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ढूंढे से नहीं मिल रहे बीएलओ, मतदाता परेशान
ब्यूरो/अमर उजाला, हापुड़
Updated Sat, 16 Jul 2016 10:57 PM IST
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मतदाता
- फोटो : अमर उजाला
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मतदाता सूची के सत्यापन में लगाए गए 854 बीएलओ में से अधिकांश की लापरवाही के कारण यह मतदाता परेशान हैं। आलम यह है कि मतदाताओं को बीएलओ को ढूंढना पड़ रहा है। हालांकि अब तक इस अभियान में 16 हजार लोगों के नाम सूची से हटाए गए हैं।
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तीनों विधान सभा क्षेत्रों में मतदाता सूची के सत्यापन का काम चल रहा है। इस कार्य में 854 बीएलओ को शहरी और ग्रामीण इलाकों में लगाया गया है। बीएलओ को निर्देशित किया गया है कि वह घर घर जाकर मतदाताओं की जानकारी हासिल करें।
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लेकिन अफसरों के आदेश को बीएलओ ठेंगा दिखा रहे हैं। अधिकांश बीएलओ घर घर नहीं जा रहे हैं बल्कि ग्राम प्रधान या फिर पालिका सदस्य के यहां बैठकर ही मतदाता सूची का सत्यापन कर रहे हैं।
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बीएलओ की इस कार्यशैली से वास्तविक मतदाताओं के सत्यापन के कार्यक्रम की जानकारी नहीं मिल पा रही है और मतदाता पुनरीक्षण का अभियान लापरवाही की भेंट चढ़ रहा है।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी श्रवण कुमार त्यागी ने बताया कि इस अभियान में अब तक 45527 त्रुटियों में से 43896 को सही कराया जा चुका है अब जल्द ही शेष काम भी पूरा कर लिया जाएगा।
मतदाता सूची के सत्यापन में अब तक करीब 16000 नाम काटे गए हैं। इनमें से करीब 6000 मृतक हैं और 6451 शहर से बाहर चले गए। 1700 मतदाता ऐसे हैं जिनके नाम दो स्थानों पर हैं।
मतदाता सूची के सत्यापन कार्य में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। तहसीलदार और एसडीएम को निर्देशित किए हैं कि बीएलओ को समय-समय पर जांच कराएं कि वह घर घर जा रहे हैं या नहीं। लापरवाह बीएलओ की सूची दी जाए ताकि उनके खिलाफ कार्यवाही हो सके। अनिल ढींगरा जिलाधिकारी हापुड़