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Jaunpur News: अवसाद से बचने के लिए नकारात्मकता से रहें दूर
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वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के नशा मुक्त एवं पुनर्वास केंद्र की ओर से मिशन ड्रग फ्री कैंपस एंड सोसाइटी के तहत नशा मुक्ति जन जागरूकता पखवाड़ा का आयोजन किया गया। तनाव प्रबंधन में योग की भूमिका विषय पर आयोजित ई-कार्यशाला में वक्ताओं ने विचार रखे।
मुख्य वक्ता नैदानिक मनोवैज्ञानिक पायल जायसवाल ने कहा कि हमें नकारात्मक चीजों को इनकार करना सीखना होगा। अवसाद और उसके प्रकार, प्रभाव और उससे बचने के लिए प्रयुक्त होने वाले विभिन्न युक्तियों के बारे में बताया। विभिन्न मुद्राएं जैसे हठ योग, योग निद्रा, प्राणायाम, नाड़ी शोधन इत्यादि के प्रभाव को इस क्षेत्र में होने वाले नवीनतम शोध के माध्यम से बताया। उन्होंने कहा कि हमें अवसाद से बचने के लिए खुद को नकारात्मकता से दूर रखना चाहिए और योग उसका सर्वोत्तम माध्यम है।
इस अवसर पर आर्ट ऑफ लिविंग के योग प्रशिक्षक राजेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि मुस्कराने से चेहरे की 32 मांसपेशियां का क्रियान्वयन होता है, जिससे हमारे चेहरे का निखार बढ़ता है। अध्यक्षता कर रहे प्रो. अविनाश पाथर्डीकर ने कहा कि क्रोध से मनुष्य के ज्ञान का क्षय होता है। छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. अजय द्विवेदी व समन्वयक डॉ. मनोज कुमार पाण्डेय ने भी संबोधित किया। इस मौके पर प्रो. विक्रम देव शर्मा, डॉ. कुमुद श्रीवास्तव, सैनट थॉमस, अवनीश विश्वकर्मा मौजूद रहे।
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मुख्य वक्ता नैदानिक मनोवैज्ञानिक पायल जायसवाल ने कहा कि हमें नकारात्मक चीजों को इनकार करना सीखना होगा। अवसाद और उसके प्रकार, प्रभाव और उससे बचने के लिए प्रयुक्त होने वाले विभिन्न युक्तियों के बारे में बताया। विभिन्न मुद्राएं जैसे हठ योग, योग निद्रा, प्राणायाम, नाड़ी शोधन इत्यादि के प्रभाव को इस क्षेत्र में होने वाले नवीनतम शोध के माध्यम से बताया। उन्होंने कहा कि हमें अवसाद से बचने के लिए खुद को नकारात्मकता से दूर रखना चाहिए और योग उसका सर्वोत्तम माध्यम है।
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इस अवसर पर आर्ट ऑफ लिविंग के योग प्रशिक्षक राजेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि मुस्कराने से चेहरे की 32 मांसपेशियां का क्रियान्वयन होता है, जिससे हमारे चेहरे का निखार बढ़ता है। अध्यक्षता कर रहे प्रो. अविनाश पाथर्डीकर ने कहा कि क्रोध से मनुष्य के ज्ञान का क्षय होता है। छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. अजय द्विवेदी व समन्वयक डॉ. मनोज कुमार पाण्डेय ने भी संबोधित किया। इस मौके पर प्रो. विक्रम देव शर्मा, डॉ. कुमुद श्रीवास्तव, सैनट थॉमस, अवनीश विश्वकर्मा मौजूद रहे।
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