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बच्चे को पोलियो की आशंका से सनसनी
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बच्चे को पोलियो की आशंका से सनसनी
हापुड़। गांव दयानतपुर में नौ वर्षीय मासूम को पोलियो की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा दिया। बच्चे के हाथ व पैर तेजी से सूख रहे हैं। परिजनों ने सरकारी अस्पताल के चिकित्सकों पर उपचार न करने तथा सैंपल रिपोर्ट न सौंपने का आरोप लगाया है। हालांकि डब्ल्यूएचओ ने जांच रिपोर्ट में पोलियो न होने का दावा किया है।
स्वास्थ्य अफसरों के अनुसार देश को पोलियो मुक्त घोषित किया जा चुका है। बीते आठ वर्ष से देश में पोलियो का कोई मरीज प्रकाश में नहीं आया है। ऐसे में हापुड़ के गांव दयानतपुर में एक बच्चे के पैर सूखने पर क्षेत्र में पोलियो फैलने की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग के अफसरों में हड़कंप मचा दिया।
गांव दयानतपुर निवासी अमित कुमार का 9 वर्षीय पुत्र पीयूष कुमार इन दिनों असाधारण बीमारी की चपेट में आ गया है। उसके पैर और हाथ सूखते जा रहे हैं। परिजनों का कहना है कि निजी चिकित्सकों ने पीयूष को पोलियो होना बताया है।
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आरोप है कि गढ़ रोड सीएचसी में वह बच्चे को लेकर गए तो चिकित्सकों ने सैंपल ले लिए, लेकिन दो महीने बाद भी उन्हें रिपोर्ट नहीं दी जा सकी है और न ही बच्चे का उपचार शुरू किया गया है।
बेहद गरीब परिवार होने के कारण बच्चे के उपचार में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी अस्पतालों के चिकित्सक इस बीमारी को लेकर कतई गंभीर नहीं दिखाई पड़ रहे हैं।
हालांकि डब्ल्यूएचओ का दावा है कि उन्होंने बच्चे के सैंपलों की जांच करा ली है। दोनों ही सैंपल निगेटिव आए हैं, इससे स्पष्ट होता है कि बच्चे को पोलियो नहीं है। हालांकि यह रिपोर्ट अभी परिजनों को नहीं मिली है, जिसके चलते अभिभावक संतुष्ट नहीं हो पा रहे हैं।
मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह का कहना है कि बच्चे के सैंपल की जांच में पोलियो नहीं मिला है। किसी अन्य बीमारी से उसके पैर सूख रहे हैं। जिनकी जांच के लिए टीम को भेजा जाएगा।
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हापुड़। गांव दयानतपुर में नौ वर्षीय मासूम को पोलियो की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा दिया। बच्चे के हाथ व पैर तेजी से सूख रहे हैं। परिजनों ने सरकारी अस्पताल के चिकित्सकों पर उपचार न करने तथा सैंपल रिपोर्ट न सौंपने का आरोप लगाया है। हालांकि डब्ल्यूएचओ ने जांच रिपोर्ट में पोलियो न होने का दावा किया है।
स्वास्थ्य अफसरों के अनुसार देश को पोलियो मुक्त घोषित किया जा चुका है। बीते आठ वर्ष से देश में पोलियो का कोई मरीज प्रकाश में नहीं आया है। ऐसे में हापुड़ के गांव दयानतपुर में एक बच्चे के पैर सूखने पर क्षेत्र में पोलियो फैलने की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग के अफसरों में हड़कंप मचा दिया।
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गांव दयानतपुर निवासी अमित कुमार का 9 वर्षीय पुत्र पीयूष कुमार इन दिनों असाधारण बीमारी की चपेट में आ गया है। उसके पैर और हाथ सूखते जा रहे हैं। परिजनों का कहना है कि निजी चिकित्सकों ने पीयूष को पोलियो होना बताया है।
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आरोप है कि गढ़ रोड सीएचसी में वह बच्चे को लेकर गए तो चिकित्सकों ने सैंपल ले लिए, लेकिन दो महीने बाद भी उन्हें रिपोर्ट नहीं दी जा सकी है और न ही बच्चे का उपचार शुरू किया गया है।
बेहद गरीब परिवार होने के कारण बच्चे के उपचार में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी अस्पतालों के चिकित्सक इस बीमारी को लेकर कतई गंभीर नहीं दिखाई पड़ रहे हैं।
हालांकि डब्ल्यूएचओ का दावा है कि उन्होंने बच्चे के सैंपलों की जांच करा ली है। दोनों ही सैंपल निगेटिव आए हैं, इससे स्पष्ट होता है कि बच्चे को पोलियो नहीं है। हालांकि यह रिपोर्ट अभी परिजनों को नहीं मिली है, जिसके चलते अभिभावक संतुष्ट नहीं हो पा रहे हैं।
मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह का कहना है कि बच्चे के सैंपल की जांच में पोलियो नहीं मिला है। किसी अन्य बीमारी से उसके पैर सूख रहे हैं। जिनकी जांच के लिए टीम को भेजा जाएगा।