सांकरा क्षेत्र में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। सांकरा–रुस्तमनगर मार्ग पर पानी सड़कों पर बह रहा है। गंगा पट्टी के 12 गांवों के खेतों में पानी भरने से फसलें पूरी तरह जलमग्न हो गई हैं। पानी धीरे-धीरे आबादी की ओर बढ़ रहा है। प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है।
पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण गंगा नदी में जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। नरौरा बैराज से शुक्रवार की शाम को 2.13 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जिसके कारण गंगा नदी खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है और जलस्तर बढ़ने की आशंका है। सांकरा घाट स्थित आश्रम चारों ओर से पानी से घिर चुका है। सांकरा–रुस्तमनगर मार्ग पर गंगा पानी सड़कों पर बह रहा है। गांवों में अफरा-तफरी का माहौल है। अब पानी आबादी की तरफ बढ़ने लगा है, जिससे दीनापुर, टोडरपुर, हमीदपुर, बबरोतिया, सीसई, गहतोली, रुस्तमनगर, आलिया नगला, किरतौली, सीकरी, नवीपुर और हारनपुर कला जैसे बाढ़ संभावित गांवों में चिंता बढ़ गई है। बाढ़ की आशंका पर प्रशासन पूरी तरह से सतर्कता बरत रहा है। अलर्ट जारी कर दिया गया है। सांकरा स्थित श्रीकृष्ण इंटर कॉलेज में अस्थायी बाढ़ चौकी स्थापित की गई है।