{"_id":"60bfb12a8ebc3e79190846ec","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd220093536","type":"story","status":"publish","title_hn":"सितंबर में शुरू होगा मेरठ- गढ़ हाईवे का चौड़ीकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सितंबर में शुरू होगा मेरठ- गढ़ हाईवे का चौड़ीकरण
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सितंबर में शुरू होगा मेरठ- गढ़ हाईवे का चौड़ीकरण
हापुड़। गढ़-मेरठ एक्सप्रेसवे का निर्माण अफसरों की हीला हवाली से पीछे खिसक रहा है। अब निर्माण सितंबर से शुरू हो सकेगा। डीएम ने परियोजना निदेशक के साथ बैठक कर नाराजगी जताई तथा संबंधित किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा वितरित करने के आदेश दिए।
मेरठ-गढ़ एनएच-709 ए पर अप्रैल के बाद काफी समय से काम शुरू होने की बात कही जा रही थी। इस रोड का दो लेन से चार लेन चौड़ीकरण होना है। इसके लिए कार्यदायी संस्था का भी चयन हो गया। लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते यह कार्य करीब तीन माह पिछड़ गया। एनएचएआई के अधिकारियों के अनुसार मेरठ-गढ़ हाईवे एनएच-709 ए के निर्माण में तेजी की बात कह रहा है। लेकिन अभी अधिग्रहण का काफी काम बाकी है।
आठ गांवों की जमीन का होगा अधिग्रहण
हापुड़ जिले के आठ गांव बदरखा, दौताई, खिलवाई, जनूपुरा, पौपाई, निजामपुर हिरनपुरा, लोधीपुर सोभन, नानपुर की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।
710 करोड़ का बंटना है मुआवजा
मेरठ-गढ़ हाईवे निर्माण के लिए मेरठ और हापुड़ जिले के 36 गांवों में करीब 710 करोड़ का मुआवजा वितरित होना है, जिसमें मेरठ जिले के 289 गांवों के भू-स्वामियों को करीब 600 करोड़ और हापुड़ जिले के आठ गांवों के भूस्वामियों को 110 करोड़ का मुआवजा दिया जाना है। मेरठ में करीब 260 करोड़ और हापुड़ में करीब 23 करोड़ रुपया ही बंटा है। 30 अप्रैल तक मुआवजा पूरा वितरित करने की योजना थी, लेकिन अभी तक आधा भी मुआवजा वितरित नहीं हो सका है।
विज्ञापन
डीएम ने मुआवजा वितरण में तेजी के दिए आदेश
हाईवे के चौड़ीकरण का कार्य जल्द हो सके, इसके लिए डीएम अनुज सिंह, पीडी मोहम्मद खालिद, एसडीएम गढ़ विजयवर्धन तोमर के साथ बैठक करते हुए हीलाहवाली पर नाराजगी जाहिर की थी। जिसमें परियोजना निदेशक ने बताया कि इस हाईवे के लिए मेरठ जिले में 28 गांव और हापुड़ जिले में आठ गांव की जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। जमीन की उपलब्धता पर अब तेजी से काम प्रारंभ कर दिया गया है। जमीन उपलब्ध होते ही निर्माण कार्य प्रारंभ हो जाएगा। करीब डेढ़ से दो साल में यह हाईवे बनकर तैयार हो जाएगा। अब निर्माण कार्य के लिए तेजी से कार्रवाई चल रही है। अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी करने के बाद सितंबर माह में हर हाल में चौड़ीकरण का कार्य शुरू हो जाएगा।
अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। हापुड़ जिले के आठ गांवों के लोगों को मुआवजा वितरित होना है। सितंबर में हाइवे का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
- मोहम्मद खालिद, परियोजना निदेशक, एनएचएआई मुरादाबाद
विज्ञापन
हापुड़। गढ़-मेरठ एक्सप्रेसवे का निर्माण अफसरों की हीला हवाली से पीछे खिसक रहा है। अब निर्माण सितंबर से शुरू हो सकेगा। डीएम ने परियोजना निदेशक के साथ बैठक कर नाराजगी जताई तथा संबंधित किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा वितरित करने के आदेश दिए।
मेरठ-गढ़ एनएच-709 ए पर अप्रैल के बाद काफी समय से काम शुरू होने की बात कही जा रही थी। इस रोड का दो लेन से चार लेन चौड़ीकरण होना है। इसके लिए कार्यदायी संस्था का भी चयन हो गया। लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते यह कार्य करीब तीन माह पिछड़ गया। एनएचएआई के अधिकारियों के अनुसार मेरठ-गढ़ हाईवे एनएच-709 ए के निर्माण में तेजी की बात कह रहा है। लेकिन अभी अधिग्रहण का काफी काम बाकी है।
विज्ञापन
आठ गांवों की जमीन का होगा अधिग्रहण
हापुड़ जिले के आठ गांव बदरखा, दौताई, खिलवाई, जनूपुरा, पौपाई, निजामपुर हिरनपुरा, लोधीपुर सोभन, नानपुर की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।
710 करोड़ का बंटना है मुआवजा
मेरठ-गढ़ हाईवे निर्माण के लिए मेरठ और हापुड़ जिले के 36 गांवों में करीब 710 करोड़ का मुआवजा वितरित होना है, जिसमें मेरठ जिले के 289 गांवों के भू-स्वामियों को करीब 600 करोड़ और हापुड़ जिले के आठ गांवों के भूस्वामियों को 110 करोड़ का मुआवजा दिया जाना है। मेरठ में करीब 260 करोड़ और हापुड़ में करीब 23 करोड़ रुपया ही बंटा है। 30 अप्रैल तक मुआवजा पूरा वितरित करने की योजना थी, लेकिन अभी तक आधा भी मुआवजा वितरित नहीं हो सका है।
विज्ञापन
डीएम ने मुआवजा वितरण में तेजी के दिए आदेश
हाईवे के चौड़ीकरण का कार्य जल्द हो सके, इसके लिए डीएम अनुज सिंह, पीडी मोहम्मद खालिद, एसडीएम गढ़ विजयवर्धन तोमर के साथ बैठक करते हुए हीलाहवाली पर नाराजगी जाहिर की थी। जिसमें परियोजना निदेशक ने बताया कि इस हाईवे के लिए मेरठ जिले में 28 गांव और हापुड़ जिले में आठ गांव की जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। जमीन की उपलब्धता पर अब तेजी से काम प्रारंभ कर दिया गया है। जमीन उपलब्ध होते ही निर्माण कार्य प्रारंभ हो जाएगा। करीब डेढ़ से दो साल में यह हाईवे बनकर तैयार हो जाएगा। अब निर्माण कार्य के लिए तेजी से कार्रवाई चल रही है। अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी करने के बाद सितंबर माह में हर हाल में चौड़ीकरण का कार्य शुरू हो जाएगा।
अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। हापुड़ जिले के आठ गांवों के लोगों को मुआवजा वितरित होना है। सितंबर में हाइवे का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
- मोहम्मद खालिद, परियोजना निदेशक, एनएचएआई मुरादाबाद