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एमएलसी चुनाव: कड़ी सुरक्षा के बीच जिले के 94 केंद्रों पर हुआ मतदान
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एमएलसी चुनाव में बूथ का निरीक्षण करते डीएम-एसपी।
- फोटो : JAUNPUR
जौनपुर। विधान परिषद सदस्य के स्नातक एवं शिक्षक खंड चुनाव के लिए मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान हुआ। शिक्षक खंड चुनाव को लेकर मतदाताओं में उत्साह रहा जबकि स्नातक खंड के मतदाता उदासीन रहे। प्रत्याशी मतदाताओं को बूथों तक पहुंचाने के लिए जद्दोजहद करते रहे लेकिन मतदान प्रतिशत नहीं में खास बढ़ोतरी नहीं हुई। शाम 5 बजे तक शिक्षक खंड के लिए 71.99 प्रतिशत तो स्नातक के चुनाव में 37.11 प्रतिशत वोट डाले गए थे। देर शाम सभी मतपेटियों को सील कर कड़ी सुरक्षा में मंडल मुख्यालय वाराणसी भेज दिया गया, जहां मतगणना होगी।
मतदान के लिए सभी ब्लाक कार्यालयों और जिला मुख्यालय पर कलेक्ट्रेट में बूथ बनाए गए थे। कुल 94 बूथों पर 55 हजार से अधिक मतदाताओं को हिस्सा लेना था। शिक्षक चुनाव के लिए 6706 मतदाता थे, जबकि स्नातक में उनकी संख्या 48418 है। सुबह आठ बजे से मतदान शुरू होने पर सुस्ती रही। तय समय पर गिनती के लोग ही वोट देने पहुंचे थे, लेकिन दिन चढ़ने के साथ मतदान प्रतिशत में तेजी आई। बूथों पर पहुंचने के बाद मतदाताओं की थर्मल स्क्रीनिंग की गई। उनका हाथ सैनिटाइज किया गया। फिर ऑक्सी मीटर से ऑक्सीजन लेबल की भी जांच होती रही। बूथों के बाहर शिक्षक चुनाव के लिए वोट देने वालों की लंबी कतार लगी थी तो स्नातक चुनाव वाले बूथ पर छिटपुट लोग ही थे। विभिन्न स्कूल-कॉलेजों के प्रबंधक व प्रधानाचार्य अपने यहां कार्यरत शिक्षकों के साथ समूह में वोट देने पहुंचे। डीएम दिनेश कुमार सिंह व एसपी राजकरन नय्यर ने बूथों का निरीक्षण कर मतदान प्रक्रिया का जायजा लिया। कर्मचारियों को सकुशल मतदान कराने के निर्देश देते रहे।
गिरीश ने करंजाकला तो प्रिंशू ने कलेक्ट्रेट में डाला वोट
जौनपुर। विधान परिषद चुनाव के लिए सभी ब्लाकों पर बूथ बनाए गए थे। राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने करंजाकला ब्लाक कार्यालय में बने बूथ पर मतदान किया। मतदान के बाद उन्होंने कहा कि बड़े अंतर जीत का दावा किया। स्थानीय निकाय क्षेत्र से एमएलसी बृजेश सिंह प्रिंशू ने कलेक्ट्रेट बूथ पर मतदान किया। जिला पंचायत अध्यक्ष राजबहादुर यादव ने सिकरारा ब्लाक पर बने बूथ पर मतदान किया।
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कोरोना से बचाव को बरती सावधानी, दूरी बनाना भूले
मुंगराबादशाहपुर/निगोह। एमएलसी चुनाव में मतदान के दौरान बूथों पर कोरोना से बचाव के मानकों के पालन पर विशेष ध्यान दिया गया। बिना मास्क के किसी भी मतदाता को बूथ में जाने की इजाजत नहीं थी। ऐसे में तमाम प्रत्याशियों के बस्तों पर पर्ची के साथ-साथ मास्क भी दिया जाता रहा। बूथों पर दस्ताने भी दिए गए। ऑक्सीजन लेबल जांचा गया। कोरोना से सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त के बावजूद कई जगह सामाजिक दूरी के मानक टूटे। बूथों पर मतदाताओं के स्वागत, उनके बैठने का भी प्रबंध किया गया था।
बूथों का निरीक्षण करते रहे प्रत्याशी
जौनपुर। शिक्षक एमएलसी चुनाव के लिए जौनपुर से कई प्रत्याशी मैदान में हैं। यहां मतदाताओं की संख्या भी अधिक है। लिहाजा सभी प्रत्याशी का ध्यान यहां के वोटों पर लगा रहा। मतदान के दौरान चेतनारायण सिंह, रमेश सिंह, रजनी द्विवेदी, धर्मेंद्र यादव सहित अन्य प्रत्याशी जिले के विभिन्न बूथों पर भ्रमण करते रहे। बूथों के बाहर लगे पार्टी के बस्ते के पास भी बैठे रहे।
फर्जी मतदान की शिकायत पर हलाकान
