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दिव्यांगों को शादी पर मिलेंगा 35 हजार का अनुदान
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उरई। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से दिव्यागों के लिए विवाह प्रोत्साहन योजना शुरू की गई है। इसमें दिव्यांगजनों को शादी करने पर अधिकतम 35 हजार रुपये तक अनुदान दिया जाएगा। विभागीय अधिकारियों के अनुसार इस योजना के तहत पति-पत्नी में किसी एक के दिव्यांग होने पर व दोनों के दिव्यांग होने पर योजना का लाभ दिया जाएगा। दिव्यांगजन अधिकारी ने बताया कि योजना के आवेदन शुरू कर दिए गए है।
जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी शिव सिंह ने बताया है, कि दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग द्वारा संचालित दिव्यांगजन शादी विवाह पुरस्कार योजना का लाभ लेने हेतु ऐसे दिव्यांगजन जिनका विवाह 1 अप्रैल 2020 के बाद हुआ हो। वह दिव्यांग आवेदन कर सकते है। ऐसे दंपती जिनमें केवल पति दिव्यांग हो को 15000 की प्रोत्साहन राशि तथा ऐसे दिव्यांग दम्पत्ति जिनमें केवल पत्नी दिव्यांग हो को 20000 एवं ऐसे दंपती जिनमें पति पत्नी दोनों दिव्यांग हो को 35000 रुपए की एकमुश्त पुरस्कार की राशि दोनों के संयुक्त खातो में भेजी जाएगी। दिव्यांगजन अधिकारी ने बताया कि योजना के लिए आनलाइन व आफलाइन दोनों ही तरह से फार्म जामा करने होगें। उन्होंने बताया कि के आवेदन शुरू कर दिए गए है। उन्होंने लाभार्थियों से अपली की है कि वह अधिक से अधिक से संख्या में फार्म भर कर योजना का लाभ ले।
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आवेदन के लिए यह लगेंगे कागजात
योजना में आवेदन के लिए युवक और युवती दोनों दिव्यांग है तो संयुक्त नवीनतम फोटो, विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, दंपती में कोई आयकरदाता नही होना चाहिए। मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा जारी किया गया दिव्यांगता प्रमाण पत्र 40 प्रतिशत या उससे अधिक का होना अनिवार्य है। राष्ट्रीयकृत बैंक में संचालित संयुक्त खाते की पासबुक, निवास प्रमाण पत्र, युवक एवं युवती का आयु प्रमाण पत्र, शादी के समय युवक की आयु 21 वर्ष से कम तथा 45 वर्ष से अधिक न हो। युवती की आयु 18 वर्ष से कम तथा 45 वर्ष से अधिक न हो, युवक एवं युवती के आधार कार्ड की छायाप्रति।
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15 दिन बाद मूल कापी करें जमा
दिव्यांग अधिकारी ने बताया कि आनलाइन आवेदन कराने के बाद 15 दिवस के अन्दर आवेदन पत्र की हार्ड कापी समस्त संलग्न प्रपत्रों के साथ कार्यालय जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग में जमा कराया जाना अनिवार्य है, जिससे पत्रों की जांच के बाद उन पर उन्हें अनुदान राशि दिलवाई जा सके।
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जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी शिव सिंह ने बताया है, कि दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग द्वारा संचालित दिव्यांगजन शादी विवाह पुरस्कार योजना का लाभ लेने हेतु ऐसे दिव्यांगजन जिनका विवाह 1 अप्रैल 2020 के बाद हुआ हो। वह दिव्यांग आवेदन कर सकते है। ऐसे दंपती जिनमें केवल पति दिव्यांग हो को 15000 की प्रोत्साहन राशि तथा ऐसे दिव्यांग दम्पत्ति जिनमें केवल पत्नी दिव्यांग हो को 20000 एवं ऐसे दंपती जिनमें पति पत्नी दोनों दिव्यांग हो को 35000 रुपए की एकमुश्त पुरस्कार की राशि दोनों के संयुक्त खातो में भेजी जाएगी। दिव्यांगजन अधिकारी ने बताया कि योजना के लिए आनलाइन व आफलाइन दोनों ही तरह से फार्म जामा करने होगें। उन्होंने बताया कि के आवेदन शुरू कर दिए गए है। उन्होंने लाभार्थियों से अपली की है कि वह अधिक से अधिक से संख्या में फार्म भर कर योजना का लाभ ले।
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आवेदन के लिए यह लगेंगे कागजात
योजना में आवेदन के लिए युवक और युवती दोनों दिव्यांग है तो संयुक्त नवीनतम फोटो, विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, दंपती में कोई आयकरदाता नही होना चाहिए। मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा जारी किया गया दिव्यांगता प्रमाण पत्र 40 प्रतिशत या उससे अधिक का होना अनिवार्य है। राष्ट्रीयकृत बैंक में संचालित संयुक्त खाते की पासबुक, निवास प्रमाण पत्र, युवक एवं युवती का आयु प्रमाण पत्र, शादी के समय युवक की आयु 21 वर्ष से कम तथा 45 वर्ष से अधिक न हो। युवती की आयु 18 वर्ष से कम तथा 45 वर्ष से अधिक न हो, युवक एवं युवती के आधार कार्ड की छायाप्रति।
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15 दिन बाद मूल कापी करें जमा
दिव्यांग अधिकारी ने बताया कि आनलाइन आवेदन कराने के बाद 15 दिवस के अन्दर आवेदन पत्र की हार्ड कापी समस्त संलग्न प्रपत्रों के साथ कार्यालय जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग में जमा कराया जाना अनिवार्य है, जिससे पत्रों की जांच के बाद उन पर उन्हें अनुदान राशि दिलवाई जा सके।