जौनपुर। मल्हनी विधानसभा उपचुनाव में मंगलवार को शांतिपूर्ण ढंग से मतदान हुआ। कोरोना के चलते बूथों पर भीड़ लगाने की बजाए मतदाता बारी-बारी वोट देने पहुंचे। अधिकांश क्षेत्रों में लंबी कतारें नजर नहीं आईं। कड़ी सुरक्षा के बीच शाम पांच बजे तक 56.65 प्रतिशत वोट पड़े। पुलिस-प्रशासन की टीमें लगातार चक्रमण करती रहीं। कुछ बूथों पर मतदान अभिकर्ताओं में कहासुनी भी हुई लेकिन पुलिस ने तत्काल स्थिति संभाल ली।
तीन लाख 65 हजार 13 मतदाताओं के लिए बने 554 बूथों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। मतदान के प्रति वोटर का रुझान सुबह से ही दिखने लगा था। सात बजते ही कई बूथ पर मतदाताओं की कतार लगनी शुरू हो गई। कोविड-19 के खतरे के मद्देनजर इस बार बूथों के बाहर दो-दो गज की दूरी पर गोले बनाए गए थे। मतदाताओं को इन्हीं गोले में खड़े होकर अपनी बारी की प्रतीक्षा करनी थी। बूथ में प्रवेश से पहले उनकी थर्मल स्क्रीनिंग की गई। हैंड सैनिटाइजन के बाद भी ग्लब्स दिया गया। ईवीएम संक्रमण न हो इसका पूरा ख्याल रखा जा रहा था। सिरकोनी ब्लाक के पिंक बूथ शिवापार में पूरी व्यवस्था महिला कर्मचारियों के भरोसे रही। यहां पूरे दिन मतदाताओं की कतार बनी रही। इसी तरह कचगांव, कुद्दूपुर, माधोपट्टी गांव के बूथों पर भी मतदाता वोट देने के लिए लाइन में लगकर प्रतीक्षा करते नजर आए। बक्शा के सद्दोपुर में ईवीएम में तकनीकी गड़बड़ी से आठ बजे के बाद मतदान शुरू हुआ। सिरकोनी के सादात बिंदुली बूथ पर मतदान केंद्र में प्रवेश को लेकर दो प्रत्याशियों के एजेंट आपस में उलझ गए। पुलिस ने वहां पहुंचकर स्थिति संभाली। बक्शा के बेलवां प्राथमिक विद्यालय में बने बूथ पर भी दो एजेंटों के बीच झड़प की सूचना पर डीएम-एसपी तत्काल मौके पर पहुंचे, लेकिन वहां सब कुछ सामान्य मिला। मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल, आईजी विजय सिंह मीना ने भी सिकरारा और बक्शा क्षेत्र के कई बूथों का जायजा लिया। मतदान प्रक्रिया को सकुशल और निष्पक्ष ढंग से कराने के निर्देश दिए।