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कुपोषित बच्चों की खोज शुरू, पहले दिन 65 हजार बच्चों का हुआ वजन
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कुपोषित बच्चों को कोरोना की तीसरी लहर से सुरक्षित करने का कार्य शुरू कर दिया गया है। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग पोषण संवर्धन की ओर से बृहस्पतिवार से 24 जून तक अभियान शुरू किया गया है। इसके तहत आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं द्वारा शून्य से लेकर पांच साल तक के बच्चों का वजन किया जा रहा है। इसके बाद वजन के आधार पर कुपोषित व अति कुपोषित बच्चों को चिह्नित किया जाएगा। पहले दिन बृहस्पतिवार को 65 हजार बच्चों का वजन किया गया।
जिले में 5,321 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इन केंद्रों पर वर्तमान में शून्य से पांच वर्ष तक के साढ़े चार लाख बच्चे पंजीकृत हैं। वहीं, 22 हजार 500 बच्चे कुपोषित हैं, जबकि 6 हजार 500 बच्चे अति कुपोषित हैं। नये चिह्नित बच्चों को कोरोना की तीसरी लहर से बचाने के लिए बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग पोषण संवर्धन की ओर एक कदम के तहत अभियान शुरू किया है। जिसके तहत आंगनबाड़ी केंद्रों पर शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चों का वजन किया जा रहा है। इसमें जो कुपोषित बच्चे मिलेंगे, उन्हें चिह्नित किया जाएगा। इसके बाद विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ दिलाकर स्वस्थ किया जाएगा।
उधर, जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा और सीडीओ अनुपम शुक्ला ने सिरकोनी ब्लाक के नाथूपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय रामनगर के केंद्र का निरीक्षण किया, जबकि जिला कार्यक्रम अधिकारी ने खुद सिकरारा ब्लाक के सैदनपुर गांव के आंगनबाड़ी केंद्र पर पहुंचकर बच्चों का वजन कराया।
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वर्जन...
- कोरोना से बच्चों को सुरक्षित करने के लिए शासन के निर्देश पर जिले में 24 जून तक पोषण संवर्धन की ओर एक कदम के तहत अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत शून्य से पांच वर्ष के बच्चों का वजन किया जा रहा है। इस दौरान कुपोषित पाए जाने वाले बच्चों को स्वस्थ बनाने का कार्य किया जाएगा। पहले दिन बृहस्पतिवार को 65 हजार बच्चों का वजन किया गया है। - राकेश कुमार मिश्रा, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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जिले में 5,321 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इन केंद्रों पर वर्तमान में शून्य से पांच वर्ष तक के साढ़े चार लाख बच्चे पंजीकृत हैं। वहीं, 22 हजार 500 बच्चे कुपोषित हैं, जबकि 6 हजार 500 बच्चे अति कुपोषित हैं। नये चिह्नित बच्चों को कोरोना की तीसरी लहर से बचाने के लिए बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग पोषण संवर्धन की ओर एक कदम के तहत अभियान शुरू किया है। जिसके तहत आंगनबाड़ी केंद्रों पर शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चों का वजन किया जा रहा है। इसमें जो कुपोषित बच्चे मिलेंगे, उन्हें चिह्नित किया जाएगा। इसके बाद विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ दिलाकर स्वस्थ किया जाएगा।
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उधर, जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा और सीडीओ अनुपम शुक्ला ने सिरकोनी ब्लाक के नाथूपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय रामनगर के केंद्र का निरीक्षण किया, जबकि जिला कार्यक्रम अधिकारी ने खुद सिकरारा ब्लाक के सैदनपुर गांव के आंगनबाड़ी केंद्र पर पहुंचकर बच्चों का वजन कराया।
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वर्जन...
- कोरोना से बच्चों को सुरक्षित करने के लिए शासन के निर्देश पर जिले में 24 जून तक पोषण संवर्धन की ओर एक कदम के तहत अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत शून्य से पांच वर्ष के बच्चों का वजन किया जा रहा है। इस दौरान कुपोषित पाए जाने वाले बच्चों को स्वस्थ बनाने का कार्य किया जाएगा। पहले दिन बृहस्पतिवार को 65 हजार बच्चों का वजन किया गया है। - राकेश कुमार मिश्रा, जिला कार्यक्रम अधिकारी