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पावर कॉरपोरेशन का बेसिक शिक्षा विभाग पर 70 लाख का बकाया
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पावर कॉरपोरेशन का बेसिक शिक्षा विभाग पर 70 लाख का बकाया
पिलखुवा। प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्कूलों में पढ़ाई कर रहे छात्रों को ेगर्मी में परेशानी उठानी पड़ेगी। पिलखुवा डिवीजन का बेसिक शिक्षा विभाग पर 70 लाख रूपया बकाया हैं। अफसरों के पास बिल जमा करने के लिए बजट नहीं हैं, तो स्कूलों स्कूलों को भीष्ण गर्मियों में बिजली नहीं मिलेगी। तहसील क्षेत्र के करीब पांच स्कूलों में बिजली का कनेक्शन तक नहीं हैं।
सरकार करोड़ो रूपया पानी की तरह बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूलों की काया पलटने के लिए खर्च कर रही हैं। लेकिन बेसिक शिक्षा विभाग पर पावर कॉरपोरेशन के बिजली का बिल तक जमा नहीं किया जा रहा हैं। धौलाना तहसील क्षेत्र बात करें तो यहां पर बेसिक शिक्षा विभाग के 89 स्कूल ग्रामीण क्षेत्र के और सात स्कूल शहरी इलाका में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक संचालित हैं, और ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों में 14 हजार 267 एवं शहरी क्षेत्र के विद्यालयों में लगभग 850 छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। पावर कॉरपोरेशन का इन स्कूलों पर 70 लाख रूपया बिजली बिल का बकाया हैं। बिल जमा नहीं होने के कारण अधिकांश स्कूलों की सप्लाई ठप हैं। गर्मी का दौर शुरू हो गया, तो अब बच्चों को भीष्ण गर्मी में बैठकर पढ़ाई करनी होगी। विद्यालयों में लगे पंखा और अन्य उपकरण अधिकांश खराब हो चुके हैं। इसके अलावा दो शहरी और तीन ग्रामीण स्कूलों में अभी तक बिजली का कनेक्शन ही नहीं हैं।
ऊर्जा निगम के एसडीओ नितिन गुप्ता का कहना है कि पिलखुवा डिवीजन का वर्ष 2018 तक बेसिक विभाग लगभग 62 लाख बकाया है, जो बेसिक विभाग द्वारा जमा किया जाना। उन्होने बताया साल 2018 के बाद से बिजली बिल का भुगतान ग्राम पंचायतों द्वारा किया जाना है, फरवरी 21 तक ग्राम पंचायतों पर करीब 8 लाख का बकाया हैं।
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धौलाना तहसील के खंड शिक्षा अधिकारी मुंशी लाल पटेल का कहना है कि बिजली बिल के बकाये के लिए उच्चाधिकारियों के माध्यम से शासन को लिखा गया हैं। स्कूलों में बिजली की व्यवस्था कराई जाएगी। खराब पड़े पंखा और उपकरण हटवाकर स्कूलों में नए लगाए जाएंगे। शासन के बजट आने के बाद बिल का भुगतान करा दिया जाएगा। जिन स्कूलों में बिजली का कनेक्शन नहीं, उनमें शीघ्र कराए जाएंगे।
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पिलखुवा। प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्कूलों में पढ़ाई कर रहे छात्रों को ेगर्मी में परेशानी उठानी पड़ेगी। पिलखुवा डिवीजन का बेसिक शिक्षा विभाग पर 70 लाख रूपया बकाया हैं। अफसरों के पास बिल जमा करने के लिए बजट नहीं हैं, तो स्कूलों स्कूलों को भीष्ण गर्मियों में बिजली नहीं मिलेगी। तहसील क्षेत्र के करीब पांच स्कूलों में बिजली का कनेक्शन तक नहीं हैं।
सरकार करोड़ो रूपया पानी की तरह बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूलों की काया पलटने के लिए खर्च कर रही हैं। लेकिन बेसिक शिक्षा विभाग पर पावर कॉरपोरेशन के बिजली का बिल तक जमा नहीं किया जा रहा हैं। धौलाना तहसील क्षेत्र बात करें तो यहां पर बेसिक शिक्षा विभाग के 89 स्कूल ग्रामीण क्षेत्र के और सात स्कूल शहरी इलाका में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक संचालित हैं, और ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों में 14 हजार 267 एवं शहरी क्षेत्र के विद्यालयों में लगभग 850 छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। पावर कॉरपोरेशन का इन स्कूलों पर 70 लाख रूपया बिजली बिल का बकाया हैं। बिल जमा नहीं होने के कारण अधिकांश स्कूलों की सप्लाई ठप हैं। गर्मी का दौर शुरू हो गया, तो अब बच्चों को भीष्ण गर्मी में बैठकर पढ़ाई करनी होगी। विद्यालयों में लगे पंखा और अन्य उपकरण अधिकांश खराब हो चुके हैं। इसके अलावा दो शहरी और तीन ग्रामीण स्कूलों में अभी तक बिजली का कनेक्शन ही नहीं हैं।
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ऊर्जा निगम के एसडीओ नितिन गुप्ता का कहना है कि पिलखुवा डिवीजन का वर्ष 2018 तक बेसिक विभाग लगभग 62 लाख बकाया है, जो बेसिक विभाग द्वारा जमा किया जाना। उन्होने बताया साल 2018 के बाद से बिजली बिल का भुगतान ग्राम पंचायतों द्वारा किया जाना है, फरवरी 21 तक ग्राम पंचायतों पर करीब 8 लाख का बकाया हैं।
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धौलाना तहसील के खंड शिक्षा अधिकारी मुंशी लाल पटेल का कहना है कि बिजली बिल के बकाये के लिए उच्चाधिकारियों के माध्यम से शासन को लिखा गया हैं। स्कूलों में बिजली की व्यवस्था कराई जाएगी। खराब पड़े पंखा और उपकरण हटवाकर स्कूलों में नए लगाए जाएंगे। शासन के बजट आने के बाद बिल का भुगतान करा दिया जाएगा। जिन स्कूलों में बिजली का कनेक्शन नहीं, उनमें शीघ्र कराए जाएंगे।