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सोलर प्लांट से रोजाना 500 यूनिट बिजली बचाएगी रेलवे
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Fri, 01 Apr 2016 12:58 AM IST
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सेालर प्लांट
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गोरखपुर। सोलर प्लांट लगाकर रेलवे अब हर महीने 500 यूनिट बिजली बचाएगी। प्लांट से पैदा की गई बिजली का उपयोग रेलवे के दफ्तरों में होगा। बृहस्पतिवार को पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक राजीव मिश्र ने अपने कार्यालय में 100 किलोवाट क्षमता के ग्रिड से जड़े सोलर पैनल का उद्घाटन किया।
महाप्रबंधक के समक्ष पावर प्रजेंटेशन के जरिए मेसर्स सेंट्रल इलेक्ट्रानिक लिमिटेड के प्रतिनिधि ने बताया कि सोलर पैनल से प्रतिवर्ष लगभग एक लाख चालीस हजार यूनिट सोलर ऊर्जा तैयार होगी, जो ग्रिड में फीड की जाएगी।
इससे प्रतिवर्ष 128 टन से अधिक के उत्सर्जन से बचा जा सकेगा। यह पैनल 1200 वर्ग मीटर क्षेत्र में स्थापित है। इस सोलर प्लांट की लाइफ 25 वर्ष तथा पे बैक पीरियड आठ वर्ष से कम है। यह करीब प्रतिदिन 500 यूनिट बिजली बनाता है। इससे लगभग दस लाख रुपये प्रतिवर्ष की बिजली उत्पादित होती है।
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इसमें लगभग आठ वर्षों में कुल लागत निकल जाती है। इससे उत्पादित बिजली वातावरण फ्रेंडली, प्रदूषणमुक्त, नुकसानरहित और बचतपूर्ण होती है।
इस अवसर पर मुख्य विद्युत इंजीनियर आरके गुप्ता, अपर महाप्रबंधक एसएल वर्मा, वरिष्ठ उप महाप्रबंधक पीएन राय सहित प्रमुख विभागाध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
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महाप्रबंधक के समक्ष पावर प्रजेंटेशन के जरिए मेसर्स सेंट्रल इलेक्ट्रानिक लिमिटेड के प्रतिनिधि ने बताया कि सोलर पैनल से प्रतिवर्ष लगभग एक लाख चालीस हजार यूनिट सोलर ऊर्जा तैयार होगी, जो ग्रिड में फीड की जाएगी।
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इससे प्रतिवर्ष 128 टन से अधिक के उत्सर्जन से बचा जा सकेगा। यह पैनल 1200 वर्ग मीटर क्षेत्र में स्थापित है। इस सोलर प्लांट की लाइफ 25 वर्ष तथा पे बैक पीरियड आठ वर्ष से कम है। यह करीब प्रतिदिन 500 यूनिट बिजली बनाता है। इससे लगभग दस लाख रुपये प्रतिवर्ष की बिजली उत्पादित होती है।
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इसमें लगभग आठ वर्षों में कुल लागत निकल जाती है। इससे उत्पादित बिजली वातावरण फ्रेंडली, प्रदूषणमुक्त, नुकसानरहित और बचतपूर्ण होती है।
इस अवसर पर मुख्य विद्युत इंजीनियर आरके गुप्ता, अपर महाप्रबंधक एसएल वर्मा, वरिष्ठ उप महाप्रबंधक पीएन राय सहित प्रमुख विभागाध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।