फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   Don't look silent, how can you send the victory of cow?

जनता ने अपने पैसे से लड़ा दाऊ का चुनाव

Tue, 08 Feb 2022 01:21 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Tue, 08 Feb 2022 01:21 AM IST
विज्ञापन
Don't look silent, how can you send the victory of cow?
झांसी। बाबूलाल तिवारी जिन्हें झांसी के लोग प्यार से दाऊ कहकर बुलाते थे। दाऊ यानी बड़े भाई। ईमानदारी तो ऐसी कि आज भी लोग उनकी मिसाल देते हैं। सत्तर के दशक में इंदिरा गांधी उन्हें झांसी सदर से विधायक का चुनाव लड़ाना चाहती थीं, प्रदेश नेतृत्व ने उन्हें अवगत कराया तो दाऊ ने अपने आर्थिक अभावों का हवाला देकर चुनाव लड़ने से मना कर दिया। इसकी भनक जब झांसी के कांग्रेस कार्यकर्ताओं व अन्य लोगों को लगी तो उन्होंने बाबूलाल तिवारी के घर पर पहुंचकर उन्हें भरोसा दिलाया कि आप चुनाव लड़ें, चुनाव में जो भी खर्च होगा कांग्रेस के कार्यकर्ता व शहर के लोग लगाएंगे। हुआ भी ऐसा ही। चुनाव प्रचार से लेकर खाने- पीने के इंतजाम तक सब जनता ने किया और बाबूलाल तिवारी ने अपने प्रतिद्वंद्वियों को लंबे अंतर से हराया। एक छोटे से घर में रहकर सिर्फ दो जोड़ी कुर्ता पायजामा में साधारण सी जिंदगी जीने वाले बाबूलाल तिवारी को पता भी नहीं चला कि वह कब विधायक बन गए।
विज्ञापन

विधायक बनने के बाद भी दाऊ इतने सरल और सहज रहे कि कभी भी किसी भी चायपान की दुकान या बाजार में घूमते हुए लोगों को उपलब्ध हो जाते थे। एक बार नगर पालिका अध्यक्ष और एक बार विधायक रहने के बाद भी अंतिम समय तक उनके आर्थिक हालातों में कोई बदलाव नहीं आया। झांसी की सियासत में उनकी ईमानदारी और जनता के प्रति सेवा और समर्पण के किस्से आज भी सुनाए जाते हैं। उनके परिवार के ही सुरेश चंद्र तिवारी बताते हैं जब दाऊ ने चुनाव लड़ा तो एक नारा खूब चला था, मौं न देखो काऊ का जिता कै भेजो दाऊ खौं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed