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क्रय केंद्रों पर नहीं शुरू हुई गेहूं की खरीद
ब्यूरो, अमर उजाला, जौनपुर
Updated Fri, 08 Apr 2016 07:54 PM IST
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करंजाकला के जंगीपुर खुर्द गेंहू क्रय केंद्र पर लटक रहा ताला।
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गेहूं क्रय केंद्रों की स्थापना हुए आठ दीन बीत गए, लेकिन अभी तक कहीं भी खरीद शुरू नहीं हो सकी है। कहीं बोरा नहीं है तो कहीं पैसे का रोना है। अधिकतर क्रय केंद्रों पर ताला लटक रहा है। इस साल 25000 एमटी गेहूं की खरीद का लक्ष्य है। 1525 रुपये प्रति कुंतल की दर से समर्थन मूल्य भी सरकार ने जारी कर दिया है।
खरीद के लिए जिले में सात एजेंसियों के 94 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं। कृषि विभाग का आंकड़ा है कि 60 फीसदी गेहूं की मड़ाई भी जिले में हो चुकी है। बावजूद इसके अभी तक किसी भी केंद्र पर गेहूं के एक दाने की भी खरीद नहीं हुई। शुक्रवार को क्रय केंद्रों की पड़ताल में कई पर ताला लटक रहा था, जो खुले थे उनमें से किसी के पास बोरा नहीं तो किसी के पास पैसा नहीं है।
जिले में लगभग दो लाख 12 हजार हेक्टेयर भूमि पर गेहूं की खेती की गई है। मड़ाई भी किसान जोर शोर से करना प्रारंभ कर दिए हैं। करंजाकला क्षेत्र के पीसीएफ के जंगीपुर खुर्द और मड़ियाहूं स्थित यूपी एग्रो केंद्रों पर ताला लटका हुआ है।
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पीसीएफ के साधन सहकारी समिति रजनीपुर और महराजगंज क्षेत्र के साधन सहकारी समिति कोल्हुआ, किसान सेवा समिति फत्तूपुर व साधन सहकारी समिति आशामधुपुर तथा बक्शा क्षेत्र के बेलापार, करतिहां, अर्धपुर, कपूरपुर व चवरी क्रय केंद्र पर न तो बोरा और न ही पैसा उपलब्ध है।
यही हाल जलालपुर क्षेत्र के साधन सहकारी समिति सलेमपुर व छातीडीह क्रय केंद्र पर बोरा व पैसा उपलब्ध नहीं है। साधन सहकारी समिति सलारपुर और उपभोक्ता सहकारी संघ द्वारा संचालित बेलवई केंद्र पर ताला लटका हुआ है। किरतापुर गेहूं क्रय केंद्र बंद रहने के कारण किसान आढ़तियों को गेहूं बेंच रहे हैं। बदलापुर क्षेत्र के किसी भी क्रय केंद्र पर बोरा उपलब्ध नहीं है।
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खरीद के लिए जिले में सात एजेंसियों के 94 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं। कृषि विभाग का आंकड़ा है कि 60 फीसदी गेहूं की मड़ाई भी जिले में हो चुकी है। बावजूद इसके अभी तक किसी भी केंद्र पर गेहूं के एक दाने की भी खरीद नहीं हुई। शुक्रवार को क्रय केंद्रों की पड़ताल में कई पर ताला लटक रहा था, जो खुले थे उनमें से किसी के पास बोरा नहीं तो किसी के पास पैसा नहीं है।
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जिले में लगभग दो लाख 12 हजार हेक्टेयर भूमि पर गेहूं की खेती की गई है। मड़ाई भी किसान जोर शोर से करना प्रारंभ कर दिए हैं। करंजाकला क्षेत्र के पीसीएफ के जंगीपुर खुर्द और मड़ियाहूं स्थित यूपी एग्रो केंद्रों पर ताला लटका हुआ है।
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पीसीएफ के साधन सहकारी समिति रजनीपुर और महराजगंज क्षेत्र के साधन सहकारी समिति कोल्हुआ, किसान सेवा समिति फत्तूपुर व साधन सहकारी समिति आशामधुपुर तथा बक्शा क्षेत्र के बेलापार, करतिहां, अर्धपुर, कपूरपुर व चवरी क्रय केंद्र पर न तो बोरा और न ही पैसा उपलब्ध है।
यही हाल जलालपुर क्षेत्र के साधन सहकारी समिति सलेमपुर व छातीडीह क्रय केंद्र पर बोरा व पैसा उपलब्ध नहीं है। साधन सहकारी समिति सलारपुर और उपभोक्ता सहकारी संघ द्वारा संचालित बेलवई केंद्र पर ताला लटका हुआ है। किरतापुर गेहूं क्रय केंद्र बंद रहने के कारण किसान आढ़तियों को गेहूं बेंच रहे हैं। बदलापुर क्षेत्र के किसी भी क्रय केंद्र पर बोरा उपलब्ध नहीं है।