मछलीशहर। ब्लाक में बने बूथ 152अ में मेदपुर बनकट निवासी उतमेश उपाध्याय दोपहर बाद जब मतदान करने पहुंचे तो बूथ पर पीठासीन अधिकारी ने उनका मतदान हो जाने की बात कहते हुए लौटा दिया। बाहर आकर उन्होंने अपने समर्थकों को जानकारी दी तो वह हंगामा करते हुए मतदान केंद्र में पहुंच गए। पीठासीन अधिकारी पर धांधली का आरोप लगाने लगे। मामला बढ़ता देख मतदान कर्मियों ने टेंडर वोट डलवाया।
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मतदान के लिए सभी ब्लाक कार्यालयों और जिला मुख्यालय पर कलेक्ट्रेट में बूथ बनाए गए थे। कुल 94 बूथों पर 55 हजार से अधिक मतदाताओं को हिस्सा लेना था। शिक्षक चुनाव के लिए 6706 मतदाता थे, जबकि स्नातक में उनकी संख्या 48418 है। सुबह आठ बजे से मतदान शुरू होने पर सुस्ती रही। तय समय पर गिनती के लोग ही वोट देने पहुंचे थे, लेकिन दिन चढ़ने के साथ मतदान प्रतिशत में तेजी आई। बूथों पर पहुंचने के बाद मतदाताओं की थर्मल स्क्रीनिंग की गई। उनका हाथ सैनिटाइज किया गया। फिर ऑक्सी मीटर से ऑक्सीजन लेबल की भी जांच होती रही। बूथों के बाहर शिक्षक चुनाव के लिए वोट देने वालों की लंबी कतार लगी थी तो स्नातक चुनाव वाले बूथ पर छिटपुट लोग ही थे। विभिन्न स्कूल-कॉलेजों के प्रबंधक व प्रधानाचार्य अपने यहां कार्यरत शिक्षकों के साथ समूह में वोट देने पहुंचे। डीएम दिनेश कुमार सिंह व एसपी राजकरन नय्यर ने बूथों का निरीक्षण कर मतदान प्रक्रिया का जायजा लिया। कर्मचारियों को सकुशल मतदान कराने के निर्देश देते रहे।
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गिरीश ने करंजाकला तो प्रिंशू ने कलेक्ट्रेट में डाला वोट
जौनपुर। विधान परिषद चुनाव के लिए सभी ब्लाकों पर बूथ बनाए गए थे। राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने करंजाकला ब्लाक कार्यालय में बने बूथ पर मतदान किया। मतदान के बाद उन्होंने कहा कि बड़े अंतर जीत का दावा किया। स्थानीय निकाय क्षेत्र से एमएलसी बृजेश सिंह प्रिंशू ने कलेक्ट्रेट बूथ पर मतदान किया। जिला पंचायत अध्यक्ष राजबहादुर यादव ने सिकरारा ब्लाक पर बने बूथ पर मतदान किया।
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कोरोना से बचाव को बरती सावधानी, दूरी बनाना भूले
मुंगराबादशाहपुर/निगोह। एमएलसी चुनाव में मतदान के दौरान बूथों पर कोरोना से बचाव के मानकों के पालन पर विशेष ध्यान दिया गया। बिना मास्क के किसी भी मतदाता को बूथ में जाने की इजाजत नहीं थी। ऐसे में तमाम प्रत्याशियों के बस्तों पर पर्ची के साथ-साथ मास्क भी दिया जाता रहा। बूथों पर दस्ताने भी दिए गए। ऑक्सीजन लेबल जांचा गया। कोरोना से सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त के बावजूद कई जगह सामाजिक दूरी के मानक टूटे। बूथों पर मतदाताओं के स्वागत, उनके बैठने का भी प्रबंध किया गया था।
बूथों का निरीक्षण करते रहे प्रत्याशी
जौनपुर। शिक्षक एमएलसी चुनाव के लिए जौनपुर से कई प्रत्याशी मैदान में हैं। यहां मतदाताओं की संख्या भी अधिक है। लिहाजा सभी प्रत्याशी का ध्यान यहां के वोटों पर लगा रहा। मतदान के दौरान चेतनारायण सिंह, रमेश सिंह, रजनी द्विवेदी, धर्मेंद्र यादव सहित अन्य प्रत्याशी जिले के विभिन्न बूथों पर भ्रमण करते रहे। बूथों के बाहर लगे पार्टी के बस्ते के पास भी बैठे रहे।
फर्जी मतदान की शिकायत पर हलाकान
मछलीशहर। ब्लाक में बने बूथ 152अ में मेदपुर बनकट निवासी उतमेश उपाध्याय दोपहर बाद जब मतदान करने पहुंचे तो बूथ पर पीठासीन अधिकारी ने उनका मतदान हो जाने की बात कहते हुए लौटा दिया। बाहर आकर उन्होंने अपने समर्थकों को जानकारी दी तो वह हंगामा करते हुए मतदान केंद्र में पहुंच गए। पीठासीन अधिकारी पर धांधली का आरोप लगाने लगे। मामला बढ़ता देख मतदान कर्मियों ने टेंडर वोट डलवाया।