{"_id":"586139c14f1c1b8640eebbe9","slug":"aged-lined-up-unconscious","type":"story","status":"publish","title_hn":" बैंक की लाइन में खड़ा वृद्ध हुआ बेहोश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बैंक की लाइन में खड़ा वृद्ध हुआ बेहोश
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़
Updated Mon, 26 Dec 2016 09:18 PM IST
विज्ञापन
वृद्ध हुआ बेहोश
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बैंक के बाहर सोमवार को लाइन में काफी समय से खड़ा एक वृद्ध गश खाकर जमीन पर गिर पड़ा। इससे उसे सिर में काफी चोट आ गई है। बैंक के होमगार्ड ने उसे अस्पताल में भर्ती करवाया है।
विज्ञापन
बहादुरगढ़ क्षेत्र के डेहरा कुटी के यूपी सर्व ग्रामीण बैंक के बाहर सोमवार को पैसा निकालने और चलन से बाहर हुए नोट जमा करने वाले लोग लाइन लगाकर खड़े थे। दोपहर करीब साढ़े 12 बजे लाइन में खड़े पीतम सिंह (61) निवासी डेहरा रामपुर की तबियत अचानक बिगड़ गई
विज्ञापन
और वह गश खाकर गिर पड़े। इससे उन्हें सिर में काफी चोट आ गई। बुजुर्ग के जमीन पर गिरने से लाइन में खड़े लोगों में अफरा तफरी मच गई। हालांकि इस दौरान कोई भी लाइन छोड़कर उनकी मदद के लिए आगे नहीं बढ़ा।
विज्ञापन
ड्यूटी पर तैनात होमगार्ड यशपाल ने उन्हें उठाया और नजदीक के अस्पताल में ले गया। वृद्ध का इलाज कर रहे निजी चिकित्सक ने बताया कि पीतम सिंह के सिर में काफी चोट आई है। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर है।
दो दिन की छुट्टी के बाद सोमवार सुबह खुले बैंकों में लेनदेन के लिए ग्राहकों की भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान ग्राहकों को घंटों कतार में लगना पड़ा। शनिवार को महीने का चौथा शनिवार और रविवार को साप्ताहिक अवकाश के कारण बैंक बंद थे।
ऐसे में ग्राहकों के पास पैसे निकालने के लिए एटीएम ही एकमात्र विकल्प थे, लेकिन ज्यादातर एटीएम ड्राई थे। इसके चलते सभी बैंकों के खुलने का इंतजार कर रहे थे। सोमवार सुबह जैसे ही बैंक खुले, ग्राहकों की भीड़ उमड़ गई।
भारतीय स्टेट बैंक में पैसे निकालने के लिए पहुंचे प्रभात और देवेंद्र ने कहा कि सुबह आठ बजे बैंक के बाहर कतार में लगे थे, लेकिन दोपहर एक साढ़े 12 बजे नंबर आ सका। एसबीआई पिलखुवा के प्रबंधक चरण सिंह गौतम ने बताया कि भीड़ को देखते हुए अतिरिक्त काउंटर खोले गए थे।
नोटबंदी से हो रही परेशानी को लेकर सोमवार को उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने कलक्ट्रेट में वित्त मंत्री के नाम जिलाधिकारी अनिल ढींगरा को ज्ञापन दिया। व्यापारियों ने बैंक से पैसा निकासी और पांच सौ के नोटों के आपूर्ति संबंधी मांगे कीं।
ज्ञापन में जिलाध्यक्ष जितेंद्र गोयल ने कहा कि नोटबंदी से व्यापार और कारोबार बुरी तरह से प्रभावित है। ऐेसे में सरकार को व्यापारियों के राहत देने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि बैंक से पैसा निकासी की सीमा को समाप्त किया जाए।
व्यापारियों की उधारी डूबने की दशा में केंद्र सरकार क्षति पूर्ति करने की व्यवस्था करे। बैंकों में 500 के नोटों की आपूर्ति बढ़ाई जाए और पुराने नोट जमा करने की तिथि 31 दिसंबर से बढ़ाकर 30 जनवरी तक की जाए।
इसके अलावा साइबर अपराधों के निस्तारण संबंधी कानून, कैशलेस व्यवस्था जबरदस्ती न थोपने और राजनीतिक दलों पर भी आयकर कानून लागू करने जैसी भी मांगें की गईं। ज्ञापन देने वालों में जिला कोषाध्यक्ष सुशील गुप्ता,
महामंत्री भारत भूषण सिंहल, केके मित्तल, नरेश अग्रवाल, पंकज मित्तल, दिपांशु गर्ग, तरुण सिंहल, सौरभ गुप्ता, ललित गर्ग, संजीव, मनोज कर्णवाल, प्रवीण वर्मा, लोकेश गोयल शालिम थे।