फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Upper caste voters confused for the first time

पहली बार उच्च जाति का मतदाता असमंजस में

Tue, 15 Feb 2022 11:00 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 15 Feb 2022 11:00 PM IST
विज्ञापन
Upper caste voters confused for the first time
संडीला। विस क्षेत्र के चुनाव में पहली बार क्षत्रिय, ब्राह्मण, कायस्थ, वैश्य आदि उच्च जाति के मतदाता असमंजस में हैं, क्योंकि भाजपा की प्रत्याशी पिछड़ी जाति की हैं। सपा, कांग्रेस के प्रत्याशी भी पिछड़ी जाति के हैं, जबकि बसपा प्रत्याशी उच्च जाति के हैं।
विज्ञापन

आजादी के बाद 1957 में हुए पहले विधानसभा चुनाव में प्रजा सोशलिस्ट पार्टी से मोहन लाल वर्मा चुनाव जीते थे, जो पिछड़ी जाति के थे। उसके बाद 1962 में हुए चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी पंचम लाल चुनाव जीते थे और वह भी पिछड़ी जाति के थे।
विज्ञापन

1967 में जनसंघ से लाला काशीनाथ मेहरोत्रा फिर 1969 में कांग्रेस से पहली बार कुदेशिया बेगम, उसके बाद 1974 में जनसंघ से लाला काशीनाथ मेहरोत्रा, फिर 1977, 1980, 1985 में कुदेशिया बेगम लगातार जीतती रहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन

उसके बाद 1989 में नई बनी जनता पार्टी से सुरेंद्र कुमार दुबे विधायक बने। उसके बाद 1991 व 1993 राजा भरावन कुंअर महाबीर सिंह चुनाव जीते थे। 1996, 2002 व 2007 तक बसपा से अब्दुल मन्नान विधायक बने थे।
2012 में कुंअर महाबीर सिंह, उसके बाद 2017 राजकुमार अग्रवाल विधायक बने थे। यह सभी उच्च जाति से ही ताल्लुक रखते थे। ऐसे में उच्च जाति के लोगों को किधर जाना है, यह तय करने में मुश्किल नहीं होती थी।
यही नहीं उच्च जाति के मतदाता अधिकतर भाजपा की तरफ ही झुकते रहे हैं, लेकिन अबकी उन्हें मुश्किल हो रही है। यही नहीं भाजपा और सपा के प्रत्याशी एक ही बिरादरी के हैं।
इस पर भी उच्च जाति के मतदाता नहीं तय कर पा रहे कि क्या करें। अभी तक वे खुलकर नहीं आए हैं। तमाम लोगों का कहना है कि यदि सपा डॉ. अश्विनी सिंह को टिकट देती तो कहानी ही कुछ और होती, क्योंकि वह पिछले 10 वर्षों से क्षेत्र में सक्रिय थे।

सुभासपा और भाजपा प्रत्याशी अर्कवंशी है। इस समुदाय का 42,000 वोट है, जिसमें बंटवारा हो सकता है। बसपा प्रत्याशी भी शेख जाति के हैं जो उच्च जाति में आते हैं।
ऐसे में उच्च जाति के मतदाताओं को यह तय करने में मुश्किल हो रही कि वे क्या करें, जबकि मतदान को एक सप्ताह ही बचा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed