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शहर की गड्ढायुक्त सड़कों पर हिचकोले खा रहे लोग
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ओलन्दगंज में सड़क पर बने गड्ढे। संवाद
- फोटो : JAUNPUR
जौनपुर। शहर की प्रमुख सड़कें खस्ता हाल हो गई हैं। गड्ढों व उखड़ी गिट्टियों पर वाहन हिचकोले खाते हुए चलत हैं। इससे गर्दन और कमर में दर्द की शिकायतें बढ़ रही हैं।
नगर पालिका क्षेत्र की सड़कें बदहाल हो गई हैं और उनका कोई पुरसाहाल नहीं है। ओलंदगंज से कचहरी के बीच की सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। ओलंदगंज से सद्भावना मोढ़ तक की सड़क पर भी गड्ढे हो गए हैं। इन सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी हो जाती है। दुपहिया वाहन चालक तो इस पर हिचकोले खाते हुए चलते हैं। जरा सी असावधानी होने पर गिरने का डर भी बना रहता है। मछलीशहर पड़ाव की सड़क भी क्षतिग्रस्त हो गई है। इन सड़कों पर चलना जोखिम भरा है। शेखपुर निवासी चंद्रभान यादव, मियांपुर निवासी विजय, दिनेश तिवारी, रामपलट चौधरी आदि ने सड़कों की मरम्मत कराने की मांग की है।
सड़कों के गड्ढों से वाहन भी खराब हो रह हैं और सेहत भी। बदहाल सड़कों पर मोटरसाइकिल से आने-जाने वालों की रीढ़ की हड्डी पर असर पड़ता है। इससे कमर और गर्दन में दर्द की शिकायतें हो रही हैं। उखड़ी हुई गिट्टियां बड़े वाहनों के पहिए में फंसकर उछलती तो लोगों को चोट भी लगती है। अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. नितिन यादव ने बताया कि गड्ढे वाली सड़कों पर बाइक चलाने से कमर की नसों पर दबाव बढ़ जाता है। पैैरों में झंझनहट होने लगती है। कमर व गर्दन में दर्द एवं सर्वाइकल के मरीज बढ़ रहे हैं। ऐसी सड़कों पर धीरे-धीरे ही चलना चाहिए। साथ ही व्यायाम भी जरूरी है।
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नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी संतोष मिश्रा का कहना है कि नगर पालिका की सड़कों की लगातार मरम्मत कराई जा रही है। शहर में कुछ सड़कें लोक निर्माण विभाग की हैं। उनसे समन्वय बनाकर जल्द ही इन सड़कों को दुरुस्त कराया जाएगा।
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नगर पालिका क्षेत्र की सड़कें बदहाल हो गई हैं और उनका कोई पुरसाहाल नहीं है। ओलंदगंज से कचहरी के बीच की सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। ओलंदगंज से सद्भावना मोढ़ तक की सड़क पर भी गड्ढे हो गए हैं। इन सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी हो जाती है। दुपहिया वाहन चालक तो इस पर हिचकोले खाते हुए चलते हैं। जरा सी असावधानी होने पर गिरने का डर भी बना रहता है। मछलीशहर पड़ाव की सड़क भी क्षतिग्रस्त हो गई है। इन सड़कों पर चलना जोखिम भरा है। शेखपुर निवासी चंद्रभान यादव, मियांपुर निवासी विजय, दिनेश तिवारी, रामपलट चौधरी आदि ने सड़कों की मरम्मत कराने की मांग की है।
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सड़कों के गड्ढों से वाहन भी खराब हो रह हैं और सेहत भी। बदहाल सड़कों पर मोटरसाइकिल से आने-जाने वालों की रीढ़ की हड्डी पर असर पड़ता है। इससे कमर और गर्दन में दर्द की शिकायतें हो रही हैं। उखड़ी हुई गिट्टियां बड़े वाहनों के पहिए में फंसकर उछलती तो लोगों को चोट भी लगती है। अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. नितिन यादव ने बताया कि गड्ढे वाली सड़कों पर बाइक चलाने से कमर की नसों पर दबाव बढ़ जाता है। पैैरों में झंझनहट होने लगती है। कमर व गर्दन में दर्द एवं सर्वाइकल के मरीज बढ़ रहे हैं। ऐसी सड़कों पर धीरे-धीरे ही चलना चाहिए। साथ ही व्यायाम भी जरूरी है।
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नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी संतोष मिश्रा का कहना है कि नगर पालिका की सड़कों की लगातार मरम्मत कराई जा रही है। शहर में कुछ सड़कें लोक निर्माण विभाग की हैं। उनसे समन्वय बनाकर जल्द ही इन सड़कों को दुरुस्त कराया जाएगा।