फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jaunpur News ›   Rare combination of Uttara Phalguni Nakshatra and Shiva Yoga on Nag Panchami

Jaunpur News: नागपंचमी पर उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र और शिवयोग का दुर्लभ संयोग

Tue, 29 Jul 2025 12:13 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 29 Jul 2025 12:13 AM IST
विज्ञापन
Rare combination of Uttara Phalguni Nakshatra and Shiva Yoga on Nag Panchami
मछलीशहर। श्रावण मास की शुक्लपक्ष पंचमी तिथि नागपंचमी पर्व 29 जुलाई मंगलवार को मनाया जाएगा । इस दिन उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र के साथ शिव योग का दुर्लभ संयोग मिल रहा है जो भगवान शिव व नागों की पूजा के लिए विशेष लाभदायी माना जाता हैं । ज्योतिष एवं तंत्र के आचार्य डॉ शैलेश मोदनवाल बताते हैं कि उत्तराफाल्गुनी 12 वां नक्षत्र है और इसका स्वामी सूर्य है। नागपंचमी के दिन उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र का होना शुभ माना जाता है, खासकर उन लोगों के लिए जिनकी कुंडली में कालसर्प योग, अंगारक योग, केमद्रुम योग या गुरु चांडाल योग हो। इस मुहूर्त में नागों के साथ भगवान शिव की पूजा का विशेष फल प्राप्त होगा। साथ ही कालसर्प योग की पीड़ा से मुक्ति मिलेगी। पूजा विधान:- नागपंचमी के दिन उपासक को अपने घर के दहलीज के दोनों ओर गोबर से पांच सर वाले नाग की आकृति बनाने का विधान है। गोबर न मिलने पर गेरू का भी प्रयोग किया जा सकता है। इसके बाद नाग देवता को दूध, लावा, दूर्वा, कुशा, गंध, फूल, अक्षत व लड्डुओं सहित पूजा करके नागस्तोत्र व नागसूक्त का पाठ करना चाहिए। चांदी का नाग-नागिन का जोड़ा बनवाकर भगवान शंकर को इस दिन चढ़ाने और गाय के दूध से अभिषेक करने से कालसर्प योग की पीड़ा दूर होती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article