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प्रतिस्पर्धा से छात्रों को मिलती है सफलता
Updated Thu, 11 Oct 2018 12:32 AM IST
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सुजानगंज। प्रतिस्पर्धा से छात्रों में पढ़ने की लगन उत्पन्न होती है और सफलता की मंजिल आसानी से तय की जा सकती है। उक्त बातें प्रधानाचार्य विनय सिंह ने एपेक्स कालेज सुजानगंज पर बुधवार को आयोजित प्रतिस्पर्धा समारोह को संबोधित करते हुए कही।
उन्होंने कहा कि आज जो इंटरनेट प्रयोग कर रहे हैंअगर हमारी सरकार के पास पूंजी होती तो आज हम लोग भी अमेरिका की तरह इंटरनेट का प्रयोग नि:शुल्क कर सकते थे। अमेरिका में केवल रिपेयरिंग का ही चार्ज लिया जाता है और हमारे भारत में इंटरनेट प्राइवेट कंपनी के भरोसे पर चल रही है। उन्होंने बताया कि हमारे देश में सबसे पहले 15 अगस्त 1995 में वीएसएनएल कंपनी ने इंटरनेट प्रदान किया था। निर्देशक विवेक मौर्य ने कहा कि छात्रों में ऐसी प्रतिस्पर्धा उत्पन्न करनी चाहिए ताकि वे एक दूसरे को पीछे करने के लिए पढ़ने को मजबूर हो जाएं। भविष्य में छात्रों को सफल होना है तो ऐसा आयोजन किया जाना चाहिए। इसके पूर्व छात्रों को दो समूह में बांटकर वाद संवाद प्रतियोगिता कराया गया। जिसमें सफल समूह को पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर शुभम शुक्ल, दीपक यादव, कंचन सिंह एवं समस्त अध्यापक आदि उपस्थित रहे।
उन्होंने कहा कि आज जो इंटरनेट प्रयोग कर रहे हैंअगर हमारी सरकार के पास पूंजी होती तो आज हम लोग भी अमेरिका की तरह इंटरनेट का प्रयोग नि:शुल्क कर सकते थे। अमेरिका में केवल रिपेयरिंग का ही चार्ज लिया जाता है और हमारे भारत में इंटरनेट प्राइवेट कंपनी के भरोसे पर चल रही है। उन्होंने बताया कि हमारे देश में सबसे पहले 15 अगस्त 1995 में वीएसएनएल कंपनी ने इंटरनेट प्रदान किया था। निर्देशक विवेक मौर्य ने कहा कि छात्रों में ऐसी प्रतिस्पर्धा उत्पन्न करनी चाहिए ताकि वे एक दूसरे को पीछे करने के लिए पढ़ने को मजबूर हो जाएं। भविष्य में छात्रों को सफल होना है तो ऐसा आयोजन किया जाना चाहिए। इसके पूर्व छात्रों को दो समूह में बांटकर वाद संवाद प्रतियोगिता कराया गया। जिसमें सफल समूह को पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर शुभम शुक्ल, दीपक यादव, कंचन सिंह एवं समस्त अध्यापक आदि उपस्थित रहे।
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