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Jhansi News: बालिका से छेड़खानी करने वाले को चार साल का कारावास
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संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। चार साल पहले बालिका से छेड़खानी करने वाले को विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) अनुभव द्विवेदी ने चार साल के कठोर का कारावास की सजा सुनाई। उस पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक सकरार थाने के एक गांव की रहने वाली 12 वर्षीय बालिका 12 जनवरी 2021 को गाय भगाने जा रही थी, तभी वह ठोकर खाकर गिर गई। पास में मौजूद गांव का देवी सिंह सोलंकी आया। उसने बालिका को जमीन से उठाया और उससे छेड़खानी की। पुलिस ने देवी सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। सकरार पुलिस ने देवी सिंह को गिरफ्तार करने के साथ आरोप पत्र दाखिल किया था। बुधवार को विशेष न्यायाधीश एडीजे क्रमांक-2 अनुभव द्विवेदी की अदालत ने देवी सिंह को दोषी मानते हुए चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
काम नहीं आई दलील :
बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने न्यायालय में तर्क दिया कि देवी सिंह के घर में कोई कमाने वाला नहीं है। उसे परिवीक्षा अवधि का लाभ दिया जाए लेकिन विशेष लोक अभियोजक चंद्रप्रकाश शर्मा ने दलील दी कि उसने नाबालिग से छेड़खानी की है। उसका कृत्य परिवीक्षा देने के योग्य नहीं है। इस आधार पर उसे कठोर सजा दी गई।
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झांसी। चार साल पहले बालिका से छेड़खानी करने वाले को विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) अनुभव द्विवेदी ने चार साल के कठोर का कारावास की सजा सुनाई। उस पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक सकरार थाने के एक गांव की रहने वाली 12 वर्षीय बालिका 12 जनवरी 2021 को गाय भगाने जा रही थी, तभी वह ठोकर खाकर गिर गई। पास में मौजूद गांव का देवी सिंह सोलंकी आया। उसने बालिका को जमीन से उठाया और उससे छेड़खानी की। पुलिस ने देवी सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। सकरार पुलिस ने देवी सिंह को गिरफ्तार करने के साथ आरोप पत्र दाखिल किया था। बुधवार को विशेष न्यायाधीश एडीजे क्रमांक-2 अनुभव द्विवेदी की अदालत ने देवी सिंह को दोषी मानते हुए चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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काम नहीं आई दलील :
बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने न्यायालय में तर्क दिया कि देवी सिंह के घर में कोई कमाने वाला नहीं है। उसे परिवीक्षा अवधि का लाभ दिया जाए लेकिन विशेष लोक अभियोजक चंद्रप्रकाश शर्मा ने दलील दी कि उसने नाबालिग से छेड़खानी की है। उसका कृत्य परिवीक्षा देने के योग्य नहीं है। इस आधार पर उसे कठोर सजा दी गई।
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