जौनपुर। जिले में मौसम ने तीन दिन बार शुक्रवार की मध्य रात के बाद फिर से करवट ली। शनिवार को सुबह 4 बजे से शुरू हुई तेज बारिश सुबह 10 बजे तक हुई। इस बीच छह घंटे में लगभग 22 मिमी बारिश दर्ज की गई। इस दौरान बिजली की चमक और गरज बरकरार रही। छह घंटे की बारिश से सुबह शहर के कई इलाकों में घुटनों तक पानी लग गया।
हालांकि दोपहर से मौसम में उमस देखने को मिली। अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जिले में पिछले साल 30 अगस्त को बारिश नहीं हुई थी। उस दौरान अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। वहीं इस बार पहले की अपेक्षा अच्छी बारिश हुई। बीते बुधवार के बाद शुक्रवार को देर रात में अचानक से मौसम में बदलाव होने लगा। छह घंटे तक तेज गरज-चमक के साथ बारिश हुई। इससे सुबह 11.30 बजे तक मौसम ठंडा रहा। इसके बाद आसमान साफ हो गया और उमस होने लगी। उमस देर शाम तक बरकरार रही। शनिवार को अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश इतनी तेज रही कि सुबह शहर के सिपाह, कोतवाली, ओलंदगंज, चांदपुर, नईगंज आदि इलाकों में पानी भर गया। इन क्षेत्रों से पानी निकलने में करीब डेढ़ घंटे लग गए। उधर, शनिवार को हुई बारिश के बाद सुबह मां शीतला चौकिया धाम मंदिर के मुख्य द्वार पर पानी भर गया। इससे मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को समस्या हुई। शहर में स्थित रामाआश्रम कॉलोनी में भी सुबह बारिश के बाद पानी भर गया। वाहन तो छोड़िए पैदल आना-जाना भी मुश्किल हो गया। लोग जैसे-तैसे अपने घरों से निकल पाए। उधर, बारिश के बाद सिपाह से कोतवाली मार्ग जलमग्न हो गया। इस दौरान इस रास्ते गुजरने वाले वाहन और यात्रियों को समस्या झेलनी पड़ी। यहां भी पानी अधिक होने के कारण पैदल आने जाने वालों को समस्या हुई। राज्य मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह के मुताबिक जौनपुर में साल भर में औसतन 1048 मिलीमीटर बारिश होती है। अब तक करीब 600 मिलीमीटर से ज्यादा बारिश हो चुकी है। अभी बारिश का कोटा पूरा नहीं हुआ है। इस बार शहर के लिहाज से अच्छी और गांव के मुताबिक कम बारिश हुई है। मौसम में बदलाव के कारण बारिश हो रही है। अगले एक सप्ताह तक बारिश होने की संभावना है। इस दौरान आद्रता ज्यादा होने से उमस बरकरार रहेगी।