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शहीदों के योगदान को भुलाया नहीं जा सकता
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चिल्ली गांव में शहीद योगेंद्र पाल प्रतिमा पर मौन धारण कर श्रद्धांजलि देते परिजन व ग्रामीण
- फोटो : ORAI
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मुहम्मदाबाद। डकोर ब्लाक के ग्राम चिल्ली व जैसारी कला में शहीदों की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। शनिवार को चिल्ली निवासी कारगिल शहीद योगेंद्र पाल की 22वीं पुण्यतिथि पर परिवार के लोगों के अलावा जनप्रतिनिधियों ने भी गांव पहुंचकर उनकी शहादत को याद किया।
सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा ने कहा कि योगेंद्र की वीरता पर आज गांव ही नहीं पूरे जनपद को गर्व है। शहीद योगेंद्र के योगदान को कभी भी नहीं भुलाया जा सकता है। 26 जुलाई को कारगिल युद्ध को 22 साल बीत चुके हैं। इसी युद्ध में योगेंद्र पाल सिंह भी दुश्मनों की गोली का निशाना बने और फिर इलाज के दौरान ही उनकी शहादत हो गई थी। योगेंद्र वर्ष 1996 में भर्ती हुए थे। शनिवार को गांव में उनकी 22 वीं पुण्यतिथि मनाकर उन्हें याद किया गया। इस मौके पर साथियों ने योगेंद्र की गौरव गाथा सुनाई को वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
बेटे रवि ने कहा कि उसे ही नहीं पूरे परिवार बल्कि गांव के एक-एक बच्चे को पापा की शहादत पर गर्व है। इसके बाद विधायक ने शहीद योगेंद्र पाल सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी और पौधरोपण भी किया। इसके बाद विधायक जैसारी कला गांव पहुंचे। जहां उन्होंने अमर शहीद धर्मपाल सिंह लोधी जो लद्दाख सीमा पर तैनात थे। तैनाती के दौरान 5 अगस्त 2020 को ड्यूटी पर ही शहीद हो गए थे। विधायक ने उनकी पहली पुण्यतिथि पर प्राइमरी पाठशाला जैसारी में शहीद के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान डकोर थानाध्यक्ष एके वर्मा, एसएन खरे, जयंसिह साव, जागेश्वर प्रसाद, जानकी प्रसाद, संतोष सिंह, शैलेंद्र राजपूत, वीरेंद्र राजपूत, कृष्णकुमार आदि रहे।
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सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा ने कहा कि योगेंद्र की वीरता पर आज गांव ही नहीं पूरे जनपद को गर्व है। शहीद योगेंद्र के योगदान को कभी भी नहीं भुलाया जा सकता है। 26 जुलाई को कारगिल युद्ध को 22 साल बीत चुके हैं। इसी युद्ध में योगेंद्र पाल सिंह भी दुश्मनों की गोली का निशाना बने और फिर इलाज के दौरान ही उनकी शहादत हो गई थी। योगेंद्र वर्ष 1996 में भर्ती हुए थे। शनिवार को गांव में उनकी 22 वीं पुण्यतिथि मनाकर उन्हें याद किया गया। इस मौके पर साथियों ने योगेंद्र की गौरव गाथा सुनाई को वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
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बेटे रवि ने कहा कि उसे ही नहीं पूरे परिवार बल्कि गांव के एक-एक बच्चे को पापा की शहादत पर गर्व है। इसके बाद विधायक ने शहीद योगेंद्र पाल सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी और पौधरोपण भी किया। इसके बाद विधायक जैसारी कला गांव पहुंचे। जहां उन्होंने अमर शहीद धर्मपाल सिंह लोधी जो लद्दाख सीमा पर तैनात थे। तैनाती के दौरान 5 अगस्त 2020 को ड्यूटी पर ही शहीद हो गए थे। विधायक ने उनकी पहली पुण्यतिथि पर प्राइमरी पाठशाला जैसारी में शहीद के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान डकोर थानाध्यक्ष एके वर्मा, एसएन खरे, जयंसिह साव, जागेश्वर प्रसाद, जानकी प्रसाद, संतोष सिंह, शैलेंद्र राजपूत, वीरेंद्र राजपूत, कृष्णकुमार आदि रहे।
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