फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jaunpur News ›   अंश निर्धारण के नाम पर

अंश निर्धारण के नाम पर

Sat, 17 Feb 2018 01:00 AM IST
Updated Sat, 17 Feb 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
अंश निर्धारण के नाम पर

विज्ञापन
मछलीशहर/जौनपुर। तहसील में किसानों के खतौनी के अंश निर्धारण की प्रक्रिया अभी तक पूरी नहीं हो पाई है जिसके कारण 84 गांवों की खतौनी अभिलेख को लाक कर दिया गया है। कार्य पूरा नहीं होने का कारण लेखपालों की शिथिलता बताई जा रही है। अभिलेख लाक होने के कारण किसी भी न्यायालय के आदेशों की फीडिंग नहीं हो पा रही है और न ही लोगों को खतौनी मिल रही है।
शासन के निर्देश पर तहसील के 514 गांवों में अंश निर्धारण का काम शुरू हुआ। काम पूरा नहीं होने के कारण तहसील क्षेत्र के 84 गांवों की खतौनी लॉक है। इसमें गंहनी और तरहटी गांव में चकबंदी का कार्य चल रहा है, जिसके कारण खतौनी लाक कर दी गई है। वहीं जुड़ऊपुर, मुंगरडीह, भुसौला, चकमठिया सहित 84 गांवों की खतौनी अंश निर्धारण प्रक्रिया पूरी नहीं होंने के कारण लॉक है। अभिलेख लॉक होने के कारण किसी भी न्यायालय के आदेशों की कंप्यूटर में फीडिंग नहीं हो पा रही है। मुंगरा सर्किल के 21 गांवों, पंवारा के 12, कस्बा के 16, सुजानगंज के 12, रामगढ़ के 12, बेलवार के 11 गांवों के अंश निर्धारण की प्रक्रिया जुलाई से शुरू हुई है जो अभी तक पूरी नहीं हुई है। शासन द्वारा निर्धारित अंश निर्धारण करने की अवधि भी समाप्त होने की बात बताई गई है। इसके बावजूद भी तहसील के लेखपालों की शिथिलता के कारण यह कार्य अभी तक पूरा नहीं हो पाया है। इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ रहा है। किसान अपने नाम चढ़वाने के लिए तहसील का चक्कर काट रहे हैं। काश्तकार अयोध्या प्रसाद यादव, अरुण कुमार सिंह, काशी प्रसाद, पंधारी सरोज सहित कई किसानों का कहना है कि अंश निर्धारण के लिए अभी तक कोई राजस्व कर्मी गांव में आया ही नहीं है। तहसील में बैठकर अंश निर्धारण किया जा रहा है। जिसके कारण हर परिवार में अपने हिस्से को लेकर विवाद पैदा होने की संभावना बन रही है। रजिस्ट्रार कानूनगो अशोक श्रीवास्तव का कहना है कि 21 मार्च 2018 तक यह प्रक्रिया पूरी करनी है। इसके बाद सभी अंश धारकों को नोटिस भेजी जाएगी। जिसे आपत्ति होगी उसे नोटिस जारी होने के बाद 15 दिन के अंदर आपत्ति दाखिल का मौका दिया जाएगा।
विज्ञापन


एसडीएम ने किया आदेश निरस्त
बदलापुर / घनश्यामपुर । लेखपालों द्वारा काम नहीं करने का मन बनाने के बाद शुक्रवार को आखिरकार एसडीएम को अपना आदेश निरस्त करना पड़ा। बतादें कि खतौनियों के अंश निर्धारण में पायी गयी शिथिलिता के कारण गुरुवार को बदलापुर के एसडीएम विजयप्रकाश तिवारी ने सभी लेखपालों का वेतन रोकने का आदेश जारी कर दिया था । इस आदेश से गुस्साए लेखपालों ने काम न करने का मन बनाया। इसकी जानकारी शुक्रवार को एसडीएम को हुई। इसके बाद अपना निर्णय बदलते हुए वेतन पर लगाई गयी रोक को हटा लिया । लेकिन एसडीएम ने लेखपालों को खतौनियों के अंश निर्धारण के मामले में शिथिलिता नहीं करने की चेतावनी दी। साथ कमी पाए जाने पर सख्त कार्रवई करने का निर्देश दिया। इस मौके पर तहसीलदार चंद्रशेखर यादव , लेखपाल संघ के अध्यक्ष रामनारारण यादव व महामंत्री जनार्दन मिश्र सहित सभी लेखपाल मौजूद रहे ।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed