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तीन के विरुद्ध केस का आदेश
ब्यूरो, अमर उजाला, जौनपुर
Updated Fri, 03 Jun 2016 12:48 AM IST
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लाोक अदालत
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शाहगंज थाना क्षेत्र के नाबालिग लड़की के अपहरण के मामले में एसीजेएम प्रथम शैलेंद्र कुमार वर्मा ने तीन के खिलाफ केस दर्ज कर विवेचना करने का आदेश थानाध्यक्ष शाहगंज को दिया है।
मामले के अनुसार- शाहगंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी एक व्यक्ति ने अपने अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार के माध्यम से कोर्ट में अंतर्गत धारा 156(3) दप्रस. का प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है कि 28 अप्रैल 2016 के एक बजे दिन मेरे घर पर कोई नहीं था।
नाबालिग बहन अकेली घर पर थी। जिसे शाहगंज थाना क्षेत्र के अर्गूपुरकला निवासी आरापीगण शंभू, विकास व केवल बहला फुसला कर भगा ले गए। काफी खोज-बीन की गई। लेकिन कहीं पता नहीं चला। 30 जून को अफवाहन पता चला कि आरोपीगण उसे बहला फुसलाकर भगा ले गए हैं।
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इसकी सूचना पुलिस को दी। लेकिन कार्यवाही नहीं हुई। मजिस्ट्रेट ने प्रार्थना पत्र को संज्ञान में लेते प्रथम दृष्टया संज्ञेेय अपराध कारित होना पाते हुए केस दर्ज करने का आदेश दिया।
उधर, श्रमजीवी एक्सप्रेस ट्रेन के बम विस्फोट कांड के मामले के आरोपी ओबैदुर्रहमान उर्फ बाबू भाई और मोहम्मद आलमगीर उर्फ रोनी को कड़ी सुरक्षा के बीच गुरुवार को एडीजे प्रथम बुधिराम यादव की अदालत में पेश किया गया।
शेष बहस के लिए तीन जून की तिथि निर्धारित की गई है। मामले के अनुसार- पटना से दिल्ली जाने वाली श्रमजीवी एक्सप्रेस ट्रेन की साधारण बोगी में 28 जुलाई 2005 की शाम सवा पांच बजे हरपालगंज रेलवे स्टेशन के हरिहरपुर रेलवे क्रासिंग पर जोरदार बम धमका हुआ था।
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मामले के अनुसार- शाहगंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी एक व्यक्ति ने अपने अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार के माध्यम से कोर्ट में अंतर्गत धारा 156(3) दप्रस. का प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है कि 28 अप्रैल 2016 के एक बजे दिन मेरे घर पर कोई नहीं था।
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नाबालिग बहन अकेली घर पर थी। जिसे शाहगंज थाना क्षेत्र के अर्गूपुरकला निवासी आरापीगण शंभू, विकास व केवल बहला फुसला कर भगा ले गए। काफी खोज-बीन की गई। लेकिन कहीं पता नहीं चला। 30 जून को अफवाहन पता चला कि आरोपीगण उसे बहला फुसलाकर भगा ले गए हैं।
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इसकी सूचना पुलिस को दी। लेकिन कार्यवाही नहीं हुई। मजिस्ट्रेट ने प्रार्थना पत्र को संज्ञान में लेते प्रथम दृष्टया संज्ञेेय अपराध कारित होना पाते हुए केस दर्ज करने का आदेश दिया।
उधर, श्रमजीवी एक्सप्रेस ट्रेन के बम विस्फोट कांड के मामले के आरोपी ओबैदुर्रहमान उर्फ बाबू भाई और मोहम्मद आलमगीर उर्फ रोनी को कड़ी सुरक्षा के बीच गुरुवार को एडीजे प्रथम बुधिराम यादव की अदालत में पेश किया गया।
शेष बहस के लिए तीन जून की तिथि निर्धारित की गई है। मामले के अनुसार- पटना से दिल्ली जाने वाली श्रमजीवी एक्सप्रेस ट्रेन की साधारण बोगी में 28 जुलाई 2005 की शाम सवा पांच बजे हरपालगंज रेलवे स्टेशन के हरिहरपुर रेलवे क्रासिंग पर जोरदार बम धमका हुआ था।