया। कोतवाली पुलिस ने पीड़िता की मां की तहरीर पर आरोपी दरोगा के खिलाफ आईपीसी की धारा 342 एवं 363 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली है। थाना प्रभारी शैलेंद्र सिंह के मुताबिक विवेचना कराई जा रही है।
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झांसी। कोतवाली में दरोगा रमाकांत यादव के खिलाफ नाबालिग के अपहरण समेत अन्य गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। यह रिपोर्ट कोर्ट के आदेश के बाद दर्ज की गई।
गुरसराय निवासी एक महिला ने अपनी नाबालिग पुत्री के साथ छेड़खानी के आरोप में पॉक्सो एक्ट के तहत गुरसराय थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़िता की मां का कहना है कि 10 अप्रैल 2024 को उसे और पीड़िता को दरोगा रमाकांत यादव बयान दर्ज कराने के लिए झांसी लेकर आए। शाम चार बजे मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज कराने के बाद दरोगा ने उनको गांव वापस जाने नहीं दिया। शाम करीब 6:45 बजे रमाकांत यादव वापस आए और पुत्री को वन स्टॉप सेंटर भेज दिया। दो दिन तक पीड़िता वन स्टाॅप सेंटर में रही। 12 अप्रैल को पीड़िता को जाने दिया गया।
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दरोगा की वजह से पीड़िता को जानबूझकर वन स्टॉप सेंटर पर रखा गया। दरोगा रमाकांत की भूमिका पर कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि दरोगा को पाॅक्सो एक्ट की जानकारी नहीं थी। कोर्ट ने एसएसपी को दरोगा रमाकांत को पॉक्सो एक्ट की ट्रेनिंग दिलाने के भी निर्देश दिए। पीड़िता को दरोगा के वेतन से पांच हजार रुपये की कटौती करके देने का भी आदेश दिया। कोतवाली पुलिस ने पीड़िता की मां की तहरीर पर आरोपी दरोगा के खिलाफ आईपीसी की धारा 342 एवं 363 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली है। थाना प्रभारी शैलेंद्र सिंह के मुताबिक विवेचना कराई जा रही है।
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