सलेमपुर: राष्ट्रवाद के संग परिवर्तन की बयार, हमेशा से जातियां तय करती रही हैं सियासी भविष्य
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सलेमपुर का सियासी भविष्य हमेशा से जातियां तय करती रही हैं, मगर इस बार तस्वीर अलग है। जाति की बेड़ियों को तोड़कर मतदाता नई इबारत लिखने को आतुर हैं। चुनाव में ज्यादातर जगह अगर राष्ट्रवाद की लहर है तो कहीं परिवर्तन की बयार भी है। कोई सपा-बसपा के साथ को बड़ा राजनीतिक परिवर्तन के रूप में देख रहा है तो कोई मोदी सरकार को पांच वर्ष और देने का हिमायती है। सातवें चरण में 19 मई को मतदान से पहले ही मतदाता मुखर हो चुके हैं। उनका कहना है कि जाति की हवा में बहने की जो गलतियां सालों से करते आए हैं, इस दफा नहीं दोहराएंगे।
संसदीय सीट के अंतर्गत देवरिया के सलेमपुर व भाटपाररानी के साथ बलिया जिले की बेल्थरा रोड, बांसडीह और सिकंदरपुर विधानसभा क्षेत्र आते हैं। जनेश्वर मिश्र जैसे धाकड़ समाजवादी नेता भी यहां के जातिवादी समीकरणों में उलझकर मात खा चुके हैं। इस बार जातीय समीकरण इसलिए भी चुनौती नहीं है, क्योंकि भाजपा और सपा-बसपा गठबंधन ने कुशवाहा बिरादरी से ही उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं। भाजपा प्रत्याशी रवींद्र कुशवाहा मौजूदा सांसद भी हैं। उनके पिता हरिकेवल प्रसाद भी चार बार सांसद रह चुके हैं। हरिकेवल की छवि सर्वमान्य नेताओं की थी, लेकिन रवींद्र को कई जगह विरोध का सामना करना पड़ रहा है।
गठबंधन उम्मीदवार आरएस कुशवाहा बसपा के प्रदेश अध्यक्ष हैं। मूल रूप से लखीमपुर के निवासी आरएस कुशवाहा सोनिया गांधी के खिलाफ भी चुनाव लड़ चुके हैं। लिहाजा उन्हें जोड़-तोड़ का अच्छा अनुभव है। पहली बार वह सलेमपुर से मैदान में हैं और भाजपा को कड़ी टक्कर दे रहे हैं। उधर, वाराणसी के पूर्व सांसद डॉ. राजेश मिश्र के कांग्रेस के टिकट पर इस सीट से चुनाव मैदान में उतरने से लड़ाई दिलचस्प बन गई है। मूल रूप से जिले के ही कसली के निवासी राजेश ने कम दिनों में ही खुद को बेहतर ढंग से स्थापित किया है।
मोदी की वजह से वोट देना पड़ेगा
रामपुर बुजुर्ग के रामप्रीत कन्नौजिया का कहना था सांसद ने कोई ऐसा काम नहीं किया, जिससे उनके नाम पर वोट दिया जाए। लेकिन मोदी की वजह से हमें वोट देना पड़ेगा। सलेमपुर इंडस्ट्रीयल एस्टेट के समीप चाय की दुकान चलाने वाले झपसी शाह कहते हैं कि मेरे दादा मोहर भाई स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे, मगर क्या फायदा, चाय की दुकान से परिवार का खर्च चलता है। हम सांसद से संतुष्ट नहीं, लेकिन मोदी के नाम पर वोट देंगे। बिहार सीमा से सटे बनकटा ब्लाक के प्रताप छापर गांव की बीएड छात्रा शिवांगी मिश्र मोदी सरकार के कामकाज से संतुष्ट हैं। उन्हें यह सुकून है कि अब नौकरियों में जातिगत भेदभाव नहीं हो रहा। ज्ञानेश्वर पांडेय राष्ट्रवाद के नाम पर वोट देने का मन बना चुके हैं।
देश सही दिशा में चल रहा है
अघांव के संतोष कुशवाहा खुलकर तो कुछ नहीं कहते, लेकिन उनकी राय में देश सही दिशा में चल रहा है। बेल्थरा रोड के सुभाष चंद्र, धर्मेंद्र सोनी, संतोष तिवारी भी इससे सहमत दिखे। नेटुआ बीर चौराहे के चाय की दुकान में बैठे रामप्रीत प्रसाद का कहना था कि मोदी ने जितना विकास किया, उतना आज तक किसी ने पीएम ने नहीं किया। यहां लोग सांसद को नहीं, मोदी को वोट दे रहे हैं। लड़ाई सीधी भाजपा और गठबंधन की ही है।
जीएसटी ने व्यापार चौपट कर दिया
लार के सुनील कुशवाहा का कहना था कि भाजपा की नोटबंदी, जीएसटी जैसे फैसलों ने व्यापार को चौपट कर दिया। इस बार मोदी का जादू नहीं चलेगा। कपड़ा व्यापारी नफीस भी सरकार से नाराज दिखे। कहा कि अब समय आ गया है बटन दबाकर सरकार को जवाब देना है। गठबंधन ही यह सीट जीतेगी। भाटपाररानी क्षेत्र दास नरहरिया के नुक्कड़ पर मिले वाहिद अंसारी कहते हैं कि वह भाजपा को वोट क्यों दें। पांच साल में सांसद ने गांव में चेहरा नहीं दिखाया। इस बार भी अब तक कोई भाजपा की ओर से वोट मांगने नहीं आया। जब वो ही हमें नहीं मानते तो हम सिर क्यों फोड़ें।
'विकास सिर्फ अडानी-अंबानी का हुआ'
कांग्रेस की तरफ रुझान बढ़ रहा है
भाटपाररानी के शिक्षक राजेश तिवारी का कहना है कि जो लोग भाजपा से नाराज हैं, वह कांग्रेस की तरफ ही रुझान कर रहे हैं। प्रत्याशी उच्च शिक्षित और साफ-सुथरी छवि के हैं। इसकी चर्चा बढ़ रही है। सिकंदरपुर क्षेत्र के विनय कहते हैं कि यह देश का चुनाव है, प्रदेश का नहीं। ऐसे में गठबंधन को चुनना बेवकूफी है। चुनाव आते-आते कांग्रेस ही मुख्य लड़ाई में रहेगी। जमुआ नंबर दो के परवेज आलम ने कहा कि कांग्रेस के योग्य प्रत्याशी डॉ.राजेश मिश्र को हमारा वोट जाएगा। उनकी पकड़ ऊपर तक है। बड़े नेताओं की सभाओं से माहौल बदलेगा।
कुल मतदाता - 1970664
महिला - 895113
पुरुष - 1075480
जातीय समीकरण
दलित - ढाई लाख
ओबीसी - साढ़े सात लाख
सवर्ण - चार लाख
मुस्लिम - डेढ़ लाख
वर्ष 2014 का परिणाम-
रवींद्र कुशवाहा - भाजपा - 392213
रविशंकर सिंह पप्पू - बसपा - 159871
हरिवंश सहाय कुशवाहा - सपा - 159688
ओमप्रकाश राजभर - सुभासपा - 66084
सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली पांच विधानसभा सीटों में देवरिया की सलेमपुर व भाटपाररानी और बलिया जिले की बेल्थरा रोड, सिकंदरपुर व बांसडीह शामिल हैं।