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बीयू : कुलपति ने बताया कहां खर्च होंगे मेरू के तहत आए 25 करोड़
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अमर उजाला ब्यूरोझांसी। बुंदेलखंड विवि अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए पांच रिसर्च सेंटर शुरू करने जा रहा है। इसके लिए पीएम ऊषा (प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान) के मेरू (बहु-विषयक शिक्षा और अनुसंधान) के तहत पहली किश्त स्वीकृत हो गई है, जो जल्द मिलेगी।
कुलपति प्रो. मुकेश पांडेय ने बताया कि बीयू को मेरू के तहत 100 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। जो निर्माण, नवीनीकरण, शोध के उपकरण आदि पर खर्च होंगे। उन्होंने बताया पहले चरण की 25 फीसदी धनराशि जल्द विवि को मिलने वाली है। इसका भुगतान सिंगल नोडल एजेंसी के तहत स्पर्श पोर्टल से होगा। पहले चरण की धनराशि से बिजनेस इनोवेशन पार्क, मल्टी डिसिप्लेनरी सेंटर, डिजिटल रिसर्च एंड एप्लीकेशन सेंटर, डिफेंस स्टडीज सेंटर और मिलेट्स रिसर्च सेंटर बनाया जाएगा। डिफेंस स्टडीज सेंटर और मिलेट्स रिसर्च सेंटर बनने के बाद कई नये पाठ्यक्रमों को भी शुरू किया जाएगा। इससे पाठ्यक्रम, शिक्षकों के प्रशिक्षण, बुनियादी ढांचे, मान्यता और रोजगार क्षमता में सुधार होगा। छात्रों के लिए कौशल-आधारित शिक्षा शुरू होगी। उन्होंने बताया कि मेरू के तहत स्वीकृत 60 फीसदी धनराशि केंद्र सरकार और 40 फीसदी राज्य सरकार से मिलती है।
कुलपति प्रो. मुकेश पांडेय ने बताया कि बीयू को मेरू के तहत 100 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। जो निर्माण, नवीनीकरण, शोध के उपकरण आदि पर खर्च होंगे। उन्होंने बताया पहले चरण की 25 फीसदी धनराशि जल्द विवि को मिलने वाली है। इसका भुगतान सिंगल नोडल एजेंसी के तहत स्पर्श पोर्टल से होगा। पहले चरण की धनराशि से बिजनेस इनोवेशन पार्क, मल्टी डिसिप्लेनरी सेंटर, डिजिटल रिसर्च एंड एप्लीकेशन सेंटर, डिफेंस स्टडीज सेंटर और मिलेट्स रिसर्च सेंटर बनाया जाएगा। डिफेंस स्टडीज सेंटर और मिलेट्स रिसर्च सेंटर बनने के बाद कई नये पाठ्यक्रमों को भी शुरू किया जाएगा। इससे पाठ्यक्रम, शिक्षकों के प्रशिक्षण, बुनियादी ढांचे, मान्यता और रोजगार क्षमता में सुधार होगा। छात्रों के लिए कौशल-आधारित शिक्षा शुरू होगी। उन्होंने बताया कि मेरू के तहत स्वीकृत 60 फीसदी धनराशि केंद्र सरकार और 40 फीसदी राज्य सरकार से मिलती है।
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