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महिला को पड़ोसियों ने पीटा
Updated Wed, 10 Jan 2018 12:53 AM IST
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जौनपुर। मुंगराबादशाहपुर थाना क्षेत्र के सतहरिया स्थित फैक्ट्री में डकैती के आरोप में एसीजेएम तृतीय ने रायगढ़ व उड़ीसा की फैक्ट्रियों के मालिक सगे भाई गिरधारी व शिवधारी समेत सात आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।
मामले में चार्जशीट अमानत में खयानत की धारा में आई है। आरोपी पूर्व में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर कोर्ट में समर्पण के बाद जेल भी गए थे। पिछली तिथि पर कोर्ट ने आरोपियों के खिलाफ डकैती का मामला पाते हुए तलब किया था। आरोपियों के अधिवक्ता ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल होने का हवाला देते हुए 15 दिन का समय मांगा। कोर्ट ने हाईकोर्ट में याचिका लंबित होने का कोई अभिलेख न पाते हुए अभियुक्तों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया।
सतहरिया स्थित फैक्ट्री के डायरेक्टर विनोद ने मुंगराबादशाहपुर थाने में डकैती का केस दर्ज कराया था। उनका कहना था कि 17 नवंबर 2009 को फैक्ट्रियों को लेकर रजिस्टर्ड पारिवारिक बंटवारा हुआ। यहां की फैक्ट्रियां उसके व भाइयों के हिस्से में तथा रायगढ़ की फैक्ट्रियां चचेरे भाई गिरधारी, शिवधारी व विजय निवासी इलाहाबाद के हिस्से में आई। 23 मार्च 2010 को शाम 7:00 बजे गिरधारी, शिवधारी, रामप्यारे दो गाड़ियों से 10-15 असलहा धारियों के साथ यहां फैक्ट्री में आए और असलहे के बल पर आतंकित कर जरूर कागजात व साढ़े 3 लाख रुपए लूट ले गए। पुलिस ने विवेचना में डकैती का मामला न पाते हुए अमानत में खयानत की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल किया। एसीजेएम कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट जारी होने पर आरोपी गिरधारी व शिवधारी हाईकोर्ट गए।
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थानाध्यक्ष समेत बारह के खिलाफ डकैती का मुकदमा
जौनपुर। रामपुर थाना क्षेत्र के रामपुर बाजार स्थित भदोही आयरन ट्रेडर्स में डकैती डालने व तोड़फोड़ के आरोप में सीजेएम ने थानाध्यक्ष समेत बारह आरोपियों के खिलाफ डकैती का प्रकीर्ण वाद दर्ज कर थाने से रिपोर्ट तलब किया।
रामपुर निवासी पुनीत कुमार ने कोर्ट में धारा 156(3) के तहत प्रार्थना पत्र दिया कि रामपुर बाजार में भदोही आयरन ट्रेडर्स के नाम से उसकी दुकान है। 7 सितंबर 2017 को 2:50 बजे सभी आरोपी राड लेकर शटर का ताला तोड़ दिए और लूटपाट करने लगे। विरोध पर गालियां व जान माल की धमकी दिए। सामान तोड़-फोड़ डाले। शिकायत पर 100 नंबर पुलिस पहुंची लेकिन थानाध्यक्ष ने आरोपियों से मिलीभगत व लाभ के कारण पुलिस को वापस कर दिया और उकसा कर घटना कांड को अंजाम दिलाया। घटना की सूचना पुलिस अधीक्षक व डीआईजी वाराणसी तक को दी गई लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। तब वादी ने न्याय के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
जीआरपी सिपाही हत्याकांड में अतिरिक्त सीएमओ का बयान दर्ज
जौनपुर। 22 वर्ष पूर्व जीआरपी चौकी शाहगंज में हुए सिपाही हत्याकांड में अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी वन बलराज सिंह की कोर्ट में अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा अधिकारी गोरखपुर विनोद कुमार मिश्रा का बयान दर्ज हुआ। उन्होंने गोलीकांड में घायलों का मेडिकल किया था।आरोप है कि 4 फरवरी 1995 को जीआरपी के प्लेटफार्म नंबर चार पर पुलिसकर्मियों ने आरोपी राजकुमार को गिरफ्तार किया था। उसी समय उमाकांत यादव (तत्कालीन विधायक) अन्य आरोपियों के साथ वहां पहुंचे। राइफल, पिस्टल व अन्य अग्नेयास्त्रों से ताबड़तोड़ फायरिंग करते हुए राजकुमार को पुलिस हिरासत से छुड़ा ले गए। फायरिंग में जीआरपी सिपाही अजय सिंह की मौत हो गई व अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गए। मामले के शीघ्र निस्तारण का हाईकोर्ट का आदेश है। प्रत्येक कार्यवाही की रिपोर्ट भेजी जाती है। सीबीसीआईडी द्वारा मुकदमे की मॉनिटरिंग की जा रही है।
