जौनपुर। उत्तर प्रदेश पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट परिसर में धरना प्रदर्शन किया। सफाई कर्मचारियों ने गांवों में सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने के लिए सफाई कर्मियों की उपस्थिति ऑनलाइन साफ्टवेयर पर दर्ज कराने को लेकर विरोध शुरू किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि इस व्यवस्था को समाप्त नहीं किया गया तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल को बाध्य होंगे।
संगठन के अध्यक्ष संजय कुमार चौधरी ने कहा कि अधिकतर सफाई कर्मचारी अशिक्षित हैं। इसके साथ ही उनके पास एंड्रायड मोबाइल फोन भी नहीं है। ऐसे में कैसे हाजिरी लगा सकेंगे। संगठन के मंत्री शिवकुमार यादव ने इसे तुगलकी फरमान बताते हुए इस पर तुरंत रोक लगाने की मांग की। कहा कि सफाई कर्मी अपना कार्य पूरी निष्ठा व ईमानदारी के साथ कर रहे हैं। बावजूद इसके उन्हें तरह-तरह से परेशान किया जा रहा है। नई व्यवस्था का विरोध करने पर चार सफाई कर्मचारियों के हुए तबादले को भी लेकर नाराजगी व्यक्त की गई। उधर, प्रशासन की ओर से इस व्यवस्था को अनिवार्य रूप से लागू कर दिया गया है। इसके साथ ही नियम का अनुपालन न करने वालों पर कार्रवाई की भी तैयारी की गई है। इस दौरान राजपति गौतम, इंदू देवी, अंजू गौतम, रीना सिंह, बीके शर्मा, प्रमिला, पंकज यादव, अनिल यादव आदि मौजूद थे।