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सड़क निर्माण में लेटलतीफी पर नोटिस
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हमीरपुर। बुंदेलखंड विकास निधि से वर्ष 2018-19 में स्वीकृत टिकरौली से बड़ागांव तीन किमी संपर्क मार्ग अभी तक बन नहीं सका है। 221 लाख की लागत से बनने वाली सड़क निर्माण को शासन ने करीब एक करोड़ की धनराशि दो वर्ष पूर्व जारी कर दी थी। लोनिवि ने कार्यदायी संस्था को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
कारीमाटी निवासी बबलू सिंह ने बताया कि दो वर्ष पूर्व तीन किमी संपर्क मार्ग स्वीकृति हुआ था। जिसमें ठेकेदार ने आधी अधूरी डस्ट डलवाकर काम बंद कर दिया था। बताया एक तरफ सरकार गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ने को प्रयासरत है। लेकिन विभाग की उदासीनता से उन लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है।
बड़ागांव निवासी बीडीसी प्रतिनिधि राजबहादुर पाल ने बताया कि बारिश के चार महीने मुश्किलों भरे गुजरते हैं। शहर आने जाने वालों व छात्र छात्राओं को 6 किमी का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है। कार्यदायी संस्था के ठेकेदार लाख पचास हजार की डस्ट डलवाकर रफूचक्कर हो गया।
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अधिशासी अभियंता लोनिवि एमएल वर्मा का कहना है कि कार्यदायी संस्था महालक्ष्मी कंस्ट्रक्शन इटावा को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। बताया कि यह मार्ग बुंदेलखंड विकास निधि से 221 लाख की लागत से बनना है। जिसमें एक करोड़ की धनराशि शासन स्तर से प्राप्त हो चुकी है।
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कारीमाटी निवासी बबलू सिंह ने बताया कि दो वर्ष पूर्व तीन किमी संपर्क मार्ग स्वीकृति हुआ था। जिसमें ठेकेदार ने आधी अधूरी डस्ट डलवाकर काम बंद कर दिया था। बताया एक तरफ सरकार गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ने को प्रयासरत है। लेकिन विभाग की उदासीनता से उन लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है।
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बड़ागांव निवासी बीडीसी प्रतिनिधि राजबहादुर पाल ने बताया कि बारिश के चार महीने मुश्किलों भरे गुजरते हैं। शहर आने जाने वालों व छात्र छात्राओं को 6 किमी का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है। कार्यदायी संस्था के ठेकेदार लाख पचास हजार की डस्ट डलवाकर रफूचक्कर हो गया।
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अधिशासी अभियंता लोनिवि एमएल वर्मा का कहना है कि कार्यदायी संस्था महालक्ष्मी कंस्ट्रक्शन इटावा को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। बताया कि यह मार्ग बुंदेलखंड विकास निधि से 221 लाख की लागत से बनना है। जिसमें एक करोड़ की धनराशि शासन स्तर से प्राप्त हो चुकी है।