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स्वास्थ्य केंद्र की परखी हकीकत
अमर उजाला ब्यूरो, उरई
Updated Fri, 06 May 2016 10:53 PM IST
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निरीक्षण के बाद डाक्टरों से बातचीत करते महानिदेशक एमआर मलिक।
- फोटो : अमर उजाला
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स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के महानिदेशक व अपर निदेशक ने सामुदायिक स्वास्थ्य केेंद्र का शुक्रवार को निरीक्षण किया। इस दौरान अनियमितता पाए जाने पर प्रभारी चिकित्साधिकारी को फटकार लगाते हुए कड़ी हिदायत दी। महानिदेशक डा. एमआर मलिक ने अपर निदेशक परिवार कल्याण झांसी मडल सविता दुबे के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
कदौरा का शुक्रवार की शाम 5 बजे निरीक्षण किया। यहां वे 30 मिनट तक रुके। सबसे पहले प्रसव कक्ष में पहुंचे। यहां नवजात शिशु को लेकर एक महिला जमीन पर बैठी मिली। इस पर उन्होंने नर्स को कड़ी फटकार लगाई। कहा कि प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं से अगर डिलेवरी के पैसे मांगें तो खैर नहीं। इसके बाद औषधि कक्ष में जाकर दवाइयों की स्थिति देखी।
फार्मासिस्ट राजकुमार मिश्रा व रामखिलावन सिंह द्वारा दवा वितरण कार्य पर संतोष जताया। प्रभारी चिकित्साधिकारी डा.एसपी चौधरी से कहा कि कोई भी एएनएम अगर किसी मरीज से पैसा लेती है तो उस पर कार्रवाई करें। इस दौरान मौजूद लोगों ने शिकायत की कि लैब टेक्नीशियन रक्त जांच के नाम पर 50 रुपये वसूलते हैं और डिलेवरी के लिए पैसे मांगकर ग्रामीण
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क्षेत्रों से आए लोगों का उत्पीड़न किया जाता है। एक कर्मचारी ने स्वास्थ्य केेंद्र की पुरानी बिल्डिंग के ईंटा तीन लाख रुपये में बेचने की शिकायत भी की। इस पर उन्होंने प्रभारी चिकित्साधिकारी से जांच कर कार्रवाई करने के लिए कहा।
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कदौरा का शुक्रवार की शाम 5 बजे निरीक्षण किया। यहां वे 30 मिनट तक रुके। सबसे पहले प्रसव कक्ष में पहुंचे। यहां नवजात शिशु को लेकर एक महिला जमीन पर बैठी मिली। इस पर उन्होंने नर्स को कड़ी फटकार लगाई। कहा कि प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं से अगर डिलेवरी के पैसे मांगें तो खैर नहीं। इसके बाद औषधि कक्ष में जाकर दवाइयों की स्थिति देखी।
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फार्मासिस्ट राजकुमार मिश्रा व रामखिलावन सिंह द्वारा दवा वितरण कार्य पर संतोष जताया। प्रभारी चिकित्साधिकारी डा.एसपी चौधरी से कहा कि कोई भी एएनएम अगर किसी मरीज से पैसा लेती है तो उस पर कार्रवाई करें। इस दौरान मौजूद लोगों ने शिकायत की कि लैब टेक्नीशियन रक्त जांच के नाम पर 50 रुपये वसूलते हैं और डिलेवरी के लिए पैसे मांगकर ग्रामीण
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क्षेत्रों से आए लोगों का उत्पीड़न किया जाता है। एक कर्मचारी ने स्वास्थ्य केेंद्र की पुरानी बिल्डिंग के ईंटा तीन लाख रुपये में बेचने की शिकायत भी की। इस पर उन्होंने प्रभारी चिकित्साधिकारी से जांच कर कार्रवाई करने के लिए कहा।