{"_id":"613a4fd28ebc3e38a0719c30","slug":"hospital-sdm-acmo-dm-cmo-orai-news-knp651208374","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेगूं की रोकथाम में न बरती जाए लापरवाही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेगूं की रोकथाम में न बरती जाए लापरवाही
विज्ञापन
एट। कस्बे में पिछले दिनों निकले डेंगू मरीजों को लेकर स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। अपर निदेशक स्वास्थ्य निदेशक डॉ अल्पना बरतारिया ने गुरुवार को कस्बे का स्थलीय निरीक्षण कर डेंगू मरीजों का हालचाल लिया। उन्होंने स्वास्थ्य टीम को दिशा निर्देश देते हुए दवा एवं फागिंग मशीन से छिड़काव करने का निर्देश दिया
कस्बे में अचानक निकले 5 डेंगू मरीजों से जहां स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है उनकी डॉक्टरों की टीम डेंगू मरीजों के आसपास मोहल्लों में सैंपल लेकर उनकी जांच पड़ताल में जुटी हुई है वहीं दूसरी ओर स्वास्थ्य अपर निदेशक अल्पना बरतारिया, संयुक्त निदेशक रेखा ने कस्बे में डेंगू पीड़ितों के मोहल्लों का निरीक्षण किया। उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा घरों में लगे कूलर की टंकियों में पानी नहीं भरे। फ्रिज की ट्रे को प्रतिदिन साफ रखें। छतों पर भरकर पानी न रखें। संयुक्त निदेशक रेखा रानी ने मलेरिया एवं स्वास्थ्य टीम को निर्देश देते हुए कहा कि कस्बे में फागिंग मशीन दवा का छिड़काव कराया जाए। इस दौरान एसीएमओ डॉ एसडी चौधरी, जिला मलेरिया अधिकारी डॉ जीएस स्वर्णकार, मलेरिया इंस्पेक्टर सुरेश नागर, पीएचसी पिंडारी के प्रभारी कमलेश राजपूत, राजेश निरंजन, प्रकाश, हरि कुमार आदि रहे।
------------------
प्राइवेट डॉक्टर रखें बुखार के मरीजों का लेखाजोखा
एसीएमओ एचडी चौधरी, पीएचसी प्रभारी कमलेश राजपूत ने कस्बे में खुले प्राइवेट अस्पतालों के डॉक्टरों को निर्देश दिए गए हैं कि बुखार से पीड़ित मरीजों की पहले जांच कराई जाए। इसके बाद ही इलाज किया जाए। इसके साथ ही उनके रजिस्टर में नाम पता मोबाइल आधार कार्ड भी लिखा जाए और अधिक स्थिति खराब होने पर उन्हें नजदीकी पीएचसी, जिला अस्पताल या मेडिकल कॉलेज में भेजकर डेंगू की जांच कराएं। जिससे उनकी बीमारी का सही इलाज हो सके पीएचसी पिंडारी में भी डेंगू की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
-------
कोरोना का एक नया केस मिला
उरई। जिले में गुरुवार को कोरोना का एक केस आया। इसके साथ ही संक्रमितों की संख्या बढ़कर 11565 हो गई है। जिसमें 11354 ठीक हो चुके है। 201 की मौत हो चुकी है। फिलहाल 10 एक्टिव केस है। सभी मरीज होम आइसोलेशन में है। कोविड अस्पतालों में बेड खाली है। गुरुवार को 1603 सैंपल आरटीपीसीआर जांच के लिए भेजे गए। (संवाद)
विज्ञापन
कस्बे में अचानक निकले 5 डेंगू मरीजों से जहां स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है उनकी डॉक्टरों की टीम डेंगू मरीजों के आसपास मोहल्लों में सैंपल लेकर उनकी जांच पड़ताल में जुटी हुई है वहीं दूसरी ओर स्वास्थ्य अपर निदेशक अल्पना बरतारिया, संयुक्त निदेशक रेखा ने कस्बे में डेंगू पीड़ितों के मोहल्लों का निरीक्षण किया। उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा घरों में लगे कूलर की टंकियों में पानी नहीं भरे। फ्रिज की ट्रे को प्रतिदिन साफ रखें। छतों पर भरकर पानी न रखें। संयुक्त निदेशक रेखा रानी ने मलेरिया एवं स्वास्थ्य टीम को निर्देश देते हुए कहा कि कस्बे में फागिंग मशीन दवा का छिड़काव कराया जाए। इस दौरान एसीएमओ डॉ एसडी चौधरी, जिला मलेरिया अधिकारी डॉ जीएस स्वर्णकार, मलेरिया इंस्पेक्टर सुरेश नागर, पीएचसी पिंडारी के प्रभारी कमलेश राजपूत, राजेश निरंजन, प्रकाश, हरि कुमार आदि रहे।
विज्ञापन
------------------
प्राइवेट डॉक्टर रखें बुखार के मरीजों का लेखाजोखा
एसीएमओ एचडी चौधरी, पीएचसी प्रभारी कमलेश राजपूत ने कस्बे में खुले प्राइवेट अस्पतालों के डॉक्टरों को निर्देश दिए गए हैं कि बुखार से पीड़ित मरीजों की पहले जांच कराई जाए। इसके बाद ही इलाज किया जाए। इसके साथ ही उनके रजिस्टर में नाम पता मोबाइल आधार कार्ड भी लिखा जाए और अधिक स्थिति खराब होने पर उन्हें नजदीकी पीएचसी, जिला अस्पताल या मेडिकल कॉलेज में भेजकर डेंगू की जांच कराएं। जिससे उनकी बीमारी का सही इलाज हो सके पीएचसी पिंडारी में भी डेंगू की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
-------
कोरोना का एक नया केस मिला
उरई। जिले में गुरुवार को कोरोना का एक केस आया। इसके साथ ही संक्रमितों की संख्या बढ़कर 11565 हो गई है। जिसमें 11354 ठीक हो चुके है। 201 की मौत हो चुकी है। फिलहाल 10 एक्टिव केस है। सभी मरीज होम आइसोलेशन में है। कोविड अस्पतालों में बेड खाली है। गुरुवार को 1603 सैंपल आरटीपीसीआर जांच के लिए भेजे गए। (संवाद)