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अदालत की अवमानना पर थानाध्यक्ष को जेल
अमर उजाला, इलाहाबाद
Updated Sat, 26 Oct 2013 12:06 AM IST
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उत्तर प्रदेश में इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश की
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नाफरमानी मेरठ जिले के लिसारी गेट थानाध्यक्ष को महंगी पड़ी। उनको शुक्रवार
को गिरफ्तार कर नैनी जेल (इलाहाबाद) भेज दिया गया।
इसी मामले में अदालत ने एसएसपी, एसपी और इंस्पेक्टर सिविल लाइंस मेरठ को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तलब कर लिया है। अधिकारियों को 12 नवंबर को हाजिर होना होगा।
शुक्रवार को प्रदेश सरकार की आपराधिक अपील पर सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति डीडी झा और न्यायमूर्ति पंकज नकवी की खंडपीठ ने यह आदेश दिया।
सरकार ने मेरठ के एक आपराधिक केस में अभियुक्त भूरा के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील दाखिल की थी। अपील पर कोर्ट ने भूरा की गिरफ्तारी का आदेश दिया। एक मार्च 2013 को भूरा की गिरफ्तारी का वारंट जारी किया गया। पुलिस भूरा को पकड़ने में नाकाम रही।
एसएसपी मेरठ ने कोर्ट को बताया कि भूरे का अपहरण हो गया है और प्राथमिकी लिसारी गेट थाने में दर्ज है। इसके बाद भी पुलिस उसे पकड़ने में नाकाम रही तो एसओ लिसारी गेट परवेज खान को तलब किया गया। वह हाजिर नहीं हुए तो उनके खिलाफ हाईकोर्ट ने गिरफ्तारी का वारंट जारी कर दिया।
इसके बाद भी पुलिस ने परवेज खान को गिरफ्तार नहीं किया। शुक्रवार को वह न्यायालय में हाजिर हुए तो खंडपीठ ने कहा कि कानून का शासन लागू करने के लिए सख्त कदम उठाना आवश्यक है।
हाईकोर्ट के महानिबंधक को निर्देश दिया है कि परवेज खान का नैनी जेल के लिए रिमांड बनाकर उनको जेल भेजा जाए। उनकी रिहाई पर अदालत ने अगली तारीख पर विचार करने के लिए कहा है।
इसी मामले में अदालत ने एसएसपी, एसपी और इंस्पेक्टर सिविल लाइंस मेरठ को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तलब कर लिया है। अधिकारियों को 12 नवंबर को हाजिर होना होगा।
शुक्रवार को प्रदेश सरकार की आपराधिक अपील पर सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति डीडी झा और न्यायमूर्ति पंकज नकवी की खंडपीठ ने यह आदेश दिया।
सरकार ने मेरठ के एक आपराधिक केस में अभियुक्त भूरा के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील दाखिल की थी। अपील पर कोर्ट ने भूरा की गिरफ्तारी का आदेश दिया। एक मार्च 2013 को भूरा की गिरफ्तारी का वारंट जारी किया गया। पुलिस भूरा को पकड़ने में नाकाम रही।
एसएसपी मेरठ ने कोर्ट को बताया कि भूरे का अपहरण हो गया है और प्राथमिकी लिसारी गेट थाने में दर्ज है। इसके बाद भी पुलिस उसे पकड़ने में नाकाम रही तो एसओ लिसारी गेट परवेज खान को तलब किया गया। वह हाजिर नहीं हुए तो उनके खिलाफ हाईकोर्ट ने गिरफ्तारी का वारंट जारी कर दिया।
इसके बाद भी पुलिस ने परवेज खान को गिरफ्तार नहीं किया। शुक्रवार को वह न्यायालय में हाजिर हुए तो खंडपीठ ने कहा कि कानून का शासन लागू करने के लिए सख्त कदम उठाना आवश्यक है।
हाईकोर्ट के महानिबंधक को निर्देश दिया है कि परवेज खान का नैनी जेल के लिए रिमांड बनाकर उनको जेल भेजा जाए। उनकी रिहाई पर अदालत ने अगली तारीख पर विचार करने के लिए कहा है।