मामले में चार्जशीट अमानत में खयानत की धारा में आई है। आरोपी पूर्व में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर कोर्ट में समर्पण के बाद जेल भी गए थे। पिछली तिथि पर कोर्ट ने आरोपियों के खिलाफ डकैती का मामला पाते हुए तलब किया था। आरोपियों के अधिवक्ता ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल होने का हवाला देते हुए 15 दिन का समय मांगा। कोर्ट ने हाईकोर्ट में याचिका लंबित होने का कोई अभिलेख न पाते हुए अभियुक्तों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया।
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सतहरिया स्थित फैक्ट्री के डायरेक्टर विनोद ने मुंगराबादशाहपुर थाने में डकैती का केस दर्ज कराया था। उनका कहना था कि 17 नवंबर 2009 को फैक्ट्रियों को लेकर रजिस्टर्ड पारिवारिक बंटवारा हुआ। यहां की फैक्ट्रियां उसके व भाइयों के हिस्से में तथा रायगढ़ की फैक्ट्रियां चचेरे भाई गिरधारी, शिवधारी व विजय निवासी इलाहाबाद के हिस्से में आई। 23 मार्च 2010 को शाम 7:00 बजे गिरधारी, शिवधारी, रामप्यारे दो गाड़ियों से 10-15 असलहा धारियों के साथ यहां फैक्ट्री में आए और असलहे के बल पर आतंकित कर जरूर कागजात व साढ़े 3 लाख रुपए लूट ले गए। पुलिस ने विवेचना में डकैती का मामला न पाते हुए अमानत में खयानत की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल किया। एसीजेएम कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट जारी होने पर आरोपी गिरधारी व शिवधारी हाईकोर्ट गए।
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थानाध्यक्ष समेत बारह के खिलाफ डकैती का मुकदमा
जौनपुर। रामपुर थाना क्षेत्र के रामपुर बाजार स्थित भदोही आयरन ट्रेडर्स में डकैती डालने व तोड़फोड़ के आरोप में सीजेएम ने थानाध्यक्ष समेत बारह आरोपियों के खिलाफ डकैती का प्रकीर्ण वाद दर्ज कर थाने से रिपोर्ट तलब किया।
रामपुर निवासी पुनीत कुमार ने कोर्ट में धारा 156(3) के तहत प्रार्थना पत्र दिया कि रामपुर बाजार में भदोही आयरन ट्रेडर्स के नाम से उसकी दुकान है। 7 सितंबर 2017 को 2:50 बजे सभी आरोपी राड लेकर शटर का ताला तोड़ दिए और लूटपाट करने लगे। विरोध पर गालियां व जान माल की धमकी दिए। सामान तोड़-फोड़ डाले। शिकायत पर 100 नंबर पुलिस पहुंची लेकिन थानाध्यक्ष ने आरोपियों से मिलीभगत व लाभ के कारण पुलिस को वापस कर दिया और उकसा कर घटना कांड को अंजाम दिलाया। घटना की सूचना पुलिस अधीक्षक व डीआईजी वाराणसी तक को दी गई लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। तब वादी ने न्याय के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
जीआरपी सिपाही हत्याकांड में अतिरिक्त सीएमओ का बयान दर्ज
जौनपुर। 22 वर्ष पूर्व जीआरपी चौकी शाहगंज में हुए सिपाही हत्याकांड में अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी वन बलराज सिंह की कोर्ट में अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा अधिकारी गोरखपुर विनोद कुमार मिश्रा का बयान दर्ज हुआ। उन्होंने गोलीकांड में घायलों का मेडिकल किया था।आरोप है कि 4 फरवरी 1995 को जीआरपी के प्लेटफार्म नंबर चार पर पुलिसकर्मियों ने आरोपी राजकुमार को गिरफ्तार किया था। उसी समय उमाकांत यादव (तत्कालीन विधायक) अन्य आरोपियों के साथ वहां पहुंचे। राइफल, पिस्टल व अन्य अग्नेयास्त्रों से ताबड़तोड़ फायरिंग करते हुए राजकुमार को पुलिस हिरासत से छुड़ा ले गए। फायरिंग में जीआरपी सिपाही अजय सिंह की मौत हो गई व अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गए। मामले के शीघ्र निस्तारण का हाईकोर्ट का आदेश है। प्रत्येक कार्यवाही की रिपोर्ट भेजी जाती है। सीबीसीआईडी द्वारा मुकदमे की मॉनिटरिंग की जा रही है।