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सीमाएं पार अगर कर दी तो लाशों के...
ब्यूरो/अमर उजाला, हरदोई
Updated Sat, 27 Dec 2014 12:30 AM IST
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के उपलक्ष्य में चौक में कवि सम्मेलन में कवियों ने कई विधाओं पर काव्य पाठ
कर लोगों की जमकर वाहवाही लूटी।
कवि सुखदेव पांडेय ने कहा कि ‘तुम हो एक विशेष वर्ग की मै बस ऐसा वैसा हूं, तुम हो सत्ता पक्ष की कुर्सी मैं विपक्ष के जैसा हूं’। कवि सुनील बाजपेयी ने पढ़ा, ‘प्राण गंवाकर हमने पायी थी जो अब वह शान कहां विश्व पटल के मानचित्र पर पहले जैसा मान कहां’। रामनरेश सिंह चौहान ने काव्य पाठ करते हुए कहा कि ‘भारत मां के दिव्य लाल तुम’।
पप्पू दीक्षित ने कहा कि ‘सीमाएं पार अगर कर दी तो लाशों के ढेर लगा देंगे, नापाक इरादों के लोगों जिंदा न तुम्हें जाने देंगे’। कवि मुकेश द्विवेदी ने कहा कि ‘विश्व पटल पर जिसकी छवि को है उकेरता मोदी, ऐसा होगा अटल सुशासन भारत का तप बल है’। करुणेश दीक्षित ने पढ़ा, ‘भारत के रत्न की न बात पूछिये जी आप बात बात में अटल ही अटल है’।
कवि अमरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि ‘आंख खुली तब भेद मिला यह ढोग किया बन साधुराम, प्यार मोहब्बत के चक्कर मा जेल पहुंच गए आशाराम’। इस मौके पर आशीष मिश्रा, सुशील अवस्थी आदि कवियों ने काव्य पाठ किया। इधर, भाजयुमो के तत्वावधान में गायत्री मंदिर प्रांगण में आयोजित कवि सम्मेलन में प्रदेश चिकित्सा प्रकोष्ठ के डा. हिमांशु सेठी ने कार्यक्रम में मौजूद कवियोें को सम्मानित करते हुए शाल प्रदान की।
कवि सुखदेव पांडेय ने कहा कि ‘तुम हो एक विशेष वर्ग की मै बस ऐसा वैसा हूं, तुम हो सत्ता पक्ष की कुर्सी मैं विपक्ष के जैसा हूं’। कवि सुनील बाजपेयी ने पढ़ा, ‘प्राण गंवाकर हमने पायी थी जो अब वह शान कहां विश्व पटल के मानचित्र पर पहले जैसा मान कहां’। रामनरेश सिंह चौहान ने काव्य पाठ करते हुए कहा कि ‘भारत मां के दिव्य लाल तुम’।
पप्पू दीक्षित ने कहा कि ‘सीमाएं पार अगर कर दी तो लाशों के ढेर लगा देंगे, नापाक इरादों के लोगों जिंदा न तुम्हें जाने देंगे’। कवि मुकेश द्विवेदी ने कहा कि ‘विश्व पटल पर जिसकी छवि को है उकेरता मोदी, ऐसा होगा अटल सुशासन भारत का तप बल है’। करुणेश दीक्षित ने पढ़ा, ‘भारत के रत्न की न बात पूछिये जी आप बात बात में अटल ही अटल है’।
कवि अमरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि ‘आंख खुली तब भेद मिला यह ढोग किया बन साधुराम, प्यार मोहब्बत के चक्कर मा जेल पहुंच गए आशाराम’। इस मौके पर आशीष मिश्रा, सुशील अवस्थी आदि कवियों ने काव्य पाठ किया। इधर, भाजयुमो के तत्वावधान में गायत्री मंदिर प्रांगण में आयोजित कवि सम्मेलन में प्रदेश चिकित्सा प्रकोष्ठ के डा. हिमांशु सेठी ने कार्यक्रम में मौजूद कवियोें को सम्मानित करते हुए शाल प्रदान की।