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Jaunpur News: 52 दिन तक थानों के चक्कर लगाने के बाद डीजीपी के आदेश पर दर्ज हुई प्राथमिकी

Sun, 26 Apr 2026 12:00 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 26 Apr 2026 12:00 AM IST
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After 52 days of running around police stations, an FIR was registered on the orders of the DGP
बरईपार। मछलीशहर क्षेत्र के इस्मैला गांव में अधिवक्ता को मोटरसाइकिल से धक्का देकर गंभीर रूप से घायल करने के मामले में स्थानीय पुलिस की ढिलाई एक बार फिर सवालों के घेरे में है। घटना के पूरे 52 दिन बाद पुलिस महानिदेशक के हस्तक्षेप पर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई। पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना के बाद से न्याय के लिए दर-दर भटकना पड़ा लेकिन सुनवाई तब हुई जब मामला उच्चाधिकारियों तक पहुंचा। एक तरफ ढिलाई तो दूसरी तरफ तेजी भी पुलिस ने दिखाई। विपक्षी की तहरीर पर थाने की पुलिस ने तुरंत प्राथमिकी दर्ज कर ली। पुलिस ने विपक्षी की तहरीर पर पीड़ित के खिलाफ एससीएसटी की प्राथमिकी दर्ज की है। पीड़ित के परिजनों के मुताबिक 28 फरवरी की सुबह करीब आठ बजे प्रदीप उपाध्याय बाइक से जौनपुर कचहरी जा रहे थे। इस्मैला गांव स्थित नहर पुलिया के पास गांव के ही अजय कुमार और उसके एक साथी ने उसे रोक लिया। आरोप है कि दोनों ने गाली-गलौज करते हुए धक्का दे दिया, जिससे वह बाइक समेत सड़क पर जा गिरे। सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी हालत बिगड़ गई। इलाज के दौरान उसकी मानसिक स्थिति भी प्रभावित हो गई और शरीर का दाहिना हिस्सा सुन्न पड़ गया। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि घटना के बाद परिवार जब घायल युवक के इलाज में लगा था, उसी बीच आरोपियों की ओर से प्रदीप उपाध्याय और उसके भतीजे उत्कर्ष को फर्जी एससी-एसटी मुकदमे में फंसाने की धमकियां दी जाने लगीं। इसके लिए पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी और स्थानीय थाने में मनगढ़ंत शिकायतें देकर दबाव बनाया गया। अधिवक्ता के पिता सुरेंद्र उपाध्याय ने कई बार स्थानीय स्तर पर गुहार लगाई लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। थानों और अफसरों के चक्कर काटने के बाद मामला आखिरकार घटना के 52वें दिन कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। उधर विपक्षी अजय गौतम की तहरीर के अनुसार गांव निवासी प्रदीप कुमार के मकान निर्माण का ठेका लिया था। मजदूरों का भुगतान न होने पर जब उसने काम बंद करा दिया तो आरोपी प्रदीप कुमार, उनका बेटा उत्कर्ष और मिस्त्री गब्बर पाठक जबरन दूसरा मिस्त्री बुलाकर निर्माण कराने लगे। विरोध करने पर तीनों ने मिलकर अभद्रता की, धमकियां दीं और हमला करने का प्रयास किया। कोतवाली निरीक्षक ने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर दोनों पक्षों की प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है। एसपी ग्रामीण ने भी इसकी पुष्टी की।
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