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किशोर की हत्या में बड़ा भाई गिरफ्तार, परिजनों के गले नहीं उतर रहा खुलासा
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पुलिस गिरफ्त में भाई का हत्यारोपी समीर
- फोटो : ORAI
उरई। कोतवाली क्षेत्र में करीब सवा माह पूर्व हुई किशोर की हत्या में पुलिस ने आखिर में उसके सगे भाई को आरोपी बताकर गिरफ्तार किया है। पुलिस का खुलासा परिजनों के गले नहीं उतरा है। अधिकारी भी हत्या की कोई सही वजह नहीं बता पाए। खुलासा करते हुए एएसपी डॉ अवधेश सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ काफी साक्ष्य पुलिस ने एकत्र किए हैं। इसके बाद ही उसकी गिरफ्तारी की गई है।
बता दें कि 28 दिसंबर को क्षेत्र के कच्ची मलिन बस्ती बघौरा निवासी मजरुद्दीन के बेटे अजहर (10) का घर के पास ही स्थित नाले के निकट किसी ने गला रेत दिया था। कटी हुई गर्दन लेकर अजहर घर दौड़कर आया था। इसके बाद अस्पताल में अजहर की मौत हो गई थी। पुलिस ने मामले में हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस के शक की सुई शुरुआत से ही अजहर के करीबियों पर थी पर पर्याप्त साक्ष्य नहीं थे। एएसपी ने बताया कि अजहर बीमार रहता था, लिहाजा पिता का अधिकांश पैसा उसके इलाज में खर्च होता था।
इस बात से अजहर का बड़ा भाई समीर जो कि आपराधिक प्रवृत्ति का है, उसे ऐतराज था। वह पिता से टेंपो खरीदने की जिद कर रहा था। इसी खुन्नस में उसने अपने छोटे भाई की हत्या कर दी। एएसपी के मुताबिक समीर पर कई आपराधिक मामले उरई कोतवाली में दर्ज है और वह जेल भी जा चुका है। हालांकि पुलिस की कहानी में कई पेंच है। परिजन भी खुलासे को सही नहीं मान रहे हैं। उनका कहना है कि एक बेटे को ऊपरवाले ने छीन लिया है तो दूसरे को पुलिस बेवजह अपराधी बना रही है। पिता के मुताबिक घटना के वक्त समीर घर के पास ही एक दुकान पर बैठा हुआ था।
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बता दें कि 28 दिसंबर को क्षेत्र के कच्ची मलिन बस्ती बघौरा निवासी मजरुद्दीन के बेटे अजहर (10) का घर के पास ही स्थित नाले के निकट किसी ने गला रेत दिया था। कटी हुई गर्दन लेकर अजहर घर दौड़कर आया था। इसके बाद अस्पताल में अजहर की मौत हो गई थी। पुलिस ने मामले में हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस के शक की सुई शुरुआत से ही अजहर के करीबियों पर थी पर पर्याप्त साक्ष्य नहीं थे। एएसपी ने बताया कि अजहर बीमार रहता था, लिहाजा पिता का अधिकांश पैसा उसके इलाज में खर्च होता था।
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इस बात से अजहर का बड़ा भाई समीर जो कि आपराधिक प्रवृत्ति का है, उसे ऐतराज था। वह पिता से टेंपो खरीदने की जिद कर रहा था। इसी खुन्नस में उसने अपने छोटे भाई की हत्या कर दी। एएसपी के मुताबिक समीर पर कई आपराधिक मामले उरई कोतवाली में दर्ज है और वह जेल भी जा चुका है। हालांकि पुलिस की कहानी में कई पेंच है। परिजन भी खुलासे को सही नहीं मान रहे हैं। उनका कहना है कि एक बेटे को ऊपरवाले ने छीन लिया है तो दूसरे को पुलिस बेवजह अपराधी बना रही है। पिता के मुताबिक घटना के वक्त समीर घर के पास ही एक दुकान पर बैठा हुआ था।
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