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हाथरस : 10 ग्राम पंचायतों में ओडीएफ प्लस के तहत होंगे स्वच्छता के कार्य
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
खुले में शौचमुक्त (ओडीएफ) प्लस के तहत जिले की 10 ग्राम पंचायतों में स्वच्छता संबंधी कार्य शुरू कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसे लेकर ग्राम पंचायतों में विभिन्न तकनीकी विकल्पों व एस्टीमेट का निर्धारण कर दिया गया है।
शासन की ओर से स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज दो के तहत जिले की 10 ग्राम पंचायतों में स्थायित्व ओडीएफ के लिए कार्ययोजना को स्वीकृति दी गई थी। अब इसके हिसाब से कार्य शुरू किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) साहित्य प्रकाश मिश्र ने शासन की ओर से जारी मार्ग दर्शिका के सापेक्ष बजट खर्च किए जाने के निर्देश जारी किए हैं।
उन्होंने कहा है कि व्यक्तिगत सोख गड्ढा, सामुदायिक सोख गड्ढा, सामुदायिक कंपोस्ट पिट, विन कंपोस्टिंग, नाडेप कंपोस्टिंग, हीप कंपोस्टिंग, वर्मी कंपोस्टिंग, गोवर्धन, प्लास्टिक मैनेजमेंट, डब्ल्यू एसपी के लिए दरों का निर्धारण कर दिया गया है। इसके सापेक्ष धनराशि का व्यय किया जाए। उन्होंने कहा है कि इन कार्यों के लिए अलग से डिजायन व एस्टीमेट की कोई आवश्यकता नहीं होगी। संवाद
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खुले में शौचमुक्त (ओडीएफ) प्लस के तहत जिले की 10 ग्राम पंचायतों में स्वच्छता संबंधी कार्य शुरू कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसे लेकर ग्राम पंचायतों में विभिन्न तकनीकी विकल्पों व एस्टीमेट का निर्धारण कर दिया गया है।
शासन की ओर से स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) फेज दो के तहत जिले की 10 ग्राम पंचायतों में स्थायित्व ओडीएफ के लिए कार्ययोजना को स्वीकृति दी गई थी। अब इसके हिसाब से कार्य शुरू किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) साहित्य प्रकाश मिश्र ने शासन की ओर से जारी मार्ग दर्शिका के सापेक्ष बजट खर्च किए जाने के निर्देश जारी किए हैं।
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उन्होंने कहा है कि व्यक्तिगत सोख गड्ढा, सामुदायिक सोख गड्ढा, सामुदायिक कंपोस्ट पिट, विन कंपोस्टिंग, नाडेप कंपोस्टिंग, हीप कंपोस्टिंग, वर्मी कंपोस्टिंग, गोवर्धन, प्लास्टिक मैनेजमेंट, डब्ल्यू एसपी के लिए दरों का निर्धारण कर दिया गया है। इसके सापेक्ष धनराशि का व्यय किया जाए। उन्होंने कहा है कि इन कार्यों के लिए अलग से डिजायन व एस्टीमेट की कोई आवश्यकता नहीं होगी। संवाद
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